By using this site, you agree to the Privacy Policy and Terms of Use.
Accept
The Hill IndiaThe Hill IndiaThe Hill India
Notification Show More
Font ResizerAa
  • होम
  • फीचर्ड
  • उत्तराखंड
  • देश
  • विदेश
  • राजनीति
  • पर्यावरण
  • क्राइम
  • पर्यटन
  • शिक्षा
  • स्वास्थय
  • सामाजिक
  • स्पोर्ट्स
  • वीडियो
  • Contact Us
Reading: बंगाल चुनाव में पक्षपात के आरोप: 5 पुलिसकर्मी निलंबित, चुनाव आयोग की सख्त कार्रवाई से प्रशासन में हड़कंप
Share
Font ResizerAa
The Hill IndiaThe Hill India
  • होम
  • फीचर्ड
  • उत्तराखंड
  • देश
  • विदेश
  • राजनीति
  • पर्यावरण
  • क्राइम
  • पर्यटन
  • शिक्षा
  • स्वास्थय
  • सामाजिक
  • स्पोर्ट्स
  • वीडियो
  • Contact Us
Search
  • होम
  • फीचर्ड
  • उत्तराखंड
  • देश
  • विदेश
  • राजनीति
  • पर्यावरण
  • क्राइम
  • पर्यटन
  • शिक्षा
  • स्वास्थय
  • सामाजिक
  • स्पोर्ट्स
  • वीडियो
  • Contact Us
Have an existing account? Sign In
Follow US
The Hill India > Blog > देश > बंगाल चुनाव में पक्षपात के आरोप: 5 पुलिसकर्मी निलंबित, चुनाव आयोग की सख्त कार्रवाई से प्रशासन में हड़कंप
देशफीचर्ड

बंगाल चुनाव में पक्षपात के आरोप: 5 पुलिसकर्मी निलंबित, चुनाव आयोग की सख्त कार्रवाई से प्रशासन में हड़कंप

The Hill India News
Last updated: April 25, 2026 4:17 am
The Hill India News
Published: April 25, 2026
Share
SHARE

पश्चिम बंगाल में हाल ही में हुए विधानसभा चुनाव के पहले चरण के दौरान कथित पक्षपात और अनुशासनहीनता के गंभीर आरोपों के बाद चुनाव आयोग ने बड़ा कदम उठाया है। 23 अप्रैल को हुए मतदान के दौरान निष्पक्षता बनाए रखने में विफल रहने और दुर्व्यवहार के आरोपों के चलते पांच पुलिस अधिकारियों को निलंबित कर दिया गया है। इन अधिकारियों में एक आईपीएस अधिकारी सहित एसडीपीओ और थाना प्रभारी स्तर के अधिकारी शामिल हैं। चुनाव आयोग के निर्देश के बाद राज्य प्रशासन ने तत्काल प्रभाव से यह कार्रवाई की है, जिससे पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया है।

जानकारी के अनुसार, चुनाव आयोग ने मतदान के दिन प्राप्त शिकायतों और शुरुआती जांच रिपोर्ट के आधार पर यह पाया कि कुछ अधिकारी अपने कर्तव्यों के निर्वहन में निष्पक्षता नहीं बरत रहे थे। कई जगहों पर मतदाताओं के साथ दुर्व्यवहार और राजनीतिक पक्षपात की शिकायतें भी सामने आई थीं। इसके बाद आयोग ने सख्त रुख अपनाते हुए संबंधित अधिकारियों के खिलाफ निलंबन और अनुशासनात्मक कार्रवाई के निर्देश जारी किए थे।

