By using this site, you agree to the Privacy Policy and Terms of Use.
Accept
The Hill IndiaThe Hill IndiaThe Hill India
Notification Show More
Font ResizerAa
  • होम
  • फीचर्ड
  • उत्तराखंड
  • देश
  • विदेश
  • राजनीति
  • पर्यावरण
  • क्राइम
  • पर्यटन
  • शिक्षा
  • स्वास्थय
  • सामाजिक
  • स्पोर्ट्स
  • वीडियो
  • Contact Us
Reading: ईरान ने अमेरिका के साथ शांति वार्ता ठुकराई, ट्रंप की ‘पावर प्लांट’ तबाह करने की धमकी से दहला तेहरान
Share
Font ResizerAa
The Hill IndiaThe Hill India
  • होम
  • फीचर्ड
  • उत्तराखंड
  • देश
  • विदेश
  • राजनीति
  • पर्यावरण
  • क्राइम
  • पर्यटन
  • शिक्षा
  • स्वास्थय
  • सामाजिक
  • स्पोर्ट्स
  • वीडियो
  • Contact Us
Search
  • होम
  • फीचर्ड
  • उत्तराखंड
  • देश
  • विदेश
  • राजनीति
  • पर्यावरण
  • क्राइम
  • पर्यटन
  • शिक्षा
  • स्वास्थय
  • सामाजिक
  • स्पोर्ट्स
  • वीडियो
  • Contact Us
Have an existing account? Sign In
Follow US
The Hill India > Blog > फीचर्ड > ईरान ने अमेरिका के साथ शांति वार्ता ठुकराई, ट्रंप की ‘पावर प्लांट’ तबाह करने की धमकी से दहला तेहरान
फीचर्डविदेश

ईरान ने अमेरिका के साथ शांति वार्ता ठुकराई, ट्रंप की ‘पावर प्लांट’ तबाह करने की धमकी से दहला तेहरान

The Hill India News
Last updated: April 20, 2026 2:49 am
The Hill India News
Published: April 20, 2026
Share
SHARE

तेहरान/वाशिंगटन: पश्चिम एशिया (मिडिल ईस्ट) की भू-राजनीति एक ऐसे मोड़ पर आ खड़ी हुई है, जहां से शांति की राहें धुंधली और युद्ध के बादल घने नजर आ रहे हैं। पाकिस्तान की राजधानी इस्लामाबाद में सोमवार को होने वाली ईरान और अमेरिका के बीच दूसरे दौर की प्रस्तावित शांति वार्ता शुरू होने से पहले ही धराशायी हो गई है। ईरान ने अचानक इस वार्ता में शामिल होने से इनकार कर दिया है, जिसके बाद राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के सख्त तेवरों ने अंतरराष्ट्रीय स्तर पर खलबली मचा दी है।

Contents
वार्ता की मेज से क्यों पीछे हटा ईरान?ट्रंप का ‘ट्रुथ सोशल’ पर रौद्र रूप: “तबाद कर देंगे पावर प्लांट और पुल”होर्मुज जलडमरूमध्य में गोलीबारी ने बिगाड़ा खेलमिडिल ईस्ट में गहराता संकट: जानकारों की राय

वार्ता की मेज से क्यों पीछे हटा ईरान?

ईरान की आधिकारिक समाचार एजेंसी Islamic Republic News Agency (IRNA) ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ (पूर्व में ट्विटर) पर एक आधिकारिक बयान जारी कर दुनिया को चौंका दिया। ईरान ने स्पष्ट किया है कि वह इस्लामाबाद वार्ता में अनुपस्थित रहेगा।

ईरान ने इस फैसले के पीछे वाशिंगटन की “अत्यधिक मांगों और अवास्तविक अपेक्षाओं” को जिम्मेदार ठहराया है। तेहरान का आरोप है कि अमेरिकी प्रशासन अपने रुख में लगातार बदलाव कर रहा है और उसके बयानों में भारी विरोधाभास है। इसके अलावा, ईरान ने अमेरिका द्वारा जारी नौसैनिक नाकाबंदी को मौजूदा संघर्षविराम (Ceasefire) का स्पष्ट उल्लंघन करार दिया है। ईरान का मानना है कि दबाव की रणनीति के बीच सार्थक बातचीत संभव नहीं है।

