By using this site, you agree to the Privacy Policy and Terms of Use.
Accept
The Hill IndiaThe Hill IndiaThe Hill India
Notification Show More
Font ResizerAa
  • होम
  • फीचर्ड
  • उत्तराखंड
  • देश
  • विदेश
  • राजनीति
  • पर्यावरण
  • क्राइम
  • पर्यटन
  • शिक्षा
  • स्वास्थय
  • सामाजिक
  • स्पोर्ट्स
  • वीडियो
  • Contact Us
Reading: नई दिल्ली : आगामी 500 दिनों में नए 25,000 टावर लगाने के लिए 36,000 करोड़ रुपये स्वीकृत :अश्विनी वैष्णव
Share
Font ResizerAa
The Hill IndiaThe Hill India
  • होम
  • फीचर्ड
  • उत्तराखंड
  • देश
  • विदेश
  • राजनीति
  • पर्यावरण
  • क्राइम
  • पर्यटन
  • शिक्षा
  • स्वास्थय
  • सामाजिक
  • स्पोर्ट्स
  • वीडियो
  • Contact Us
Search
  • होम
  • फीचर्ड
  • उत्तराखंड
  • देश
  • विदेश
  • राजनीति
  • पर्यावरण
  • क्राइम
  • पर्यटन
  • शिक्षा
  • स्वास्थय
  • सामाजिक
  • स्पोर्ट्स
  • वीडियो
  • Contact Us
Have an existing account? Sign In
Follow US
The Hill India > Blog > देश > नई दिल्ली : आगामी 500 दिनों में नए 25,000 टावर लगाने के लिए 36,000 करोड़ रुपये स्वीकृत :अश्विनी वैष्णव
देशफीचर्ड

नई दिल्ली : आगामी 500 दिनों में नए 25,000 टावर लगाने के लिए 36,000 करोड़ रुपये स्वीकृत :अश्विनी वैष्णव

Rajesh Dabral
Last updated: October 4, 2022 7:39 am
Rajesh Dabral
Published: October 4, 2022
Share
SHARE

राज्यों के सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रियों का तीन दिवसीय डिजिटल इंडिया सम्मेलन संपन्न

आगामी 500 दिनों में नए 25,000 टावर लगाने के लिए 36,000 करोड़ रुपये स्वीकृत

2000 करोड़ रुपये के पूंजीगत व्यय के लिए राज्यों को विशेष समर्थन  के लिए सहायता प्रदान की गई

सूचना प्रौद्योगिकी नियम, डेटा शासन, डिजिटल इंडिया भाषिणी, डिजिटल भुगतान, माईस्कीम और मेरी पहचान पर विशेष ध्यान केंद्रित

स्टार्टअप्स, उभरती प्रौद्योगिकियों, कौशल विकास, डिजिटल सुशासन और सेमीकंडक्टर इकोसिस्टम को बढ़ावा देने पर पैनल चर्चा

“राज्यों के सूचना प्रौद्योगिकी (आईटी) मंत्रियों का तीन दिवसीय डिजिटल इंडिया सम्मेलन” 1 अक्टूबर 2022 को नई दिल्ली में शुरू हुआ और कल इसका समापन हुआ।

पहले दिन संचार, इलेक्ट्रॉनिक्स और सूचना प्रौद्योगिकी और रेलवे मंत्री  अश्विनी वैष्णव की अध्यक्षता में राज्यों एवं केंद्र शासित प्रदेशों के साथ डिजिटल इंडिया पहल के प्रमुख प्राथमिकता वाले क्षेत्रों पर विस्तृत चर्चा हुई। इलेक्ट्रॉनिक्स एवं सूचना प्रौद्योगिकी और कौशल विकास तथा उद्यमिता राज्य मंत्री,  राजीव चंद्रशेखर और संचार राज्य मंत्री,  देवुसिंह चौहान के साथ 12 राज्यों एवं केंद्र शासित प्रदेशों, अर्थात् आंध्र प्रदेश, असम, बिहार, मध्य प्रदेश, गुजरात, गोवा, मणिपुर, उत्तराखंड, तेलंगाना, मिजोरम, सिक्किम और पुडुचेरी के आईटी मंत्री इसमें शामिल हुए।

https://static.pib.gov.in/WriteReadData/userfiles/image/image001WSV5.jpg

अपने समापन भाषण में, अश्विनी वैष्णव ने कहा कि डिजिटल इंडिया और देश के हर कोने तक इसकी पहुंच के लिए सम्पर्क महत्वपूर्ण है। उन्होंने घोषणा की कि आगामी 500 दिनों में नए 25,000 टावर लगाने के लिए 36,000 करोड़ रुपये स्वीकृत किए गए हैं। उन्होंने सभी राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों को पीएम गति शक्ति में तेजी से शामिल होने के लिए बधाई दी। उन्होंने यह जानकारी भी साझा कि 2000 करोड़ रुपये के पूंजीगत व्यय के लिए राज्यों को विशेष सहायता का समर्थन किया गया है। उन्होंने राज्यों को पहले से ही सक्रिय रहने और अपने राज्यों में व्यवसायों को आकर्षित करने के लिए व्यापार अनुकूल नीतियां बनाने के लिए प्रोत्साहित किया। सबका साथ और सबका विकास के आदर्श पर जोर देते हुए उन्होंने कहा कि सभी राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों, चाहे वे बड़े हों अथवा छोटे, की प्रतिबद्धताएं ही डिजिटल इंडिया को उच्च स्तर पर ले जाने तथा आत्मनिर्भर भारत और ट्रिलियन डॉलर वाली डिजिटल अर्थव्यवस्था को साकार करने के लिए महत्वपूर्ण हैं।