निलंबित किए गए अधिकारियों की सूची में डायमंड हार्बर क्षेत्र से जुड़े कई नाम शामिल हैं। इनमें संदीप गरई (आईपीएस, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक, डायमंड हार्बर), सजल मंडल (एसडीपीओ, डायमंड हार्बर), मौसम चक्रवर्ती (प्रभारी निरीक्षक, डायमंड हार्बर थाना), अजय बाग (प्रभारी निरीक्षक, फाल्टा थाना) और सुभेच्छा बाग (प्रभारी अधिकारी, उस्ती थाना) शामिल हैं। इन सभी अधिकारियों पर चुनाव प्रक्रिया के दौरान पक्षपातपूर्ण व्यवहार और कर्तव्य में लापरवाही बरतने के आरोप लगे हैं।

चुनाव आयोग ने स्पष्ट किया है कि लोकतांत्रिक प्रक्रिया की निष्पक्षता सर्वोपरि है और इसमें किसी भी प्रकार की लापरवाही या पक्षपात को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। आयोग ने राज्य सरकार को निर्देश दिया है कि सभी आरोपों की विस्तृत जांच की जाए और आवश्यकता पड़ने पर आगे भी सख्त कार्रवाई सुनिश्चित की जाए। साथ ही यह भी संकेत दिया गया है कि यदि जांच में गंभीर अनियमितताएं साबित होती हैं, तो संबंधित अधिकारियों के खिलाफ और भी कठोर कदम उठाए जा सकते हैं।

इस पूरे मामले में डायमंड हार्बर की पुलिस अधीक्षक डॉ. ईशानी पाल को भी चेतावनी दी गई है। आयोग ने कहा है कि चुनाव जैसे संवेदनशील और महत्वपूर्ण कार्य में अपने अधीनस्थ अधिकारियों पर नियंत्रण रखना और निष्पक्षता सुनिश्चित करना उनकी जिम्मेदारी थी, जिसमें वे पूरी तरह सफल नहीं रहीं। इसी कारण उन्हें चेतावनी पत्र जारी किया गया है।

सूत्रों के अनुसार, चुनाव के दौरान कई स्थानों पर छिटपुट हिंसा और झड़प की घटनाएं भी सामने आई थीं। कुछ जगहों पर राजनीतिक दलों के बीच तनाव बढ़ने के साथ ही मारपीट और हमले की घटनाएं भी दर्ज की गईं। विशेष रूप से डायमंड हार्बर क्षेत्र में स्थिति अधिक तनावपूर्ण रही, जहां भाजपा उम्मीदवारों पर हमले और धक्का-मुक्की की शिकायतें भी मिलीं। एक मामले में तो उम्मीदवार को दौड़ाकर पीटे जाने की भी खबर सामने आई थी, जिसने चुनावी माहौल को और अधिक तनावपूर्ण बना दिया।

चुनाव आयोग की इस कार्रवाई को प्रशासनिक स्तर पर एक बड़ा संदेश माना जा रहा है कि चुनावी प्रक्रिया में किसी भी प्रकार की अनियमितता को गंभीरता से लिया जाएगा। यह कार्रवाई न केवल संबंधित अधिकारियों के लिए चेतावनी है, बल्कि पूरे प्रशासनिक ढांचे के लिए भी एक संकेत है कि निष्पक्षता और पारदर्शिता से कोई समझौता नहीं किया जाएगा।

राजनीतिक हलकों में भी इस कार्रवाई को लेकर प्रतिक्रियाएं सामने आ रही हैं। विपक्षी दलों ने इसे लोकतंत्र की मजबूती के लिए आवश्यक कदम बताया है, जबकि कुछ स्थानीय स्तर पर इसे राजनीतिक दबाव से जोड़कर भी देखा जा रहा है। हालांकि चुनाव आयोग ने स्पष्ट कर दिया है कि सभी निर्णय केवल तथ्यों और रिपोर्टों के आधार पर लिए गए हैं, और इसमें किसी भी प्रकार की राजनीतिक भूमिका नहीं है।

फिलहाल सभी निलंबित अधिकारी जांच के दायरे में हैं और उनके खिलाफ आगे की अनुशासनात्मक कार्रवाई की प्रक्रिया जारी है। मामले की गंभीरता को देखते हुए आने वाले दिनों में और भी खुलासे होने की संभावना जताई जा रही है।