ट्रंप का ‘ट्रुथ सोशल’ पर रौद्र रूप: “तबाद कर देंगे पावर प्लांट और पुल”

ईरान के इस कदम से पहले ही अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने अपने चिर-परिचित आक्रामक अंदाज में तेहरान को चेतावनी दी थी। ट्रंप ने अपने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘ट्रुथ सोशल’ (Truth Social) पर पोस्ट करते हुए कहा था कि अगर ईरान ने इस बार प्रस्तावित शांति समझौते को ठुकराया, तो इसका अंजाम बेहद घातक होगा।

ट्रंप ने सीधे तौर पर धमकी देते हुए कहा, “हमारी टीम सोमवार को इस्लामाबाद जा रही है। हमने एक नई, पारदर्शी और उचित डील पेश की है। अगर ईरानियों ने इसे स्वीकार नहीं किया, तो अमेरिका उनके पावर प्लांट और प्रमुख पुलों को नष्ट कर देगा।” ट्रंप का यह बयान साफ संकेत देता है कि अमेरिका अब ‘सॉफ्ट डिप्लोमेसी’ के बजाय सैन्य बल के इस्तेमाल के करीब पहुंच गया है।

होर्मुज जलडमरूमध्य में गोलीबारी ने बिगाड़ा खेल

तनाव की एक बड़ी वजह होर्मुज जलडमरूमध्य (Strait of Hormuz) में हुई हालिया हिंसक घटना भी है। राष्ट्रपति ट्रंप ने दावा किया कि ईरान ने अंतरराष्ट्रीय जलक्षेत्र में गोलीबारी कर संघर्षविराम की शर्तों का उल्लंघन किया है। रिपोर्टों के अनुसार, इन हमलों में एक फ्रांसीसी जहाज और ब्रिटेन के एक मालवाहक जहाज (Freighter) को निशाना बनाया गया था। अमेरिका इसे वैश्विक व्यापार मार्ग पर हमला मान रहा है, जबकि ईरान इसे अपनी संप्रभुता की रक्षा की कार्रवाई बता रहा है।

मिडिल ईस्ट में गहराता संकट: जानकारों की राय

राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि ईरान का वार्ता से पीछे हटना और अमेरिका की सीधी सैन्य धमकी, मिडिल ईस्ट को एक नए और भीषण युद्ध की ओर धकेल रही है। वर्तमान युद्धविराम की समय सीमा समाप्त होने में कुछ ही दिन शेष हैं। ऐसे में कूटनीति के विफल होने का मतलब है कि क्षेत्र में इजरायल, ईरान और अमेरिका के बीच सैन्य संघर्ष की संभावनाएं अब पहले से कहीं अधिक प्रबल हो गई हैं।

इस्लामाबाद वार्ता से शांति की जो उम्मीद बंधी थी, वह अब कूटनीतिक गतिरोध (Deadlock) में बदल गई है। वाशिंगटन ने इस पर अभी आधिकारिक रूप से अगला कदम स्पष्ट नहीं किया है, लेकिन ट्रंप की धमकी को देखते हुए पेंटागन की गतिविधियों पर पूरी दुनिया की नजरें टिकी हुई हैं।

ईरान का यह फैसला वैश्विक बाजारों, खासकर कच्चे तेल की कीमतों को प्रभावित कर सकता है। अगर होर्मुज जलडमरूमध्य में तनाव बढ़ता है, तो वैश्विक आपूर्ति श्रृंखला ठप हो सकती है। फिलहाल, गेंद वाशिंगटन के पाले में है। क्या अमेरिका अपनी धमकी पर अमल करेगा या कूटनीति के लिए कोई तीसरा रास्ता खोजा जाएगा? आने वाले 24 घंटे मिडिल ईस्ट के भविष्य के लिए निर्णायक साबित होने वाले हैं।

