रुद्रपुर। ऊधम सिंह नगर के किच्छा में नगर पालिका चुनाव के दौरान शुरू हुआ विवाद अब पुलिस कार्रवाई तक पहुंच गया है। मतगणना परिसर और स्ट्रांग रूम के बाहर कांग्रेस विधायक तिलक राज बेहड़ और भाजपा के पूर्व विधायक राजेश शुक्ला के समर्थकों के आमने-सामने आने के बाद हुए हंगामे के मामले में पुलिस ने बड़ी कार्रवाई की है। पुलिस ने विधायक तिलक राज बेहड़ के साथ धक्का-मुक्की के आरोप में एक व्यक्ति को गिरफ्तार किया है, जबकि कानून-व्यवस्था बिगाड़ने की आशंका और शांति भंग करने के आरोप में 30 अन्य लोगों को हिरासत में लिया गया है।
यह पूरा घटनाक्रम किच्छा की नई मंडी स्थित मतगणना परिसर में सामने आया, जहां स्ट्रांग रूम की सुरक्षा व्यवस्था को लेकर पहले से विवाद की स्थिति बनी हुई थी। मंगलवार शाम करीब 4:30 बजे विधायक तिलक राज बेहड़ और पूर्व विधायक राजेश शुक्ला अपने-अपने समर्थकों और प्रत्याशियों के साथ मौके पर पहुंचे। देखते ही देखते दोनों पक्षों के समर्थक आमने-सामने आ गए और कहासुनी के बाद धक्का-मुक्की शुरू हो गई। स्थिति बिगड़ने पर पुलिस को हस्तक्षेप करना पड़ा।
स्ट्रांग रूम के बाहर पर्दे को लेकर शुरू हुआ विवाद
बताया जा रहा है कि विवाद की शुरुआत स्ट्रांग रूम के बाहर लगाए जा रहे पर्दे और सुरक्षा व्यवस्था को लेकर हुई। विधायक तिलक राज बेहड़ को जब इसकी जानकारी मिली तो वह मौके पर पहुंचे और उन्होंने व्यवस्था को लेकर आपत्ति जताई। इस दौरान उनकी रिटर्निंग ऑफिसर से भी तीखी नोकझोंक होने की खबर सामने आई। अधिकारियों की ओर से मौके पर मौजूद लोगों को मतगणना स्थल से बाहर जाने के लिए कहा गया। इसके बाद विधायक बेहड़ स्ट्रांग रूम के बाहर ही बैठ गए।
इसी बीच पूर्व विधायक राजेश शुक्ला भी अपने समर्थकों के साथ मौके पर पहुंच गए। दोनों पक्षों के आमने-सामने आने के बाद माहौल तेजी से तनावपूर्ण हो गया। समर्थकों के बीच कहासुनी और धक्का-मुक्की की स्थिति पैदा हो गई। इसी दौरान विधायक तिलक राज बेहड़ को थप्पड़ मारे जाने का आरोप सामने आया। घटना के बाद मौके पर मौजूद पुलिस और प्रशासनिक अधिकारियों ने दोनों पक्षों को अलग करने का प्रयास किया।
पुलिस ने दोनों पक्षों को अलग-अलग हटाया
स्थिति को बिगड़ने से रोकने के लिए पुलिस ने तत्काल कार्रवाई की। पुलिस के अनुसार, पूर्व विधायक राजेश शुक्ला और उनके समर्थकों को पंतनगर स्थित सिडकुल चौकी ले जाया गया, जबकि विधायक तिलक राज बेहड़ और उनके समर्थकों को किच्छा कोतवाली ले जाया गया। पुलिस का कहना है कि यह कदम किसी अप्रिय घटना को रोकने और मतगणना परिसर में कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए उठाया गया।
घटना के दौरान मौके पर पुलिस बल बढ़ाया गया और दोनों पक्षों को अलग-अलग किया गया। चुनाव प्रक्रिया से जुड़े संवेदनशील स्थल यानी स्ट्रांग रूम की सुरक्षा को देखते हुए प्रशासन ने स्थिति को नियंत्रण में रखने के लिए अतिरिक्त सतर्कता बरती।
धीरज कुमार गिरफ्तार, 30 लोग हिरासत में
पुलिस की कार्रवाई में लालपुर की आस्था कॉलोनी निवासी 40 वर्षीय धीरज कुमार को मुख्य आरोपी के रूप में गिरफ्तार किया गया है। पुलिस के अनुसार, धीरज कुमार पर वर्तमान विधायक तिलक राज बेहड़ के साथ धक्का-मुक्की करने का आरोप है। पुलिस ने उसके खिलाफ धारा 170 बीएनएस के तहत कार्रवाई करते हुए उसे न्यायालय के समक्ष पेश करने की प्रक्रिया शुरू की है।
