By using this site, you agree to the Privacy Policy and Terms of Use.
Accept
The Hill IndiaThe Hill IndiaThe Hill India
Notification Show More
Font ResizerAa
  • होम
  • फीचर्ड
  • उत्तराखंड
  • देश
  • विदेश
  • राजनीति
  • पर्यावरण
  • क्राइम
  • पर्यटन
  • शिक्षा
  • स्वास्थय
  • सामाजिक
  • स्पोर्ट्स
  • वीडियो
  • Contact Us
Reading: मथुरा शाही ईदगाह मस्जिद विवाद: हाईकोर्ट आज सुना सकता है अहम फैसला, हिंदू पक्ष ने किया ‘विवादित ढांचा’ घोषित करने का आग्रह
Share
Font ResizerAa
The Hill IndiaThe Hill India
  • होम
  • फीचर्ड
  • उत्तराखंड
  • देश
  • विदेश
  • राजनीति
  • पर्यावरण
  • क्राइम
  • पर्यटन
  • शिक्षा
  • स्वास्थय
  • सामाजिक
  • स्पोर्ट्स
  • वीडियो
  • Contact Us
Search
  • होम
  • फीचर्ड
  • उत्तराखंड
  • देश
  • विदेश
  • राजनीति
  • पर्यावरण
  • क्राइम
  • पर्यटन
  • शिक्षा
  • स्वास्थय
  • सामाजिक
  • स्पोर्ट्स
  • वीडियो
  • Contact Us
Have an existing account? Sign In
Follow US
The Hill India > Blog > देश > मथुरा शाही ईदगाह मस्जिद विवाद: हाईकोर्ट आज सुना सकता है अहम फैसला, हिंदू पक्ष ने किया ‘विवादित ढांचा’ घोषित करने का आग्रह
देशराजनीति

मथुरा शाही ईदगाह मस्जिद विवाद: हाईकोर्ट आज सुना सकता है अहम फैसला, हिंदू पक्ष ने किया ‘विवादित ढांचा’ घोषित करने का आग्रह

The Hill India News
Last updated: July 4, 2025 2:58 am
The Hill India News
Published: July 4, 2025
Share
SHARE

मथुरा/प्रयागराज: मथुरा स्थित शाही ईदगाह मस्जिद को लेकर चल रहे कानूनी विवाद में शुक्रवार का दिन निर्णायक साबित हो सकता है। इलाहाबाद हाईकोर्ट की खंडपीठ — न्यायमूर्ति राम मनोहर नारायण मिश्र की अध्यक्षता में — इस विवादित मामले में अपना फैसला सुना सकती है। यह वही मामला है जिसमें हिंदू पक्ष ने शाही ईदगाह को “विवादित ढांचा” घोषित किए जाने की मांग की है।

Contents
हिंदू पक्ष की प्रमुख दलीलें:बाबरी मस्जिद विवाद से तुलनाक्या कहता है मुस्लिम पक्ष?क्या हो सकता है अगला कदम?

हिंदू पक्ष की ओर से अधिवक्ता महेंद्र प्रताप सिंह ने याचिका दायर की थी और 5 मार्च 2025 को मथुरा की श्रीकृष्ण जन्मभूमि से सटी ईदगाह मस्जिद को विवादित घोषित करने की प्रार्थना की थी। इस पर कोर्ट में बहस पूरी हो चुकी है और फैसला सुरक्षित रखा गया था, जो शुक्रवार को आने की संभावना है।


हिंदू पक्ष की प्रमुख दलीलें:

महेंद्र प्रताप सिंह एडवोकेट ने अदालत में अपने तर्कों के समर्थन में कई ऐतिहासिक दस्तावेज और साहित्यिक स्रोत प्रस्तुत किए। इनमें मासिरे आलमगिरी और तत्कालीन मथुरा के ब्रिटिश कलेक्टर एफएस ग्राउस द्वारा लिखे गए विवरण शामिल हैं। उन्होंने कहा कि:

  • ईदगाह मस्जिद को लेकर कोई सरकारी रिकॉर्ड मौजूद नहीं है — न खसरा-खतौनी में इसका ज़िक्र है, न नगर निगम में रजिस्ट्रेशन, न ही टैक्स भुगतान।
  • बिजली चोरी की एफआईआर ईदगाह प्रबंधन समिति के खिलाफ दर्ज हो चुकी है।
  • ईमारत की दीवारों पर हिंदू देवी-देवताओं के प्रतीक चिह्न हैं, जो यह संकेत देते हैं कि यहां पूर्व में मंदिर था।

उनका यह भी कहना था कि औरंगजेब ने इस स्थान पर मंदिर को तुड़वाकर मस्जिद का निर्माण कराया, और इस बात को कई ऐतिहासिक यात्रियों और दस्तावेज़ों में भी उल्लेखित किया गया है।


बाबरी मस्जिद विवाद से तुलना

हिंदू पक्षकारों ने इस मामले की तुलना अयोध्या के बाबरी मस्जिद प्रकरण से की। उनका तर्क था कि जैसे अयोध्या में अदालत ने बाबरी ढांचे को विवादित घोषित कर निर्णय सुनाया, वैसे ही यहां भी पहले शाही ईदगाह को ‘विवादित ढांचा’ घोषित किया जाना जरूरी है।

महेंद्र प्रताप सिंह ने अदालत को यह भी बताया कि भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण (ASI) द्वारा सर्वेक्षण कराए जाने से जमीन की वास्तविक स्थिति स्पष्ट की जा सकती है।


क्या कहता है मुस्लिम पक्ष?