You Might Also Like

वरिष्ठ आईपीएस अधिकारी संजय पांडे होंगे मुंबई के नए पुलिस प्रमुख…
उत्तराखंड को केंद्र से 615 करोड़ की विशेष पूंजीगत सहायता, पहली किश्त में 380.20 करोड़ जारी
बिहार विधानसभा चुनाव 2025: बीजेपी की दूसरी सूची जारी, मैथिली ठाकुर और IPS आनंद मिश्रा को मिला टिकट
नई दिल्ली : प्रचार के लिए आज गुजरात जाएंगे शशि थरूर
New Delhi: मणिपुर में फिर से सुरक्षा बलों और उग्रवादियों के बीच मुठभेड़
TAGGED:Iran Israel war updateIRNA News.Islamabad peace talksStrait of Hormuz disputeTrump's warning to Iran
Share This Article
Facebook Email Print
Leave a Comment

Leave a Reply Cancel reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Follow US

Find US on Social Medias
FacebookLike
XFollow
YoutubeSubscribe
TelegramFollow
Popular News
देशफीचर्ड

ऐतिहासिक फैसला! राष्ट्रपति मुर्मू ने एंटी-पेपर लीक कानून को दी मंजूरी, अब 2 महीने में जांच, 3 महीने में फैसला और 10 साल तक की जेल

The Hill India News
The Hill India News
August 1, 2026
गलत नंबर पर हो गया मोबाइल रिचार्ज? घबराएं नहीं! Airtel और Jio यूजर्स ऐसे वापस पा सकते हैं अपने पैसे, जानिए पूरा प्रोसेस
संसद के ‘भगवा प्रदर्शन’ पर कानूनी शिकंजा: राहुल गांधी, पप्पू यादव और अवधेश प्रसाद के खिलाफ केस दर्ज, धार्मिक भावनाएं आहत करने का आरोप
सृष्टि कंडारी मौत मामला: अब CB-CID करेगी हर पहलू की जांच, सीएम धामी के बड़े फैसले से बढ़ी न्याय की उम्मीद; देवप्रयाग विधायक की मांग पर हुई कार्रवाई
देहरादून की चर्चित सृष्टि कंडारी मौत मामला: पति और ननद गिरफ्तार, सास की भूमिका जांच के घेरे में; वीडियो बना जांच का सबसे अहम सबूत
E20 फ्यूल पर देशभर में सियासी घमासान: केजरीवाल ने सरकार के सामने रखीं 3 बड़ी मांगें, कहा- ‘शुद्ध पेट्रोल का विकल्प दो, E20 सस्ता करो’
यूपी पुलिस में बड़ा प्रशासनिक फेरबदल: लखनऊ से वाराणसी और गोरखपुर तक 15 वरिष्ठ IPS अधिकारियों के तबादले, कई ADG को मिली नई जिम्मेदारी
मसूरी में 200 साल पुरानी कब्रगाह पर प्रशासन का एक्शन: अंतिम नमाज स्थल भी हटाया गया, विरोध में सड़क पर उतरा मुस्लिम समुदाय; जानिए पूरा मामला
लिपुलेख दर्रे से फिर गूंजा व्यापार का इतिहास: भारत-तिब्बत सीमा व्यापार का शुभारंभ, पहला भारतीय दल पहुंचा तकलाकोट; सीमांत क्षेत्रों की अर्थव्यवस्था को मिलेगी नई रफ्तार
’30 करोड़ का इनाम भी दान कर दिया’: जानिए उस महान इंसान की कहानी, जिन्हें सुपरस्टार रजनीकांत ने कहा- ‘मैं आपको पिता का दर्जा देना चाहता हूं’
© The Hill India. All Rights Reserved | Developed By: Tech Yard Labs
Welcome Back!

Sign in to your account

Username or Email Address
Password

Lost your password?