धामी सरकार का ‘एक्शन प्लान’: फर्जी दस्तावेजों और अतिक्रमण पर दिए सख्त निर्देश, देहरादून के विकास के लिए बनेगा ‘मास्टर ब्लूप्रिंट’
Dehradun Development Review 2026: मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने देहरादून जनपद के विकास कार्यों की मैराथन समीक्षा की। सीएम ने दो टूक कहा— गलत प्रमाण पत्र बनाने वालों को जेल भेजें और अतिक्रमण पर कार्रवाई जारी रखें।

यह रहा मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी की देहरादून समीक्षा बैठक पर आधारित एक शानदार प्रोफेशनल न्यूज़ आर्टिकल, जिसे मुख्यधारा के मीडिया हाउस के प्रारूप में तैयार किया गया है:
धामी सरकार का ‘एक्शन प्लान’: फर्जी दस्तावेजों और अतिक्रमण पर सर्जिकल स्ट्राइक के निर्देश, देहरादून के विकास के लिए बनेगा ‘मास्टर ब्लूप्रिंट’
Dehradun Development Review 2026: मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने देहरादून जनपद के विकास कार्यों की मैराथन समीक्षा की। सीएम ने दो टूक कहा— गलत प्रमाण पत्र बनाने वालों को जेल भेजें और सरकारी जमीन से अतिक्रमण हटाने का अभियान और तेज करें।
देहरादून: उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने राजधानी देहरादून को स्मार्ट, सुरक्षित और पारदर्शी प्रशासन से लैस करने के लिए अधिकारियों को कड़े तेवर दिखाए हैं। गुरुवार को राजपुर रोड स्थित वन मुख्यालय के ‘मंथन’ सभागार में आयोजित समीक्षा बैठक में मुख्यमंत्री ने जनपद के विकास कार्यों का बारीकी से हिसाब-किताब लिया। बैठक में सीएम ने स्पष्ट किया कि विकास कार्यों में ‘समन्वय और समयबद्धता’ (Coordination and Timeliness) से कोई समझौता नहीं किया जाएगा।
फर्जी दस्तावेजों पर प्रहार: आयुष्मान और राशन कार्डों की होगी गहन जांच
मुख्यमंत्री ने बैठक में सबसे बड़ा निर्देश दस्तावेजों के सत्यापन को लेकर दिया। उन्होंने जिला प्रशासन को आदेश दिया कि सरकारी योजनाओं का लाभ केवल पात्र व्यक्तियों को ही मिले, इसके लिए आयुष्मान कार्ड, राशन कार्ड और परिवार रजिस्टर का नियमित सत्यापन किया जाए।
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कड़ी कार्रवाई: जिन लोगों ने धोखाधड़ी से सरकारी दस्तावेज बनवाए हैं, उनके कार्ड तुरंत निरस्त किए जाएं।
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जवाबदेही: मुख्यमंत्री ने साफ चेतावनी दी कि गलत प्रमाण पत्र जारी करने वाले अधिकारियों और कर्मचारियों के खिलाफ भी सख्त कानूनी कार्रवाई की जाए।
अतिक्रमण मुक्त देहरादून: 47 हेक्टेयर भूमि कराई गई आजाद
देहरादून में सरकारी जमीनों पर अवैध कब्जे को लेकर सीएम धामी बेहद सख्त दिखे। जिलाधिकारी सविन बंसल ने बैठक में बताया कि जनपद में चिन्हित 57 हेक्टेयर अतिक्रमित भूमि में से 47 हेक्टेयर को अब तक मुक्त कराया जा चुका है। मुख्यमंत्री ने वन विभाग, एमडीडीए (MDDA) और नगर निगम को निर्देश दिए कि यह अभियान रुकना नहीं चाहिए और शेष भूमि को भी जल्द कब्जा मुक्त कराया जाए।
इंफ्रास्ट्रक्चर: सड़कों की खुदाई के लिए ‘ठोस कार्ययोजना’ जरूरी
अक्सर देखा जाता है कि एक विभाग सड़क बनाता है और दूसरा उसे पाइपलाइन के लिए खोद देता है। इस समस्या के समाधान के लिए सीएम ने कड़े निर्देश दिए:
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बिजली, पानी और गैस की भूमिगत लाइनों के लिए सभी विभाग आपसी समन्वय (Departmental Synergy) से काम करें।
