अयोध्या। उत्तर प्रदेश की आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं और सहायिकाओं के लिए मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने बड़ा ऐलान किया है। अयोध्या में आयोजित एक कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री ने आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं के मानदेय में महत्वपूर्ण बढ़ोतरी की घोषणा की। अब आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं को 8 हजार रुपये के बजाय 12 हजार रुपये प्रतिमाह मानदेय दिया जाएगा। मुख्यमंत्री के इस ऐलान को प्रदेश में बड़ी संख्या में आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं के लिए राहत और प्रोत्साहन के तौर पर देखा जा रहा है।
कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि आंगनबाड़ी केंद्रों की व्यवस्था को मजबूत करना सरकार की प्राथमिकताओं में शामिल है। उन्होंने कहा कि आंगनबाड़ी कार्यकर्ता और सहायिकाएं जमीनी स्तर पर बच्चों, महिलाओं और परिवारों से जुड़ी महत्वपूर्ण जिम्मेदारी निभाती हैं। सरकार की विभिन्न योजनाओं का लाभ जरूरतमंद लोगों तक पहुंचाने में आंगनबाड़ी व्यवस्था की महत्वपूर्ण भूमिका है। इसी को ध्यान में रखते हुए कार्यकर्ताओं के मानदेय में बढ़ोतरी का फैसला किया गया है।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने अपने संबोधन में वर्ष 2017 से पहले की स्थिति का जिक्र करते हुए कहा कि उस समय प्रदेश के कई आंगनबाड़ी केंद्रों की हालत बेहद खराब थी। उन्होंने दावा किया कि अनेक केंद्र जर्जर स्थिति में थे और वहां व्यवस्थाओं का अभाव था। बच्चों को मूलभूत सुविधाएं तक उपलब्ध नहीं हो पाती थीं। मुख्यमंत्री ने कहा कि जब पोषण सामग्री और अन्य सुविधाएं समय पर केंद्रों तक नहीं पहुंचती थीं तो इसका खामियाजा आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं और सहायिकाओं को भुगतना पड़ता था।
उन्होंने आरोप लगाया कि पिछली सरकारों के समय आंगनबाड़ी केंद्रों से जुड़ी व्यवस्थाओं में अनियमितताएं थीं। मुख्यमंत्री ने कहा कि केंद्र सरकार की ओर से योजनाओं के लिए धन उपलब्ध कराया जाता था, लेकिन राज्य स्तर पर व्यवस्था ठीक नहीं होने के कारण उसका सही लाभ लोगों तक नहीं पहुंच पाता था। उन्होंने दावा किया कि पोषाहार और रेसिपी की आपूर्ति में भी अनियमितताओं की शिकायतें सामने आती थीं और इसकी बदनामी आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं को झेलनी पड़ती थी।
सीएम योगी ने कहा कि सरकार ने पिछले वर्षों में आंगनबाड़ी केंद्रों की व्यवस्था को सुधारने के लिए कई कदम उठाए हैं। उनका कहना था कि अब इन केंद्रों को केवल औपचारिक केंद्रों के रूप में नहीं, बल्कि बच्चों के पोषण, प्रारंभिक शिक्षा और स्वास्थ्य से जुड़ी महत्वपूर्ण व्यवस्था के रूप में विकसित किया जा रहा है। सरकार का प्रयास है कि बच्चों को बेहतर वातावरण मिले और आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं को भी उनके काम के अनुरूप सम्मान और सहयोग प्राप्त हो।
मुख्यमंत्री ने कहा कि पहले आंगनबाड़ी केंद्रों में आने वाले छोटे बच्चों को कई बार अपना टाट लेकर आना पड़ता था। उन्होंने कहा कि कई केंद्रों पर पेयजल जैसी मूलभूत सुविधाओं का भी अभाव था। गुणवत्तापूर्ण पोषण सामग्री उपलब्ध कराने की व्यवस्था भी ठीक नहीं थी। मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार ने इस स्थिति को बदलने का काम किया है और अब आंगनबाड़ी केंद्रों में बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराने पर जोर दिया जा रहा है।
मानदेय बढ़ाने की घोषणा को इसी दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है। 8 हजार रुपये से बढ़ाकर 12 हजार रुपये मानदेय किए जाने का मतलब है कि आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं को हर महीने 4 हजार रुपये की अतिरिक्त राशि मिलेगी। ऐसे में इस घोषणा से कार्यकर्ताओं के बीच उत्साह बढ़ने की उम्मीद है। आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं की लंबे समय से यह मांग रही है कि उनके काम और जिम्मेदारियों को देखते हुए मानदेय में बढ़ोतरी की जाए।
