हरिद्वार | न्यूज़ डेस्क उत्तराखंड की धर्मनगरी हरिद्वार से एक रूह कंपा देने वाली घटना सामने आई है। नगर कोतवाली क्षेत्र के भूपतवाला इलाके में एक युवक ने सात साल की मासूम बच्ची को अपनी हवस का शिकार बनाने की कोशिश की। हालांकि, हरिद्वार पुलिस की मुस्तैदी के चलते आरोपी वारदात के चंद घंटों के भीतर ही सलाखों के पीछे पहुँचा दिया गया है। पुलिस ने आरोपी के खिलाफ पॉक्सो एक्ट सहित विभिन्न गंभीर धाराओं में मुकदमा दर्ज किया है।
पार्क में खेल रही थी बच्ची, मुंह दबाकर उठा ले गया दरिंदा
प्राप्त जानकारी के अनुसार, घटना बीते शुक्रवार की है। नगर कोतवाली क्षेत्र के भारत माता पुरम कॉलोनी के पास स्थित एक सार्वजनिक पार्क में सात वर्षीय मासूम बच्ची अन्य बच्चों के साथ खेल रही थी। इसी दौरान घात लगाए बैठे आरोपी सूरज प्रसाद पोखरियाल की नजर बच्ची पर पड़ी।
आरोप है कि जब बच्ची पार्क में अकेली थी, तब सूरज ने उसका मुंह दबाया और उसे जबरन उठाकर अपने कमरे पर ले गया। वहां उसने मासूम के साथ दुष्कर्म करने का प्रयास किया। बच्ची के विरोध करने और शोर मचाने की कोशिश पर आरोपी घबरा गया। किसी तरह आरोपी के चंगुल से छूटकर जब मासूम अपने घर पहुँची, तो वह बदहवास हालत में थी और फूट-फूट कर रो रही थी।
परिजनों की सूझबूझ और पुलिस की त्वरित कार्रवाई
परिजनों ने जब बच्ची को रोते देखा और उससे प्यार से पूछताछ की, तो मासूम ने अपनी तुतलाई जुबान में आरोपी की सारी दरिंदगी बयां कर दी। घटना की जानकारी मिलते ही परिजनों के पैरों तले जमीन खिसक गई। उन्होंने बिना समय गंवाए तत्काल नगर कोतवाली पुलिस को सूचना दी।
मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए हरिद्वार के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (SSP) प्रमेंद्र सिंह डोबाल ने तुरंत कड़ा संज्ञान लिया। एसएसपी के निर्देश पर तत्काल एक विशेष टीम का गठन किया गया और महिला दरोगा निशा सिंह को मामले की तफ्तीश सौंपी गई।
CCTV और मुखबिर तंत्र से मिला सुराग
पुलिस टीम ने घटनास्थल और आसपास के इलाकों में लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली। सर्विलांस सेल और स्थानीय मुखबिरों की मदद से पुलिस आरोपी के करीब पहुँचने में सफल रही। कड़ी मशक्कत के बाद पुलिस ने आरोपी सूरज प्रसाद पोखरियाल को भारत माता पुरम कॉलोनी से ही गिरफ्तार कर लिया।
आरोपी का विवरण:
-
नाम: सूरज प्रसाद पोखरियाल
-
पिता का नाम: विरेंद्र प्रसाद
-
मूल निवासी: ग्राम घनस्याली, बीरोंखाल, जिला पौड़ी गढ़वाल।
-
वर्तमान पता: कृपा कुटिर, भारत माता पुरम कॉलोनी, भूपतवाला (किराएदार)।
मकान मालिक पर भी गिरा गाज: 10 हजार का जुर्माना
इस मामले में पुलिस ने केवल अपराधी पर ही नहीं, बल्कि लापरवाही बरतने वाले मकान मालिक पर भी सख्त कार्रवाई की है। जांच में पाया गया कि आरोपी सूरज प्रसाद बिना किसी पुलिस वेरिफिकेशन (सत्यापन) के कृपा कुटिर में रह रहा था। नगर कोतवाली प्रभारी रितेश शाह ने बताया कि बाहरी व्यक्तियों को बिना सत्यापन के किराए पर रखना कानूनी अपराध है और सुरक्षा में बड़ी चूक है। इसी के तहत मकान मालिक पर 10,000 रुपये का नगद जुर्माना लगाया गया है।
इन धाराओं में दर्ज हुआ मुकदमा
पुलिस ने आरोपी के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की सुसंगत धाराओं और यौन अपराधों से बच्चों का संरक्षण अधिनियम (POCSO Act) के तहत मुकदमा दर्ज किया है। शनिवार को आरोपी को न्यायालय में पेश किया गया, जहां से उसे न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया है।
पुलिस टीम की सफलता: इस त्वरित कार्रवाई में नगर कोतवाली प्रभारी रितेश शाह, एसएसआई नन्द किशोर ग्वाडी, दरोगा चरण सिंह, महिला दरोगा निशा सिंह, सब दरोगा अरविन्द भट्ट और हेड कांस्टेबल प्रदीप पंवार की मुख्य भूमिका रही।
देवभूमि में बढ़ते अपराधों पर उठे सवाल
धर्मनगरी में मासूम बच्चियों के साथ बढ़ती इस तरह की घटनाएं समाज और प्रशासन के लिए चिंता का विषय हैं। स्थानीय नागरिकों ने पुलिस की त्वरित कार्रवाई की प्रशंसा तो की है, लेकिन साथ ही पार्कों और कॉलोनियों में सुरक्षा व्यवस्था और गश्त बढ़ाने की मांग भी की है। एसएसपी प्रमेंद्र सिंह डोबाल ने स्पष्ट किया है कि महिलाओं और बच्चों के विरुद्ध अपराध करने वालों को किसी भी सूरत में बख्शा नहीं जाएगा।