You Might Also Like

लोकसभा चुनाव से पहले मायावती को बड़ा झटका, BSP सांसद पार्टी नेता के साथ बीजेपी में शामिल हुईं
डिंपल यादव पर मौलाना साजिद रशीदी की टिप्पणी से संसद के बाहर घमासान, बीजेपी ने अखिलेश को घेरा
तमिलनाडु : नारियल की खेती को बढ़ावा देने के लिए किसानों को हरसंभव सहायता देगी केंद्र सरकार : तोमर
यमुना एक्सप्रेसवे पर भीषण हादसा: ईको कार और ट्रक की टक्कर में 6 की मौत, बस पलटने से 10 घायल
Uttarakhand: आतंकी हमले में उत्तराखंड के पांच जवानों की शहादत पर मुख्यमंत्री ने जताया गहरा दुख
TAGGED:Bengal ElectionsElection Bias AllegationsElection CommissionPolice Suspension
Share This Article
Facebook Email Print
Leave a Comment

Leave a Reply Cancel reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Follow US

Find US on Social Medias
FacebookLike
XFollow
YoutubeSubscribe
TelegramFollow
Popular News
उत्तराखंडफीचर्ड

स्थापना दिवस पर कैंची धाम में आस्था का महाकुंभ: बाबा नीब करौरी के दर्शन को उमड़ा श्रद्धालुओं का रेला, सुरक्षा में एटीएस और भारी पुलिस बल तैनात

The Hill India News
The Hill India News
June 15, 2026
‘लड़की हूँ फंसा दूँगी’ की धमकी देने वाली महिला पोस्टमैन पर सख्त कार्रवाई: पिथौरागढ़ में दो महीने से दबा रखी थी डाक, वायरल वीडियो के बाद निलंबन
राहुल गांधी के जन्मदिन पर कांग्रेस का बड़ा दांव: 19 जून को दिल्ली में ‘महा रोजगार मेला’, ऑन-द-स्पॉट नियुक्तियों के साथ युवाओं को साधने की तैयारी
उत्तराखंड चारधाम यात्रा के 56 दिनों में 190 श्रद्धालुओं की मौत, कोमोरबिडिटी और हाई-रिस्क वाले यात्री बढ़ा रहे खतरा
बिहार में परीक्षा से पहले ‘रणक्षेत्र’ बने दानापुर और पाटलिपुत्र स्टेशन: ट्रेन लेट होने पर छात्रों का भारी पथराव, IG समेत कई पुलिसकर्मी घायल, इंजन तोड़ा
कैंचीधाम स्थापना दिवस से पहले भारी बवाल: ड्यूटी पर तैनात सिपाहियों पर छेड़खानी का आरोप, उग्र भीड़ ने की पिटाई, पुलिस चौकी घेरी
‘मोदी सरकार के 12 साल: विश्वास, विकास और जनकल्याण की मिसाल’, खटीमा में सीएम धामी ने गिनाईं उपलब्धियां, कहा- विश्व पटल पर मजबूत हुआ भारत
आस्था का सैलाब और मौसम की चुनौती: तुंगनाथ धाम में उमड़ा श्रद्धालुओं का हुजूम, चंद्रशिला ट्रैक पर दोपहर 12 बजे के बाद नो-एंट्री
राहुल गांधी के रद्द उत्तराखंड दौरे पर सियासी घमासान: सीएम धामी और कांग्रेस में ‘सुरक्षा प्रोटोकॉल’ बनाम ‘चुनावी पर्यटन’ की जंग
उत्तराखंड में लागू हुई ‘महक क्रांति नीति 2026’, चंपावत-नैनीताल में बनेगी देश की पहली ‘सिनेमन वैली’; 91,000 किसानों की बदलेगी किस्मत
© The Hill India. All Rights Reserved | Developed By: Tech Yard Labs
Welcome Back!

Sign in to your account

Username or Email Address
Password

Lost your password?