इसके अलावा पुलिस ने पूरे घटनाक्रम में शांति व्यवस्था बिगाड़ने वाले लोगों की पहचान शुरू कर दी है। पुलिस के अनुसार, अब तक 30 लोगों को हिरासत में लिया गया है और उनके खिलाफ नियमानुसार वैधानिक कार्रवाई की जा रही है। पुलिस का कहना है कि घटनास्थल पर मौजूद लोगों की भूमिका की जांच की जा रही है और उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
विधायक बेहड़ पक्ष ने उठाए सवाल
घटना के बाद विधायक तिलक राज बेहड़ की ओर से मामले में एफआईआर दर्ज करने और जिम्मेदार लोगों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की गई। विधायक पक्ष की ओर से यह सवाल उठाया गया कि यदि मतगणना परिसर जैसे संवेदनशील स्थान पर उनके साथ मारपीट या हिंसा की घटना हुई है, तो उसके संबंध में मुकदमा दर्ज कर कार्रवाई होनी चाहिए।
वहीं, इस पूरे घटनाक्रम को लेकर चुनाव प्रक्रिया और स्ट्रांग रूम की सुरक्षा व्यवस्था पर भी सवाल उठाए गए हैं। हालांकि, इन आरोपों और दावों पर अंतिम स्थिति पुलिस जांच तथा संबंधित कानूनी प्रक्रिया पूरी होने के बाद ही स्पष्ट होगी।
राजेश शुक्ला और बेहड़ के समर्थकों में पहले से थी तनातनी
किच्छा में यह विवाद अचानक नहीं बढ़ा। चुनाव के दौरान ही दोनों पक्षों के बीच कई मुद्दों को लेकर राजनीतिक तनातनी देखने को मिल रही थी। मतदान के दौरान भी अलग-अलग स्थानों पर नेताओं और समर्थकों के बीच विवाद की खबरें सामने आई थीं। मंगलवार को स्ट्रांग रूम के बाहर दोनों पक्षों की मौजूदगी ने पहले से चल रही तल्खी को और बढ़ा दिया।
रिपोर्टों के अनुसार, विधायक बेहड़ स्ट्रांग रूम की व्यवस्था को लेकर अपनी आपत्ति दर्ज कराने पहुंचे थे, जबकि पूर्व विधायक राजेश शुक्ला भी मौके पर पहुंच गए। दोनों पक्षों के समर्थकों की संख्या बढ़ने के साथ ही स्थिति नियंत्रण से बाहर होने लगी और धक्का-मुक्की के बाद थप्पड़ मारे जाने का आरोप सामने आया।
एसएसपी ने दिया सख्त कार्रवाई का संदेश
ऊधम सिंह नगर के एसएसपी अजय गणपति ने कहा है कि जिले में कानून और शांति व्यवस्था से खिलवाड़ करने वाले किसी भी व्यक्ति को बख्शा नहीं जाएगा। पुलिस के अनुसार, स्ट्रांग रूम की सुरक्षा और निर्वाचन प्रक्रिया को प्रभावित करने वाले किसी भी प्रयास पर साक्ष्यों के आधार पर कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
पुलिस प्रशासन की प्राथमिकता फिलहाल मतगणना परिसर और स्ट्रांग रूम की सुरक्षा बनाए रखना है। इसी को देखते हुए मौके पर सुरक्षा व्यवस्था को और मजबूत किया गया है। पुलिस पूरे घटनाक्रम से जुड़े लोगों की भूमिका की जांच कर रही है।
चुनाव के बीच किच्छा में बढ़ा राजनीतिक तनाव
किच्छा नगर पालिका चुनाव से जुड़ा यह विवाद अब केवल दो पक्षों के बीच कहासुनी तक सीमित नहीं रहा, बल्कि पुलिस कार्रवाई और कानूनी प्रक्रिया तक पहुंच गया है। एक ओर विधायक तिलक राज बेहड़ के साथ धक्का-मुक्की और थप्पड़ मारे जाने का आरोप है, वहीं दूसरी ओर पुलिस ने कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए दोनों पक्षों को मौके से हटाया और कई लोगों को हिरासत में लिया।
फिलहाल पुलिस की कार्रवाई जारी है। एक व्यक्ति की गिरफ्तारी और 30 लोगों की हिरासत के बाद अब जांच का केंद्र यह रहेगा कि घटनास्थल पर किसकी क्या भूमिका थी और विवाद किस तरह बढ़कर हाथापाई तक पहुंचा। पुलिस द्वारा जुटाए जा रहे साक्ष्यों और आगे की कानूनी कार्रवाई के बाद ही मामले की पूरी तस्वीर साफ हो सकेगी।