https://static.pib.gov.in/WriteReadData/userfiles/image/image0022SCB.jpg

दूसरे दिन, 2 अक्टूबर 2022 को इलेक्ट्रॉनिक्स एवं आईटी मंत्रालय ने सूचना प्रौद्योगिकी नियम,ऑनलाइन गेमिंग और डेटा गवर्नेंस, डिजिटल इंडिया भाषिणी तथा डिजिटल भुगतान’ और माईस्कीम और मेरी पहचानजैसे महत्वपूर्ण पहलुओं पर तीन सत्रों का आयोजन किया। माईस्कीम पर पात्रता/प्रोफाइल आधारित सेवा खोज पर एक डेमो की प्रस्तुति दी गई। अपनी समापन टिप्पणी में, इलेक्ट्रॉनिक्स एवं आईटी मंत्रालय में सचिव श्री अल्केश कुमार शर्मा ने राज्यों और केंद्रशासित प्रदेशों को प्रोत्साहित किया कि वे केंद्र सरकार द्वारा प्रकाशित एवं तैयार की जा रही नीतियों के अनुरूप ही अपनी –अपनी नीतियों को संरेखित करेंI उन्होंने यह भी कहा कि राज्यों और केंद्रशासित प्रदेशों को नागरिक केंद्रित एवं व्यवसाय केन्द्रित सेवाओं में सुधार के लिए केंद्र सरकार की नवीनतम पहलों का लाभ उठाना चाहिए ताकि जीवन और व्यापार करने में सुगमता हो।

सम्मेलन के तीसरे दिन इलेक्ट्रॉनिक्स एवं आईटी मंत्रालय ने टियर 2 शहरों में स्टार्टअप्स को आकर्षित करना और उन्हें बनाए रखना, लोक सेवाओं में उभरती हुई तकनीक का उपयोग, ‘भारत को प्रतिभाओं का देश बनाने’, ‘राज्यों में डिजिटल सुशासन का निर्माण’ तथा ‘मेक-इन-इंडिया फॉर द ग्लोब-इंडिया एज़ सेमीकंडक्टर नेशन’ शीर्षक से पांच पैनल चर्चाएं आयोजित कीं।मुख्य वक्ताओं में मैपमाई इंडिया के मुख्य कार्यकारी अधिकारी श्री रोहन वर्मा, वाधवानी के मुख्य कार्यकारी अधिकारी श्री प्रकाश कुमार,नैसकॉम की अध्यक्ष सुश्री देबजानी घोष, टाटा संस में सरकारी मामलों के वरिष्ठ अधिकारी श्री तनमय चक्रवर्ती, और टेक्सास इंस्ट्रूमेंट्स के महाप्रबंधक श्री संतोष कुमार शामिल थे। पैनल चर्चा का संचालन एमईआईटीवाई के वरिष्ठ अधिकारियों द्वारा किया गया था और इस पैनल में राज्य सरकारों के वरिष्ठ अधिकारी भी शामिल थे ।

अपनी समापन टिप्पणी में इलेक्ट्रॉनिक्स एवं आईटी मंत्रालय में सचिव श्री अलकेश कुमार शर्मा ने सभी राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों को अपने राज्यों में डिजिटल इंडिया पहल की नवीनतम प्रगति को साझा करने के लिए बधाई दी। उन्होंने उद्योग के दृष्टिकोण और सर्वोत्तम वैश्विक प्रथाओं को साझा करने के लिए उद्योग प्रतिनिधियों के योगदान की भी सराहना की। उन्होंने कहा कि भारत सरकार टियर 1 शहरों से और आगे जा कर प्रौद्योगिकी स्टार्टअप को बढ़ावा देने के लिए प्रतिबद्ध है।उन्होंने सम्पन्नता की ओर बढ़ते हुए स्टार्ट-अप इकोसिस्टम बनाने के लिए राज्य स्तर पर सहयोग, स्टार्ट-अप अनुकूल नीतियों और प्रोत्साहन पर जोर दिया। उभरती हुई प्रौद्योगिकी का उल्लेख करते हुए उन्होंने एआई, ब्लॉकचैन, ड्रोन, आईओटी आदि का उपयोग करके डेटा संचालित निर्णय लेने और डेटा और प्रक्रिया संचालित नवाचारों पर बल दिया। उन्होंने कहा कि प्रतिस्पर्धी मूल्य पर अत्यधिक कुशल संसाधन प्राप्त करने के लिए भारत पहली पसंद का गंतव्य स्थल है।

