UP महराजगंज में रूह कंपा देने वाली वारदात: ‘यमराज’ बनी पत्नी, सोते हुए पति को घर में किया कैद और जिंदा फूंक डाला
महराजगंज (उत्तर प्रदेश): उत्तर प्रदेश के महराजगंज जिले से एक ऐसी सनसनीखेज वारदात सामने आई है, जिसने मानवीय संवेदनाओं और रिश्तों की मर्यादा को तार-तार कर दिया है। जिले के श्यामदेउरवा थाना क्षेत्र में एक बुजुर्ग महिला ने अपने ही पति की इतनी खौफनाक तरीके से हत्या की कि सुनने वालों के रोंगटे खड़े हो गए। आरोप है कि पत्नी ने अपने पति को घर के अंदर सोते समय कमरे में बंद किया, बाहर से ताला जड़ा और पूरे घर को आग के हवाले कर दिया। इस भीषण अग्निकांड में 65 वर्षीय बुजुर्ग की जिंदा जलकर मौत हो गई।
सोते समय रची मौत की साजिश
यह खौफनाक घटना मंगलवार की है, जो श्यामदेउरवा थाना क्षेत्र के बासपार कोठी टोला पिपरा गांव में घटित हुई। पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार, मृतक की पहचान रामपत (65) के रूप में हुई है। घटना के वक्त रामपत अपने घर के भीतर गहरी नींद में सो रहे थे। उन्हें इस बात का जरा भी अहसास नहीं था कि उनकी अपनी पत्नी, जिनके साथ उन्होंने जीवन के कई दशक बिताए, वही उनकी मौत की पटकथा लिख रही है।
आरोपी पत्नी सुमित्रा (60) ने कथित तौर पर घर के चारों ओर ज्वलनशील पदार्थ डालकर आग लगा दी। पति बाहर न निकल सके, इसके लिए उसने मुख्य दरवाजे पर बाहर से भारी ताला लटका दिया। जब घर की लपटें आसमान छूने लगीं और अंदर से रामपत की चीखें सुनाई देने लगीं, तब सुमित्रा वहां से चुपचाप फरार हो गई।
ग्रामीणों ने देखा धुएं का गुबार, फिर खुला खौफनाक राज
पिपरा गांव के बाशिंदों ने जब रामपत के घर से काला धुआं और आग की लपटें उठती देखीं, तो गांव में हड़कंप मच गया। ग्रामीण आनन-फानन में आग बुझाने के लिए दौड़े, लेकिन घर का दरवाजा बाहर से बंद था। अनहोनी की आशंका को देखते हुए ग्रामीणों ने तुरंत स्थानीय श्यामदेउरवा थाना पुलिस को सूचना दी।
मौके पर पहुंची पुलिस टीम ने जब कड़ी मशक्कत के बाद दरवाजा तोड़ा, तो अंदर का नजारा देखकर पुलिसकर्मियों के भी होश उड़ गए। बिस्तर पर रामपत का शव पूरी तरह जलकर कोयला बन चुका था। कमरे का सारा सामान राख के ढेर में तब्दील हो गया था। पुलिस ने तुरंत फॉरेंसिक टीम को मौके पर बुलाया और साक्ष्य एकत्रित किए।
पहले भी कर चुकी थी जान लेने की कोशिश
पुलिस की प्रारंभिक जांच और ग्रामीणों से पूछताछ में जो तथ्य सामने आए हैं, वे चौंकाने वाले हैं। बताया जा रहा है कि रामपत और सुमित्रा के बीच पिछले काफी समय से विवाद चल रहा था। 60 वर्षीय सुमित्रा के व्यवहार से पूरा मोहल्ला वाकिफ था। पुलिस सूत्रों के मुताबिक, यह पहली बार नहीं था जब सुमित्रा ने अपने पति को नुकसान पहुंचाने की कोशिश की हो। इससे पहले भी वह रामपत को जान से मारने का प्रयास कर चुकी थी, लेकिन तब वह बच गए थे।
श्यामदेउरवा थाना प्रभारी अभिषेक सिंह ने बताया:
“मृतक रामपत के शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है। आरोपी पत्नी सुमित्रा के खिलाफ हत्या की सुसंगत धाराओं में मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। प्रारंभिक जांच में पारिवारिक विवाद हत्या की मुख्य वजह नजर आ रही है। आरोपी महिला फिलहाल फरार है, जिसकी गिरफ्तारी के लिए पुलिस की टीमें दबिश दे रही हैं।”
महराजगंज में सुरक्षा और कानून व्यवस्था पर सवाल
इस घटना ने स्थानीय स्तर पर सुरक्षा को लेकर चर्चाएं तेज कर दी हैं। एक 60 साल की महिला का इस तरह पेशेवर अपराधी की तरह ताला लगाकर पति को जिंदा जला देना, समाज में बढ़ती मानसिक कुंठा और हिंसक प्रवृत्ति को दर्शाता है। पिपरा गांव में इस वक्त मातमी सन्नाटा पसरा हुआ है और हर कोई इस ‘कातिल पत्नी’ की गिरफ्तारी की मांग कर रहा है।
रिश्तों का कत्ल
महराजगंज की यह घटना केवल एक हत्या का मामला नहीं है, बल्कि यह घरेलू हिंसा के उस चरम को दर्शाती है जहां सालों का साथ एक ही झटके में राख बन गया। जिस घर को खुशियों का बसेरा होना चाहिए था, उसे ही सुमित्रा ने श्मशान बना दिया। अब पुलिस के सामने सबसे बड़ी चुनौती आरोपी सुमित्रा को सलाखों के पीछे पहुंचाना है ताकि मृतक रामपत को न्याय मिल सके।



