
आईपीएल 2026 में चेन्नई सुपर किंग्स का सफर अभी पूरी तरह खत्म नहीं हुआ है, लेकिन टीम से ज्यादा चर्चा इस वक्त एक खिलाड़ी को लेकर हो रही है—महेंद्र सिंह धोनी। हर मैच से पहले यही सवाल उठता है कि आखिर “थाला” मैदान पर कब लौटेंगे? दिल्ली कैपिटल्स के खिलाफ मुकाबले से पहले भी यही उम्मीद थी कि शायद धोनी टीम के साथ दिखाई दें, लेकिन ऐसा नहीं हुआ। अब फैंस की बेचैनी बढ़ती जा रही है और सवाल यह भी उठने लगा है कि कहीं आईपीएल 2026 धोनी के करियर का आखिरी सीजन तो नहीं बनता जा रहा।
चेन्नई सुपर किंग्स ने आईपीएल इतिहास में पांच बार खिताब जीता है और पांच बार उपविजेता भी रही है। लेकिन 2023 में आखिरी बार ट्रॉफी जीतने के बाद से टीम लगातार संघर्ष कर रही है। 2024 में टीम प्लेऑफ से बाहर रही और 2025 में आखिरी स्थान पर पहुंच गई थी। इस सीजन में भी चेन्नई की स्थिति बहुत मजबूत नहीं है, हालांकि प्लेऑफ की उम्मीदें अभी जिंदा हैं। टीम ने अब तक 9 मैचों में 4 जीत हासिल की हैं और 8 अंकों के साथ अंक तालिका में छठे स्थान पर है।
लेकिन इन सबके बीच सबसे बड़ा सवाल धोनी की फिटनेस और वापसी को लेकर है। आईपीएल 2026 शुरू होने से ठीक पहले एमएस धोनी को पिंडली की चोट के कारण अनफिट घोषित किया गया था। इसके बाद कई बार वह नेट्स में अभ्यास करते दिखाई दिए, लेकिन मैच में उतरते नजर नहीं आए। यही वजह है कि हर मुकाबले से पहले फैंस सोशल मीडिया से लेकर स्टेडियम तक एक ही सवाल पूछ रहे हैं—“क्या आज धोनी खेलेंगे?”
दिल्ली कैपिटल्स के खिलाफ मुकाबले से पहले चेन्नई सुपर किंग्स के गेंदबाजी कोच एरिक सिम्मंस प्रेस कॉन्फ्रेंस में आए। उनसे पहला सवाल भी धोनी को लेकर ही पूछा गया। सिम्मंस ने साफ कहा कि धोनी की फिटनेस पर आधिकारिक जानकारी देना उनके अधिकार क्षेत्र में नहीं है। उन्होंने इतना जरूर कहा कि धोनी लगातार रिकवर कर रहे हैं, लेकिन अभी दिल्ली में टीम के साथ मौजूद नहीं हैं। इस बयान के बाद यह लगभग तय हो गया कि दिल्ली के खिलाफ मुकाबले में धोनी मैदान पर नजर नहीं आएंगे।
धोनी की गैरमौजूदगी ने फैंस की चिंता और बढ़ा दी है। क्योंकि धोनी सिर्फ एक खिलाड़ी नहीं, बल्कि चेन्नई सुपर किंग्स की पहचान हैं। आईपीएल में उनका नाम ही करोड़ों लोगों को स्टेडियम तक खींच लाता है। यही कारण है कि उनके नहीं खेलने की खबर से फैंस लगातार मायूस हो रहे हैं।
दिलचस्प बात यह है कि धोनी ने कुछ समय पहले एक कार्यक्रम में अपने रिटायरमेंट को लेकर बड़ा संकेत दिया था। उन्होंने कहा था कि उनका आखिरी वनडे मैच रांची में हुआ था और वह चाहते हैं कि उनका आखिरी टी-20 मुकाबला चेन्नई में हो। अब चेन्नई सुपर किंग्स का अगला घरेलू मैच 10 मई को लखनऊ सुपर जायंट्स के खिलाफ चेन्नई में होना है। ऐसे में यह चर्चा तेज हो गई है कि क्या वही मुकाबला धोनी के करियर का आखिरी मैच हो सकता है।