उन्होंने कहा कि टीम इंडिया-सरकार, उद्योग और शिक्षाविदों को युवाओं तथा पेशेवरों को भविष्य के लिए तैयार करने एवं भारत को प्रतिभा राष्ट्र के रूप में स्थापित करने के लिए गहन प्रौद्योगिकियों पर लगातार प्रशिक्षित/पुन: प्रशिक्षित करने के लिए मिलकर काम करना चाहिए। उन्होंने उल्लेख किया कि व्यक्तिगत और सक्रिय सेवाओं को बेहतर बनाने तथा वितरित करने के लिए ‘डिजिटल बाय डिफॉल्ट’ दृष्टिकोण तथा उपस्थिति-रहित, संपर्क रहित, पेपरलेस, कभी भी, कहीं भी और कम सेवाओं को आमंत्रित करने के सिद्धांत महत्वपूर्ण हैं। उन्होंने कहा कि देश में सेमीकंडक्टर विनिर्माण इकोसिस्टम स्थापित करने और इस तरह रोजगार पैदा करने तथा डिजिटल अर्थव्यवस्था में मूल्यवर्धन में तेजी लाने के मामले में एक बड़े अवसर का दोहन किया जाना बाकी है। उन्होंने यह भी उल्लेख किया कि केंद्र सरकार द्वारा घोषित प्रोत्साहनों के अलावा, राज्य स्तरीय अनुकूल नीतियां और वित्तीय प्रोत्साहन उन कंपनियों को आकर्षित करने के लिए ऐसे मार्गदर्शक बल होंगे जो रोजगार और राजस्व उत्पन्न करेंगे।

 

You Might Also Like

GST 2.0 का धमाका: ऑटो सेक्टर में रिकॉर्ड बिक्री, शोरूम और ऑनलाइन प्लेटफॉर्म पर खरीदारों की लगी लंबी कतारें
तेज प्रताप यादव के दो भावुक पोस्ट ने लालू परिवार में फिर छेड़ा तूफान, ‘जयचंद’ कौन?
Uttarakhand: ताज़ा बर्फ़बारी से चमकीं उत्तराखंड की वादियां; उमड़ा पर्यटकों का सैलाब, कई किलोमीटर लंबे जाम ने छुड़ाए पुलिस के पसीने
महाराष्ट्र : भाजपा नहीं चाहती दलितों, आदिवासियों को अधिकार मिले -राहुल गांधी
यहाँ के स्कूलों में बढ़ रहा है आंखों का संक्रमण, तीन से चार दिन में ठीक हो रहे मरीज
Share This Article
Facebook Email Print
Leave a Comment

Leave a Reply Cancel reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Follow US

Find US on Social Medias
FacebookLike
XFollow
YoutubeSubscribe
TelegramFollow
Popular News
फीचर्डविदेशस्पोर्ट्स

तेहरान से वर्ल्ड कप तक: क्या अमेरिका-ईरान तनाव की कीमत चुका रही है ईरानी फुटबॉल टीम?

The Hill India News
The Hill India News
June 17, 2026
राम मंदिर चढ़ावा घोटाला: फॉर्महाउस, बंगले और करोड़ों की संपत्ति के आरोपों में घिरे 6 अहम किरदार, एसआईटी जांच से बढ़ी हलचल
पेपर लीक से डेटा लीक तक: क्यों सवालों के घेरे में है टेलीग्राम? भारत समेत कई देशों ने दिखाई सख्ती, जानिए पूरा मामला
लखनऊ मेट्रो का महाविस्तार: 10 नए कॉरिडोर से बदलेगी राजधानी की तस्वीर, बाराबंकी से उन्नाव तक दौड़ेगी मेट्रो
किशाऊ बांध परियोजना का रास्ता साफ: अमित शाह के हस्तक्षेप से खत्म हुआ वर्षों पुराना विवाद, उत्तराखंड को बड़ी राहत
व्हाइट हाउस में ट्रंप पर हमले की बड़ी साजिश नाकाम, ड्रोन और स्नाइपर से जन्मदिन समारोह को दहलाने की थी तैयारी, मां की सूचना से पकड़े गए 5 आरोपी
उत्तराखंड में एसटी प्रमाण पत्रों पर बड़ा विवाद: राज्य गठन के बाद जारी सभी प्रमाण पत्रों की जांच की मांग, सरकारी लाभों की भी हो सकती है समीक्षा
उत्तराखंड: कर्णप्रयाग हिंसा के बाद हेमकुंड साहिब ट्रस्ट की बड़ी अपील, धर्म रक्षा के लिए हैं शस्त्र, दुरुपयोग से बचें श्रद्धालु
मेसी का महाविस्फोट: विश्व कप में रचा इतिहास, सबसे अधिक गोल करने वाले संयुक्त रूप से पहले खिलाड़ी बने
शिवसेना UBT में बढ़ी अंदरूनी नाराजगी! आखिर क्यों उद्धव ठाकरे का साथ छोड़ने को तैयार दिख रहे हैं सांसद?
© The Hill India. All Rights Reserved | Developed By: Tech Yard Labs
Welcome Back!

Sign in to your account

Username or Email Address
Password

Lost your password?