By using this site, you agree to the Privacy Policy and Terms of Use.
Accept
The Hill IndiaThe Hill IndiaThe Hill India
Notification Show More
Font ResizerAa
  • होम
  • फीचर्ड
  • उत्तराखंड
  • देश
  • विदेश
  • राजनीति
  • पर्यावरण
  • क्राइम
  • पर्यटन
  • शिक्षा
  • स्वास्थय
  • सामाजिक
  • स्पोर्ट्स
  • वीडियो
  • Contact Us
Reading: Uttrakhand आपातकाल के दौरान जेल में बंद रहे लोकतंत्र सेनानियों के लिए राज्य सरकार का बड़ा फैसला
Share
Font ResizerAa
The Hill IndiaThe Hill India
  • होम
  • फीचर्ड
  • उत्तराखंड
  • देश
  • विदेश
  • राजनीति
  • पर्यावरण
  • क्राइम
  • पर्यटन
  • शिक्षा
  • स्वास्थय
  • सामाजिक
  • स्पोर्ट्स
  • वीडियो
  • Contact Us
Search
  • होम
  • फीचर्ड
  • उत्तराखंड
  • देश
  • विदेश
  • राजनीति
  • पर्यावरण
  • क्राइम
  • पर्यटन
  • शिक्षा
  • स्वास्थय
  • सामाजिक
  • स्पोर्ट्स
  • वीडियो
  • Contact Us
Have an existing account? Sign In
Follow US
The Hill India > Blog > उत्तराखंड > Uttrakhand आपातकाल के दौरान जेल में बंद रहे लोकतंत्र सेनानियों के लिए राज्य सरकार का बड़ा फैसला
उत्तराखंड

Uttrakhand आपातकाल के दौरान जेल में बंद रहे लोकतंत्र सेनानियों के लिए राज्य सरकार का बड़ा फैसला

The Hill India Desk
Last updated: May 18, 2023 11:37 am
The Hill India Desk
Published: May 18, 2023
Share
SHARE

Uttrakhand आपातकाल के दौरान जेल में बंद रहे लोकतंत्र सेनानियों के लिए राज्य सरकार का बड़ा फैसला

देहरादून : राज्य सरकार के निर्देशो पर गृह विभाग की अपर मुख्य सचिव राधा रतूड़ी ने समस्त जिला मजिस्ट्रेट,को पत्र लिखते हुए निर्देश दिए है । कारागार में निरूद्ध प्रदेश के लोकतन्त्र सेनानियों की सम्मान पेंशन के संबंध में।

2- अवगत कराया जाना है कि उक्त संदर्भित शासनादेश के निर्गत किये जाने के उपरान्त कतिपय प्रकरण शासन के संज्ञान में आये है जिसमें अन्य अभिलेखों से तो आवेदक के आपातकालीन अवधि (दिनांक 25.06.1975 से दिनांक 21.03.1977 तक) में मीसा / डी०आई०आर० में निरूद्ध होने संबंधी तथ्यों की पुष्टि हो रही है, किन्तु कारागार में उनके निरूद्ध होने संबंधी अभिलेखों के उपलब्ध न होने अथवा अभिलेखों के नष्ट हो जाने के कारण वे लोकतंत्र सेनानी घोषित नहीं हो पा रहे हैं।

3- अतः उपरोक्त प्रस्तर-2 में विहित तथ्यों के आलोक में शासनादेश संख्या-49/ XX(5)/18- 01(DF)/2016 दिनांक 17.01.2018 के प्रस्तर-4 में विहित प्राविधान को यथावत रखते हुए उक्त शासनादेश के प्रस्तर-4 के परन्तुक प्रदान करते हैं:- के रूप में निम्नवत अतिरिक्त प्राविधान किये जाने की श्री राज्यपाल सहर्ष स्वीकृति परन्तुक ” जिन लोकतंत्र सेनानियों के अभिलेख जिला कारागार में उपलब्ध नहीं है।

अथवा नष्ट हो गये हैं, उनके प्रकरणों पर विचार करते समय संबंधित जिलाधिकारी आवश्यक सत्यापन के उपरान्त अन्य उपलब्ध सुसंगत अभिलेखों से अपना यह समाधान कर लेंगे कि आपातकालीन अवधि दिनांक 25.06.1975 से 21.03.1977 तक, लोकतंत्र की रक्षा हेतु आपातकाल के विरोध में मीसा / डी०आई०आर० के अधीन संबंधित धाराओं में आवेदक के विरूद्ध प्राथमिकी दर्ज हुई हो एवं उसकी गिरफ्तारी / निरुद्धि की पुष्टि होती हो।”