अगर पिछले दो सीजन में धोनी के प्रदर्शन पर नजर डालें तो उम्र बढ़ने के बावजूद उनका प्रभाव साफ दिखाई देता है। 2024 में उन्होंने 161 रन 221 के विस्फोटक स्ट्राइक रेट से बनाए थे। इसके अलावा विकेट के पीछे 13 कैच और 10 स्टंपिंग भी की थीं। वहीं 2025 में उन्होंने 196 रन बनाए, हालांकि स्ट्राइक रेट घटकर 136 रह गया। विकेटकीपिंग में भी उन्होंने 12 कैच और 6 स्टंपिंग कीं। यह आंकड़े बताते हैं कि धोनी आज भी मैच का रुख बदलने की क्षमता रखते हैं।
लेकिन 44 साल की उम्र में लगातार क्रिकेट खेलना आसान नहीं है। चोट से उबरने में समय लगना स्वाभाविक है। यही वजह है कि टीम मैनेजमेंट भी कोई जल्दबाजी नहीं करना चाहता। हालांकि फैंस के लिए इंतजार अब मुश्किल होता जा रहा है। सोशल मीडिया पर लगातार #Thala, #Dhoni और #CSK ट्रेंड कर रहे हैं। हर कोई बस एक बार फिर पीली जर्सी में धोनी को मैदान पर उतरते देखना चाहता है।
चेन्नई सुपर किंग्स के इस सीजन के प्रदर्शन की बात करें तो टीम ने राजस्थान, पंजाब, बैंगलोर, हैदराबाद और गुजरात के खिलाफ हार झेली है। वहीं दिल्ली, कोलकाता और मुंबई के खिलाफ शानदार जीत दर्ज की है। खासकर मुंबई इंडियंस के खिलाफ 103 रन और 8 विकेट की जीत ने टीम का आत्मविश्वास बढ़ाया है।
अब चेन्नई के सामने बचे हुए मुकाबले बेहद अहम हैं। टीम को दिल्ली, लखनऊ, हैदराबाद और गुजरात जैसी मजबूत टीमों से भिड़ना है। अगर चेन्नई को प्लेऑफ में पहुंचना है तो आने वाले मैचों में लगातार जीत जरूरी होगी। लेकिन इन सबके बीच सबसे बड़ा आकर्षण धोनी की वापसी ही बनी हुई है।
क्रिकेट फैंस जानते हैं कि धोनी के फैसलों का अंदाजा लगाना आसान नहीं है। उन्होंने हमेशा अपने फैसलों से सबको चौंकाया है। चाहे अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट से अचानक संन्यास लेना हो या कप्तानी छोड़ना—धोनी हमेशा सही समय पर अपने फैसले लेते आए हैं। यही वजह है कि अब कोई भी निश्चित तौर पर नहीं कह पा रहा कि वह फिर मैदान पर लौटेंगे या नहीं।
फिलहाल करोड़ों फैंस की नजरें 10 मई पर टिक गई हैं। चेन्नई के चेपॉक स्टेडियम में होने वाला मुकाबला सिर्फ एक लीग मैच नहीं, बल्कि शायद एक युग के अंत का गवाह भी बन सकता है। अगर उस दिन धोनी मैदान पर उतरते हैं तो स्टेडियम का माहौल ऐतिहासिक हो जाएगा। और अगर वह मैच उनके करियर का आखिरी मुकाबला साबित हुआ, तो यह सिर्फ चेन्नई सुपर किंग्स ही नहीं बल्कि पूरे भारतीय क्रिकेट के लिए भावुक पल होगा।



