By using this site, you agree to the Privacy Policy and Terms of Use.
Accept
The Hill IndiaThe Hill IndiaThe Hill India
Notification Show More
Font ResizerAa
  • होम
  • फीचर्ड
  • उत्तराखंड
  • देश
  • विदेश
  • राजनीति
  • पर्यावरण
  • क्राइम
  • पर्यटन
  • शिक्षा
  • स्वास्थय
  • सामाजिक
  • स्पोर्ट्स
  • वीडियो
  • Contact Us
Reading: नई दिल्ली : आत्मनिर्भर भारत बनाने के लिए हमें कृषि में आत्मनिर्भर बनना आवश्यक है : कैलाश चौधरी
Share
Font ResizerAa
The Hill IndiaThe Hill India
  • होम
  • फीचर्ड
  • उत्तराखंड
  • देश
  • विदेश
  • राजनीति
  • पर्यावरण
  • क्राइम
  • पर्यटन
  • शिक्षा
  • स्वास्थय
  • सामाजिक
  • स्पोर्ट्स
  • वीडियो
  • Contact Us
Search
  • होम
  • फीचर्ड
  • उत्तराखंड
  • देश
  • विदेश
  • राजनीति
  • पर्यावरण
  • क्राइम
  • पर्यटन
  • शिक्षा
  • स्वास्थय
  • सामाजिक
  • स्पोर्ट्स
  • वीडियो
  • Contact Us
Have an existing account? Sign In
Follow US
The Hill India > Blog > देश > नई दिल्ली : आत्मनिर्भर भारत बनाने के लिए हमें कृषि में आत्मनिर्भर बनना आवश्यक है : कैलाश चौधरी
देशफीचर्ड

नई दिल्ली : आत्मनिर्भर भारत बनाने के लिए हमें कृषि में आत्मनिर्भर बनना आवश्यक है : कैलाश चौधरी

The Hill India News
Last updated: October 14, 2022 4:47 pm
The Hill India News
Published: October 14, 2022
Share
SHARE

कटक के राष्ट्रीय चावल अनुसंधान संस्थान में भारतीय कृषि अनुसंधान परिषद क्षेत्रीय समिति-द्वितीय की XXVI बैठक आयोजित की गई

बैठक में ओडिशा, पश्चिम बंगाल, तेलंगाना, आंध्र प्रदेश और केंद्र शासित प्रदेश अंडमान-निकोबार द्वीप समूह ने भाग लिया

कृषि और किसान कल्याण मंत्रालय, भारत सरकार के अंतर्गत भारतीय कृषि अनुसंधान परिषद (आईसीएआर) ने पश्चिम बंगाल, ओडिशा, तेलंगाना, आंध्र प्रदेश राज्यों और केंद्र शासित प्रदेश अंडमान-निकोबार द्वीप समूह को शामिल करते हुए आज कटक में भारतीय कृषि अनुसंधान परिषद के राष्ट्रीय चावल अनुसंधान संस्थान में आईसीएआर क्षेत्रीय समिति-द्वितीय की XXVI बैठक आयोजित की गई।

https://static.pib.gov.in/WriteReadData/userfiles/image/IMG_8668OH4N.JPG

 

केंद्रीय कृषि और किसान कल्याण राज्य मंत्री, श्री कैलाश चौधरी ने उद्घाटन सत्र को वर्चुअल माध्यम से संबोधित करते हुए कहा कि हमारी अनुसंधान और विकास गतिविधियों को तेज करने और यह सुनिश्चित करने की आवश्यकता है कि यह जमीनी स्तर पर हमारे किसानों तक पहुंचे। उन्होंने कहा, “किसानों की आय बढ़ाने के लिए, हमें उनके ऋण का बोझ कम करने, विकसित बीज उपलब्ध कराने, बाजार संपर्क और भंडारण सुविधाएं बनाने की आवश्यकता है। राज्यों को क्षेत्र स्तर पर सक्रिय रूप से काम करने की आवश्यकता है और केंद्र सदैव सहायता प्रदान करने के लिए तैयार है।”

प्राकृतिक खेती के महत्व पर बल देते हुए मंत्री महोदय ने कहा कि रसायन और उर्वरकों पर आधारित खेती में बदलाव की आवश्यकता है। उन्होंने कहा, “प्रौद्योगिकी को हमारे किसानों तक पहुंचाने की आवश्यकता है। केवल शोध से ही यह कार्य पूरा नहीं किया जा सकता, अनुसंधान द्वारा प्राप्त अंतिम उत्पाद को किसान तक पहुंचाने की आवश्यकता है।”