इस खबर में मुस्लिम पक्ष की प्रतिक्रिया या दलीलों का स्पष्ट उल्लेख नहीं किया गया है। हालांकि, कानूनी प्रक्रिया में दोनों पक्षों को बराबर सुना गया है और अब कोर्ट द्वारा अंतिम निर्णय दिया जाना बाकी है।


क्या हो सकता है अगला कदम?

यदि कोर्ट शाही ईदगाह को विवादित ढांचा घोषित करता है, तो यह मामला नई कानूनी और सामाजिक बहसों को जन्म दे सकता है। साथ ही, भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण (ASI) से खुदाई या सर्वेक्षण जैसे आदेश भी पारित हो सकते हैं, जैसा अयोध्या मामले में हुआ था।

हालांकि, अंतिम निर्णय आने तक इस पर किसी निष्कर्ष पर पहुँचना जल्दबाज़ी होगी।

You Might Also Like

राहुल गांधी का मोदी सरकार पर बड़ा हमला, बोले- “ये मंत्रिमंडल नहीं NDA का ‘परिवार मंडल’ है”
ऑपरेशन सिंदूर के बाद पीएम मोदी का पाकिस्तान पर बड़ा हमला: “अब यह प्रॉक्सी वॉर नहीं, खुले युद्ध की रणनीति है
ED के सामने आज भी नहीं होंगे पेश केजरीवाल, गोवा दौरे पर जाने की खबर
यूपी में कांग्रेस संग गठबंधन पर अखिलेश के संकेत, बोले— अभी चुनाव दूर; ओवैसी के ऑफर पर भी दिया बड़ा जवाब
‘हिंदुत्व’ के दम पर कांग्रेस जीतेगी मध्य प्रदेश, बाबा बागेश्वर का कमलनाथ ने किया भव्य स्वागत
Share This Article
Facebook Email Print
Leave a Comment

Leave a Reply Cancel reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Follow US

Find US on Social Medias
FacebookLike
XFollow
YoutubeSubscribe
TelegramFollow
Popular News
देशफीचर्डस्पोर्ट्स

IND vs SL: टीम इंडिया ने श्रीलंका को 165 रन से रौंदा, मानव सुथार की घातक गेंदबाजी से भारत 1-0 से आगे

The Hill India News
The Hill India News
August 19, 2026
अंकिता भंडारी हत्याकांड में आरोपियों को हाईकोर्ट से बड़ा झटका, पुलकित आर्य समेत तीनों की जमानत याचिका खारिज
यूपी में बनेगी 500 एकड़ की ‘जापान सिटी’! ₹3,191 करोड़ के निवेश से बदलेगी तस्वीर, 10 हजार से ज्यादा नौकरियों की उम्मीद
गैंगरेप के दोषी शबीर अहमद को लेने से पाकिस्तान का इनकार, ब्रिटेन को दी सहयोग रोकने की धमकी; 14 साल जेल काट चुका है आरोपी
TRE-4 का नोटिफिकेशन आया, फिर भी छात्रों का गुस्सा बरकरार! एकल परीक्षा और नेगेटिव मार्किंग हटाने की मांग, सरकार को 3 दिन का अल्टीमेटम
पिथौरागढ़ में कुदरत का कहर! भारी भूस्खलन से कैलाश मानसरोवर मार्ग का पुल क्षतिग्रस्त, 9वें जत्थे की एंट्री के बीच BRO ने संभाला मोर्चा
पत्नी को कंधे पर उठाकर 7 KM पैदल चला पति, पहाड़ की दर्दनाक तस्वीर ने झकझोरा; CM धामी से बोला- ‘सड़क दे दीजिए साहब’
‘पैसे खत्म हो गए, अब प्राइवेट नौकरी करूंगा’, शहजाद पूनावाला ने बताया क्यों छोड़ी BJP, बोले- विचारधारा आज भी वही है
LPG सिलेंडर की टेंशन होगी खत्म! 1 सितंबर से सरकार की नई योजना, घर-घर पहुंचेगी PNG गैस; जानिए आपको क्या-क्या मिलेगा फायदा
बांग्लादेश में हिंदुओं को खुली धमकी से मचा हड़कंप, अल-कायदा की बढ़ती सक्रियता के बीच फिर उठे अल्पसंख्यकों की सुरक्षा पर सवाल
© The Hill India. All Rights Reserved | Developed By: Tech Yard Labs
Welcome Back!

Sign in to your account

Username or Email Address
Password

Lost your password?