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जिलाधिकारी की अनुमति और समय निर्धारण के बिना कोई भी सड़क नहीं खोदी जाएगी।
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आंतरिक सड़कों के रख-रखाव और कनेक्टिविटी सुधार पर विशेष ध्यान दिया जाएगा।
कनेक्टिविटी और नवाचार: एलिवेटेड कॉरिडोर से बदलेगी दून की सूरत
मुख्यमंत्री ने कहा कि रिस्पना और बिंदाल एलिवेटेड कॉरिडोर के साथ-साथ दिल्ली-देहरादून एक्सप्रेसवे से शहर की कनेक्टिविटी में क्रांतिकारी सुधार होगा। उन्होंने अधिकारियों से कहा कि विकास के साथ-साथ ‘नवाचार’ (Innovation) पर भी ध्यान दें।
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पांवटा साहिब-बल्लूपुर फ्लाईओवर: निर्माण कार्य अंतिम चरण में है, जिसे जल्द जनता को समर्पित किया जाएगा।
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स्मार्ट पार्किंग: भीड़भाड़ कम करने के लिए परेड ग्राउंड और दून अस्पताल में ऑटोमेटिक पार्किंग की सुविधा शुरू की गई है।
सामाजिक सुरक्षा और जन-समस्याएं
‘जन-जन की सरकार, जन-जन के द्वार’ के मूल मंत्र को दोहराते हुए सीएम ने कहा कि पात्र व्यक्तियों को योजनाओं का लाभ उनके घर तक पहुंचना चाहिए। शीतकाल को देखते हुए उन्होंने कुछ विशेष निर्देश दिए:
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रैन बसेरे: बुजुर्गों और महिलाओं के लिए रैन बसेरों में सभी आवश्यक सुविधाएं सुनिश्चित हों।
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ठंड से बचाव: प्रमुख चौराहों पर ठंड से बचाव के लिए अलाव जलाने की समुचित व्यवस्था की जाए।
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नशा मुक्ति एवं सुरक्षा: पुलिस को रात्रिकालीन गश्त बढ़ाने और नशे के खिलाफ ‘रैण्डम चैकिंग’ करने के निर्देश दिए गए।
जिलाधिकारी की रिपोर्ट: आंकड़ों में देहरादून की प्रगति
जिलाधिकारी सविन बंसल ने बैठक में जनपद की प्रमुख उपलब्धियों का ब्यौरा पेश किया:
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UCC पंजीकरण: समान नागरिक संहिता के तहत जिले में 61 हजार रजिस्ट्रेशन पूरे।
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सीएम हेल्पलाइन: 7,662 शिकायतों में से 6,480 का सफलतापूर्वक निस्तारण।
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सत्यापन का असर: अब तक 5,590 फर्जी राशन कार्ड और 9,428 संदिग्ध आयुष्मान कार्ड निरस्त किए गए।
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शिक्षा एवं स्वास्थ्य: ‘प्रोजेक्ट उत्कर्ष’ से स्कूलों का कायाकल्प और गांधी शताब्दी अस्पताल में 12 बेडेड एसएनसीयू (SNCU) की स्थापना।
News Highlights:
| क्षेत्र | मुख्य निर्णय / उपलब्धि |
| अतिक्रमण | 47 हेक्टेयर सरकारी जमीन अब तक अवैध कब्जे से मुक्त। |
| सत्यापन | फर्जी दस्तावेजों पर बड़ी कार्रवाई, हजारों कार्ड निरस्त। |
| परिवहन | रिस्पना-बिंदाल एलिवेटेड कॉरिडोर प्रोजेक्ट की गति तेज। |
| सुरक्षा | साइबर अपराध नियंत्रण और नशे के खिलाफ जीरो टॉलरेंस। |
बैठक में उपस्थिति: इस महत्वपूर्ण समीक्षा बैठक में कैबिनेट मंत्री सुबोध उनियाल, राज्यसभा सांसद नरेश बंसल, विधायक खजान दास, विनोद चमोली, उमेश शर्मा काऊ सहित तमाम विभागों के वरिष्ठ अधिकारी और नगर निगम के मेयर उपस्थित रहे।



