
ऋषिकेश: देश के उपराष्ट्रपति राधाकृष्णन आज उत्तराखंड के महत्वपूर्ण दौरे पर रहेंगे, जहां वे AIIMS ऋषिकेश के छठे दीक्षांत समारोह में मुख्य अतिथि के रूप में शामिल होंगे। इस दौरान उपराष्ट्रपति संस्थान से पास आउट हुए छात्रों को डिग्रियां प्रदान करेंगे और उनके उज्ज्वल भविष्य के लिए प्रेरक संबोधन भी देंगे। उनके इस दौरे को लेकर प्रशासन और पुलिस महकमा पूरी तरह सतर्क नजर आ रहा है और व्यापक सुरक्षा व्यवस्था की गई है।
उपराष्ट्रपति का विमान जौलीग्रांट एयरपोर्ट पर लैंड करेगा, जहां से वे सीधे ऋषिकेश के लिए रवाना होंगे। एयरपोर्ट से लेकर एम्स परिसर तक पूरे मार्ग को सुरक्षा के लिहाज से बेहद संवेदनशील माना गया है। इसी को ध्यान में रखते हुए पूरे क्षेत्र को तीन विशेष सुरक्षा जोनों में विभाजित किया गया है, ताकि किसी भी प्रकार की चूक की संभावना को पूरी तरह खत्म किया जा सके।
प्रशासन द्वारा बनाए गए इन तीन सुरक्षा जोनों में पहला जोन जौलीग्रांट एयरपोर्ट, दूसरा एम्स हेलीपैड और तीसरा मुख्य कार्यक्रम स्थल को शामिल किया गया है। हर जोन की जिम्मेदारी वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (SSP) स्तर के अधिकारियों को सौंपी गई है, जो अपनी-अपनी टीमों के साथ सुरक्षा व्यवस्था की निगरानी करेंगे। सभी अधिकारियों और पुलिसकर्मियों को स्पष्ट निर्देश दिए गए हैं कि वे कार्यक्रम शुरू होने से कम से कम तीन घंटे पहले अपनी ड्यूटी पर पहुंच जाएं और हर गतिविधि पर पैनी नजर रखें।
एम्स ऋषिकेश परिसर और आसपास के क्षेत्रों में सुरक्षा एजेंसियों द्वारा सघन चेकिंग अभियान चलाया जा रहा है। संदिग्ध गतिविधियों पर नजर रखने के लिए सीसीटीवी कैमरों की निगरानी बढ़ा दी गई है और अतिरिक्त पुलिस बल भी तैनात किया गया है। इसके अलावा, यातायात व्यवस्था को भी सुचारू बनाए रखने के लिए विशेष ट्रैफिक प्लान लागू किया गया है, ताकि आम लोगों को किसी प्रकार की असुविधा न हो।
दीक्षांत समारोह के दौरान उपराष्ट्रपति छात्रों को संबोधित करते हुए चिकित्सा क्षेत्र में उनकी भूमिका और जिम्मेदारियों पर भी प्रकाश डालेंगे। उम्मीद की जा रही है कि वे स्वास्थ्य सेवाओं को बेहतर बनाने, ग्रामीण क्षेत्रों में चिकित्सा सुविधाओं के विस्तार और नई तकनीकों के उपयोग पर विशेष जोर देंगे। इस समारोह में बड़ी संख्या में छात्र, अभिभावक, फैकल्टी सदस्य और अन्य गणमान्य लोग मौजूद रहेंगे।
उपराष्ट्रपति के स्वागत के लिए राज्य के प्रमुख नेता भी कार्यक्रम में शामिल होंगे। उत्तराखंड के राज्यपाल गुरमीत सिंह और मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी स्वयं उनकी अगवानी करेंगे। यह दौरा राज्य के लिए काफी अहम माना जा रहा है, क्योंकि इससे प्रदेश के स्वास्थ्य और शिक्षा क्षेत्र को नई दिशा मिलने की उम्मीद है।
गौरतलब है कि इससे पहले भी उत्तराखंड में उच्च स्तर के दौरे हो चुके हैं। पिछले वर्ष नवंबर में राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने भी राज्य का दौरा किया था। अपने दौरे के दौरान उन्होंने विभिन्न कार्यक्रमों में भाग लिया, जिनमें पतंजलि विश्वविद्यालय का दीक्षांत समारोह भी शामिल था। इसके अलावा, उन्होंने उत्तराखंड विधानसभा भवन का दौरा कर वहां विशेष सत्र को संबोधित किया था।
उपराष्ट्रपति का यह दौरा न केवल एम्स ऋषिकेश के छात्रों के लिए यादगार अवसर है, बल्कि पूरे उत्तराखंड के लिए भी गर्व का विषय है। प्रशासन द्वारा की गई तैयारियां और सुरक्षा इंतजाम यह सुनिश्चित करते हैं कि कार्यक्रम शांतिपूर्ण और सफलतापूर्वक संपन्न हो। अब सभी की नजरें इस महत्वपूर्ण आयोजन पर टिकी हैं, जहां देश के दूसरे सर्वोच्च संवैधानिक पद पर आसीन व्यक्ति छात्रों को नई दिशा और प्रेरणा देंगे।