मंत्री महोदय ने कहा कि हमें कृषि में आत्मनिर्भर होना आवश्यक है, तभी भारत आत्मनिर्भर बन सकेगा। उन्होंने प्रतिभागियों को बधाई देते हुए कहा कि बैठक के परिणाम निश्चित रूप से हमारे कृषि क्षेत्र की मदद करने में एक लंबा सफर तय करेंगे।

चौधरी ने इस बात पर भी बल दिया कि इस तरह की समीक्षा न केवल प्रगति की जांच करने के लिए बल्कि समस्याओं को उजागर करने और संभावित समाधानों को चाक-चौबंद करने के लिए भी आवश्यक है। ओडिशा, पश्चिम बंगाल, आंध्र प्रदेश और तेलंगाना जैसे राज्य प्रतिकूल जलवायु परिस्थितियों से अत्यधिक प्रभावित हो रहे हैं। इसलिए किसानों के लिए नई जलवायु-स्मार्ट प्रौद्योगिकियां विकसित की जानी चाहिए। उन्होंने दावा किया कि जब तक कृषि गतिविधियों को एक वाणिज्यिक उद्यम के रूप में नहीं अपनाया जाता है, तब तक किसी भी प्रकार से पूर्ण संभावित लाभ प्राप्त नहीं किए जा सकते हैं और लाभकारी आय प्राप्त नहीं की जा सकती है।

https://static.pib.gov.in/WriteReadData/userfiles/image/IMG_8626FMP5.JPG

कृषि अनुसंधान और शिक्षा विभाग (डीएआरई) के सचिव और भारतीय कृषि अनुसंधान परिषद के महानिदेशक (डीजी), डॉ. हिमांशु पाठक ने कार्यक्रम के उद्देश्यों जानकारी प्रदान की। उन्होंने इस बात पर बल दिया कि कोविड-19 महामारी के बावजूद भारत के कृषि और प्रसंस्कृत खाद्य उत्पादों के निर्यात में पिछले वर्ष की तुलना में 13 प्रतिशत की वृद्धि हुई है। लेकिन, खाद्य उत्पाद के विश्व निर्यात में भारत की हिस्सेदारी प्रसंस्करण के निम्न स्तर और कम मूल्यवर्धन के कारण केवल 3 प्रतिशत ही है। साथ ही प्रसंस्करण का निम्न स्तर भारत की खाद्य निर्यात श्रृंखला की संरचना में दिखाई देता है जिसमें अनिवार्य रूप से चावल, आटा, चीनी, मांस, मछली आदि जैसे प्राथमिक उत्पाद शामिल होते हैं। उन्होंने विभिन्न कारणों, जैसे खराब मिट्टी की गुणवत्ता, उर्वरक का कम उपयोग, कीट-पतंगों का संक्रमण और मॉनसून की वर्षा पर उच्च निर्भरता से इस क्षेत्र की कम उत्पादकता के बारे में भी चिंता व्यक्त की।

डॉ. आरके सिंह, एडीजी (सीसीएंडएफएफसी), आईसीएआर ने सभी गणमान्य व्यक्तियों का स्वागत किया और डॉ. बी.सी. पात्रा, निदेशक, भारतीय कृषि अनुसंधान परिषद-राष्ट्रीय चावल अनुसंधान संस्थान-एनआरआरआई, कटक और सदस्य सचिव, आरसीएम-II ने उद्घाटन कार्यक्रम में धन्यवाद ज्ञापित किया। उद्घाटन सत्र समाप्त होने के बाद तकनीकी सत्र के दौरान राज्यवार समस्याओं और अनुसंधान आवश्यकताओं/विकास के मुद्दों पर चर्चा की गई। पिछली बैठक के दौरान अंतिम रूप दिए गए मुद्दों के संबंध में की गई कार्रवाई रिपोर्ट (एटीआर) पर विचार-विमर्श किया गया और क्षेत्र में पशुपालन, दुग्ध उत्पादन, मत्स्य पालन, प्राकृतिक संसाधन प्रबंधन और मानव संसाधन विकास सहित कृषि क्षेत्र के विकास के लिए एक रूपरेखा तैयार करने के बारे में चर्चा की गई। यह बैठक कृषि और संबद्ध पहलुओं से संबंधित राज्यों से संबंधित विशिष्ट समस्याओं की पहचान करने और संबंधित राज्यों की राष्ट्रीय कृषि अनुसंधान प्रणाली (एनएआरएस) की उपलब्धियों और विवरण के माध्यम से विशिष्ट समय सीमा के भीतर उपयुक्त समाधान प्रदान करने के लिए आईसीएआर और राज्य सरकारों के बीच संबंध स्थापित करने में मदद करेगी।