उक्त के दृष्टिगत आपातकालीन अवधि में आवेदक के कारागार में निरूद्ध होने के संबंध में भूतपूर्व या वर्तमान दो विधायकों/ संसद सदस्यों / दो ऐसे लोकतंत्र सेनानी, जिनको लोकतंत्र सम्मान राशि स्वीकृत हो चुकी है और जो आवेदक के साथ सहबंदी (कोप्रिजनर) रहे हो, के द्वारा शपथपत्र पर स्वयं के लोकतंत्र सेनानी होने संबंधी साक्ष्य को अभिलेखों सहित उपलब्ध कराये जाने पर तथा

आवेदक के संबंध में शपथपत्र के माध्यम से इस आशय का प्रमाण दिये जाने पर कि आपातकालीन अवधि में आवेदक राजनैतिक कारणों से विनिर्दिष्ट अवधि तक जेल में निरूद्ध रहा, को साक्ष्य के रूप में लोकतंत्र सेनानी घोषित किये जाने का आधार संबंधित जिला मजिस्ट्रेट द्वारा माना जायेगा।

You Might Also Like

CM धामी ने ‘मेधावी बालिका शिक्षा प्रोत्साहन’ के तहत वर्ष 2022 और 2023 की टॉपर 318 बालिकाओं को किया पुरस्कृत
Kanwar Yatra 2023 : 17 जुलाई तक हरिद्वार में भारी वाहनों की No Entry, पढ़ें रूट प्लान
पिथौरागढ़ सड़क हादसे पर पीएम मोदी ने जताया शोक, मृतकों के परिजनों को दो लाख की राहत राशि
G 20 में शामिल होने वाले विदेशी मेहमानों का किया जाएगा उत्तराखंडी स्टाइल में स्वागत, तैयारियों में जुटा प्रशासन
उत्तराखंड के लिए गर्व का क्षण: सेंसई देव नाथ बने IKO क्योकरुशिन काई-कान के भारत प्रमुख
TAGGED:Uttarakhand
Share This Article
Facebook Email Print
Leave a Comment

Leave a Reply Cancel reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Follow US

Find US on Social Medias
FacebookLike
XFollow
YoutubeSubscribe
TelegramFollow
Popular News
देशफीचर्डराजनीति

पप्पू यादव के भगवा प्रदर्शन पर INDIA गठबंधन में दरार! सपा ने किया किनारा, राम मंदिर मुद्दे पर विपक्ष के अलग-अलग सुर आए सामने

The Hill India News
The Hill India News
August 3, 2026
NEET पेपर लीक आंदोलन पर सुप्रीम कोर्ट सख्त: ‘छात्रों को मिलेगा न्याय, लेकिन अपराधियों को नहीं मिलेगी कोई राहत’; FIR, पुलिस कार्रवाई और जांच पर कोर्ट की बड़ी टिप्पणी
JPSC परीक्षा विवाद ने पकड़ा तूल: हजारों अभ्यर्थी सड़कों पर, परीक्षा रद्द करने से लेकर CBI जांच तक उठीं बड़ी मांगें
जंतर-मंतर पर प्रदर्शन को लेकर सुप्रीम कोर्ट गंभीर: क्या बदलेगा विरोध प्रदर्शन का केंद्र? केंद्र सरकार से मांगा जवाब
बृज भूषण शरण सिंह को बड़ी राहत: कोर्ट से बरी होने के बाद बोले— “अगर एक भी आरोप साबित होता तो खुद फांसी पर लटक जाता”
ऐतिहासिक फैसला! राष्ट्रपति मुर्मू ने एंटी-पेपर लीक कानून को दी मंजूरी, अब 2 महीने में जांच, 3 महीने में फैसला और 10 साल तक की जेल
गलत नंबर पर हो गया मोबाइल रिचार्ज? घबराएं नहीं! Airtel और Jio यूजर्स ऐसे वापस पा सकते हैं अपने पैसे, जानिए पूरा प्रोसेस
संसद के ‘भगवा प्रदर्शन’ पर कानूनी शिकंजा: राहुल गांधी, पप्पू यादव और अवधेश प्रसाद के खिलाफ केस दर्ज, धार्मिक भावनाएं आहत करने का आरोप
सृष्टि कंडारी मौत मामला: अब CB-CID करेगी हर पहलू की जांच, सीएम धामी के बड़े फैसले से बढ़ी न्याय की उम्मीद; देवप्रयाग विधायक की मांग पर हुई कार्रवाई
देहरादून की चर्चित सृष्टि कंडारी मौत मामला: पति और ननद गिरफ्तार, सास की भूमिका जांच के घेरे में; वीडियो बना जांच का सबसे अहम सबूत
© The Hill India. All Rights Reserved | Developed By: Tech Yard Labs
Welcome Back!

Sign in to your account

Username or Email Address
Password

Lost your password?