लक्सर (उत्तराखंड): चारधाम यात्रा से लौट रहे एक परिवार की खुशियां उस समय मातम और चिंता में बदल गईं, जब देहरादून से गाजियाबाद जा रही नंदा देवी एक्सप्रेस से 29 वर्षीया एक महिला संदिग्ध परिस्थितियों में लापता हो गई। घटना को 40 घंटे से अधिक का समय बीत चुका है, लेकिन पुलिस और रेलवे सुरक्षा बलों के हाथ अब तक खाली हैं। इस पूरे मामले ने तब तूल पकड़ लिया जब परिजनों ने लक्सर रेलवे स्टेशन की सुरक्षा व्यवस्था की पोल खोलते हुए अधिकांश सीसीटीवी कैमरों के बंद होने का सनसनीखेज आरोप लगाया।
केदारनाथ दर्शन के बाद वापसी में हुआ हादसा
कानपुर के नौबस्ता थाना क्षेत्र की रहने वाली 29 वर्षीया महिला अपने पति के साथ बाबा केदारनाथ के दर्शन कर वापस लौट रही थी। 5 मई 2026 को यह दंपति देहरादून से नंदा देवी एक्सप्रेस में सवार होकर गाजियाबाद के लिए रवाना हुआ था। परिजनों के अनुसार, रात करीब 12 बजे जब ट्रेन बहादुरपुर आउटर और लक्सर रेलवे क्षेत्र के मध्य थी, तभी महिला अचानक कोच से लापता हो गई।
ट्रेन में महिला की काफी तलाश की गई, लेकिन कोई सुराग न मिलने पर अफरा-तफरी मच गई। मोबाइल सर्विलांस के आधार पर महिला की अंतिम लोकेशन लक्सर के आसपास पाई गई है, जिसके बाद से ही पुलिस की जांच इसी क्षेत्र पर केंद्रित है।
रेलवे स्टेशन पर सुरक्षा की खुली पोल: कैमरों पर रार
लापता महिला की तलाश में जुटे परिजनों को तब तगड़ा झटका लगा जब वे सुराग ढूंढने के लिए लक्सर रेलवे स्टेशन के सीसीटीवी कंट्रोल रूम पहुंचे। परिजनों का आरोप है कि स्टेशन परिसर में लगे अधिकांश महत्वपूर्ण सीसीटीवी कैमरे बंद पड़े हैं। इस लापरवाही को लेकर परिजनों और लक्सर स्टेशन अधीक्षक केआर मीना के बीच तीखी बहस भी हुई।
परिजनों ने आक्रोश जताते हुए कहा कि वर्तमान में उत्तराखंड में चारधाम यात्रा चरम पर है और हजारों श्रद्धालु प्रतिदिन इस मार्ग का उपयोग कर रहे हैं। ऐसे में महत्वपूर्ण रेलवे स्टेशन की सुरक्षा को ‘भगवान भरोसे’ छोड़ना रेलवे प्रशासन की बड़ी चूक है। यदि कैमरे सुचारू होते, तो शायद यह पता चल जाता कि महिला ट्रेन से उतरी है या किसी अनहोनी का शिकार हुई है।
सघन तलाशी अभियान जारी
मामले की गंभीरता को देखते हुए लक्सर पुलिस, जीआरपी (GRP) और आरपीएफ (RPF) की संयुक्त टीमें गठित की गई हैं। पुलिस द्वारा रेलवे ट्रैक के किनारे झाड़ियों, आसपास के होटलों, धर्मशालाओं और अस्पतालों में सर्च ऑपरेशन चलाया जा रहा है।
“महिला की गुमशुदगी दर्ज कर मामले की गंभीरता से जांच की जा रही है। हमारी टीमें लगातार जुटी हुई हैं और हर संभावित पहलू, चाहे वह तकनीकी हो या स्थानीय इनपुट, पर गौर किया जा रहा है।” — प्रवीण सिंह कोश्यारी, लक्सर कोतवाली प्रभारी
परिजनों ने लगाई न्याय की गुहार
लापता महिला के भाई और जेठ ने रेलवे पुलिस से जल्द से जल्द महिला को खोज निकालने की अपील की है। उन्होंने रेलवे और सुरक्षा एजेंसियों पर लापरवाही का आरोप लगाते हुए कहा कि शुरुआती घंटों में मिली ढिलाई के कारण महत्वपूर्ण साक्ष्य हाथ से निकल गए हैं।
फिलहाल, लक्सर पुलिस स्थानीय लोगों से पूछताछ कर रही है और उस क्षेत्र के निजी प्रतिष्ठानों के सीसीटीवी फुटेज भी खंगाले जा रहे हैं जहां महिला के मोबाइल की अंतिम लोकेशन मिली थी।