अपने संबोधन में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने केवल आंगनबाड़ी व्यवस्था की बात नहीं की, बल्कि अयोध्या के विकास का भी विस्तार से जिक्र किया। उन्होंने कहा कि कुछ वर्ष पहले की अयोध्या और आज की अयोध्या में काफी अंतर आया है। मुख्यमंत्री ने दावा किया कि पहले शहर में सड़क, बिजली और अन्य बुनियादी सुविधाओं को लेकर लोगों को परेशानियों का सामना करना पड़ता था।
सीएम योगी ने कहा कि पहले अयोध्या जैसे विश्व प्रसिद्ध धार्मिक स्थल में भी बिजली की व्यवस्था संतोषजनक नहीं थी। उन्होंने दावा किया कि कई बार शहर के लोगों को लंबे समय तक बिजली कटौती का सामना करना पड़ता था। मुख्यमंत्री ने कहा कि उनकी सरकार ने अयोध्या के विकास को प्राथमिकता देते हुए सड़क, बिजली, रेलवे और हवाई सेवाओं सहित कई क्षेत्रों में काम किया है।
मुख्यमंत्री ने अयोध्या में हुए विकास कार्यों का उल्लेख करते हुए कहा कि सड़कों के चौड़ीकरण का काम किया गया, रेलवे स्टेशन का निर्माण और विस्तार हुआ तथा महर्षि वाल्मीकि के नाम पर एयरपोर्ट का निर्माण किया गया। उन्होंने कहा कि आज अयोध्या में पहले की तुलना में बेहतर सड़क और परिवहन सुविधाएं मौजूद हैं और शहर को अंतरराष्ट्रीय स्तर के धार्मिक एवं पर्यटन केंद्र के रूप में विकसित किया जा रहा है।
अपने भाषण के दौरान मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने समाजवादी पार्टी पर भी जमकर निशाना साधा। उन्होंने आरोप लगाया कि अयोध्या में विकास कार्य शुरू किए जाने के दौरान समाजवादी पार्टी की ओर से विरोध किया गया। मुख्यमंत्री ने कहा कि सड़क चौड़ीकरण, रेलवे स्टेशन और एयरपोर्ट जैसे विकास कार्यों को लेकर भी विरोध की राजनीति की गई।
सीएम योगी ने समाजवादी पार्टी और कांग्रेस पर राम मंदिर आंदोलन को लेकर भी गंभीर आरोप लगाए। उन्होंने कहा कि इन दलों ने अयोध्या में राम मंदिर निर्माण का विरोध किया और रामभक्तों पर कार्रवाई की गई। मुख्यमंत्री ने कहा कि उनकी सरकार ने विकास के साथ-साथ अयोध्या की धार्मिक और सांस्कृतिक विरासत को भी आगे बढ़ाने का काम किया है।
उन्होंने कहा कि विरोध के बावजूद अयोध्या में भव्य राम मंदिर का निर्माण हुआ और शहर में बड़े पैमाने पर विकास कार्य जारी हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि अब अयोध्या में चार लेन की सड़कें, बेहतर रेलवे कनेक्टिविटी और एयरपोर्ट जैसी सुविधाएं उपलब्ध हैं। उन्होंने यह भी कहा कि राम की पैड़ी में जल की व्यवस्था को बेहतर किया गया है, जिससे पानी के ठहराव और गंदा होने की समस्या को दूर करने का प्रयास किया गया है।
मुख्यमंत्री ने अयोध्या को सोलर सिटी के रूप में विकसित किए जाने का भी उल्लेख किया। उनका कहना था कि सरकार अयोध्या को आधुनिक सुविधाओं से लैस करने के साथ-साथ धार्मिक और सांस्कृतिक पहचान को मजबूत करने की दिशा में काम कर रही है।
हालांकि, कार्यक्रम में मुख्यमंत्री के संबोधन का सबसे अहम हिस्सा आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं के मानदेय में बढ़ोतरी का ऐलान रहा। ₹8,000 से ₹12,000 मानदेय किए जाने की घोषणा सीधे तौर पर हजारों आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं के आर्थिक हित से जुड़ी है। सरकार की ओर से यह कदम ऐसे समय में सामने आया है जब आंगनबाड़ी कार्यकर्ता गांव और शहरों में बच्चों तथा महिलाओं से जुड़ी विभिन्न सरकारी योजनाओं को जमीनी स्तर तक पहुंचाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही हैं।
अब आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं को उम्मीद है कि मानदेय बढ़ोतरी के साथ-साथ उनके काम से जुड़ी अन्य व्यवस्थाओं में भी सुधार किया जाएगा। मुख्यमंत्री की इस घोषणा के बाद प्रदेश की आंगनबाड़ी व्यवस्था और कार्यकर्ताओं की भूमिका एक बार फिर चर्चा में आ गई है। आने वाले समय में यह देखना महत्वपूर्ण होगा कि बढ़ा हुआ मानदेय किस प्रक्रिया और समयसीमा के तहत कार्यकर्ताओं को उपलब्ध कराया जाता है।
कुल मिलाकर अयोध्या के कार्यक्रम से मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं के लिए आर्थिक राहत का बड़ा ऐलान किया है। वहीं, अपने संबोधन में उन्होंने प्रदेश में पिछले वर्षों में हुए विकास कार्यों को गिनाते हुए विपक्षी दलों पर भी निशाना साधा। आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं के मानदेय में हुई यह बढ़ोतरी उनके लिए निश्चित तौर पर एक महत्वपूर्ण घोषणा है और इससे प्रदेश की हजारों कार्यकर्ताओं की आय में सीधा इजाफा होगा।