https://static.pib.gov.in/WriteReadData/userfiles/image/IMG_8640Z7YP.JPG

आईसीएआर ने कृषि-जलवायु क्षेत्रों के आधार पर आठ क्षेत्रीय समितियों का गठन किया है। क्षेत्रीय समिति का उद्देश्य शोधकर्ताओं और राज्य सरकार के पदाधिकारियों को कृषि, पशुपालन और मत्स्य पालन में वर्तमान अनुसंधान और प्रशिक्षण प्रयासों में प्रमुख अंतराल की जांच करने के लिए; प्राथमिकताओं की पहचान करने के लिए; और आने वाले दो वर्षों के लिए देश के विभिन्न कृषि-पारिस्थितिक क्षेत्रों में अनुसंधान और विस्तार शिक्षा का एजेंडा तय करने के लिए एक मंच प्रदान करना है। क्षेत्रीय समिति की नियमित बैठकों में चर्चा के लिए कृषि प्रौद्योगिकी मूल्यांकन, शोधन और हस्तांतरण के क्षेत्रों में राष्ट्रीय प्रासंगिकता का एक शोध एजेंडा स्थापित किया जाता है, जो दो वर्ष में एक बार होता है।

You Might Also Like

America: कैलिफोर्निया में एक हिंदू मंदिर में करी तोड़-फोड़, दीवारों पर लिखे खालिस्तानी समर्थक नारे
ब्रिटेन के प्रधानमंत्री कीर स्टार्मर भारत दौरे पर, व्यापारिक साझेदारी और रणनीतिक सहयोग को नई दिशा मिलने की उम्मीद
उत्तराखंड के मुख़्यमंत्री ने की उत्तरप्रदेश की जनता से अपील..
Big Breaking: SC- ST एक्ट मामले में आशुतोष नेगी को मिली जमानत, 5 मार्च को हुए थे गिरफ्तार
उत्तराखंड : गणतंत्र दिवस परेड में कर्त्तव्य पथ पर दिखेगी उत्तराखंड के साहसिक खेलों की झलक
Share This Article
Facebook Email Print
Leave a Comment

Leave a Reply Cancel reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Follow US

Find US on Social Medias
FacebookLike
XFollow
YoutubeSubscribe
TelegramFollow
Popular News
देशफीचर्ड

EPFO अपडेट: क्या सच में ATM और UPI से तुरंत निकलेगा PF पैसा? जानिए वायरल दावे की पूरी सच्चाई

The Hill India News
The Hill India News
June 18, 2026
धामी कैबिनेट ने पूर्व मुख्यमंत्री बी.सी. खंडूरी और निशानेबाज जसपाल राणा को दी भावभीनी श्रद्धांजलि, शोक प्रस्ताव पारित
श्रेयस अय्यर ने रचा इतिहास: विराट कोहली, केएल राहुल और सिद्धू को पीछे छोड़ वनडे में बनाया बड़ा रिकॉर्ड, भारत की धमाकेदार जीत
ईरान ने डील में अमेरिका को दी मात? ट्रंप की ‘डील मास्टर’ छवि पर उठे सवाल, समझौते से मिले अरबों डॉलर के फायदे
उत्तराखंड: धामी कैबिनेट की अहम बैठक जारी, शिक्षा-स्वास्थ्य से लेकर रोजगार और निवेश तक कई बड़े फैसलों पर लग सकती है मुहर
झारखंड राज्यसभा चुनाव 2026: दो सीटें, तीन उम्मीदवार और क्रॉस वोटिंग का सस्पेंस, NDA-INDIA दोनों की बढ़ी धड़कनें
400 करोड़ पार करते ही ‘पेड्डी’ मेकर्स का बड़ा दांव, फिल्म में जोड़े गए करीब 6 मिनट के नए सीन
गोविंदा-सुनीता के तलाक की अफवाहों पर बेटी टीना आहूजा का दर्द छलका, बोलीं- “मैं कोई संत नहीं हूं, ये बातें परेशान करती हैं”
ममता बनर्जी की सुरक्षा पर सियासी बवाल: डेरेक ओ’ब्रायन ने किया बड़ा दावा, बोले- ‘दीदी की हिफाजत के लिए रातभर देना पड़ा पहरा’
उद्धव ठाकरे पर फिर मंडराया जून संकट! कौन हैं वे 6 सांसद, जिनकी बगावत की चर्चाओं ने बढ़ाई शिवसेना (UBT) की चिंता?
© The Hill India. All Rights Reserved | Developed By: Tech Yard Labs
Welcome Back!

Sign in to your account

Username or Email Address
Password

Lost your password?