डोईवाला। आयुर्वेदिक विश्वविद्यालय, हर्रावाला में परीक्षा परिणाम घोषित न होने को लेकर आंदोलन कर रहे विद्यार्थियों के समर्थन में कांग्रेस खुलकर सामने आ गई है। परवादून कांग्रेस जिलाध्यक्ष मोहित उनियाल ने कांग्रेसजनों के साथ आंदोलनरत छात्रों से मुलाकात कर उनकी समस्याएं सुनीं और स्पष्ट कहा कि विद्यार्थियों के भविष्य के साथ किसी भी तरह का खिलवाड़ बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। उन्होंने विश्वविद्यालय प्रशासन और सरकार से परीक्षा परिणाम शीघ्र घोषित करने की मांग करते हुए कहा कि वर्षों की मेहनत के बाद छात्रों को अपने परिणाम के लिए आंदोलन करने को मजबूर होना बेहद दुर्भाग्यपूर्ण है।
आंदोलन के दौरान स्थिति उस समय गंभीर हो गई, जब कुछ छात्र देर रात करीब 1:30 बजे पानी की टंकी पर चढ़ गए। बाद में प्रशासन की पहल पर छात्रों को सुरक्षित नीचे उतारा गया। इस दौरान उपजिलाधिकारी सदर अपूर्वा सिंह के समक्ष कुलपति से दूरभाष पर वार्ता हुई, जिसमें करीब 10 दिन के भीतर परीक्षा परिणाम घोषित करने का आश्वासन दिया गया। हालांकि छात्रों और कांग्रेस नेताओं ने स्पष्ट किया कि अब केवल आश्वासन नहीं, बल्कि तय समय सीमा के भीतर परिणाम घोषित होना चाहिए।
परवादून कांग्रेस जिलाध्यक्ष मोहित उनियाल ने कहा कि विश्वविद्यालय प्रशासन की जिम्मेदारी केवल प्रवेश प्रक्रिया पूरी करने और परीक्षाएं आयोजित करने तक सीमित नहीं है, बल्कि समय पर परीक्षा परिणाम घोषित कर विद्यार्थियों के भविष्य को सुरक्षित करना भी उसकी प्राथमिक जिम्मेदारी है। उन्होंने कहा कि जब विश्वविद्यालय ने छात्रों को प्रवेश दिया, उनकी फीस स्वीकार की और निर्धारित पाठ्यक्रम के अनुसार परीक्षाएं भी संपन्न कराईं, तो अब परिणाम रोके रखना किसी भी स्थिति में उचित नहीं ठहराया जा सकता।
मोहित उनियाल ने कहा कि चार वर्ष की पढ़ाई पूरी करने के बाद भी विद्यार्थियों को अपने परीक्षा परिणाम के लिए सड़कों पर उतरना पड़े और आंदोलन करना पड़े, तो यह शिक्षा व्यवस्था की गंभीर विफलता है। उन्होंने कहा कि परीक्षा परिणाम में देरी का सीधा असर छात्रों की इंटर्नशिप, आगे की पढ़ाई और उनके करियर पर पड़ सकता है। ऐसे में प्रशासन और विश्वविद्यालय को इस मामले को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए तत्काल समाधान करना चाहिए।
उन्होंने कहा, “विद्यार्थियों का भविष्य किसी प्रशासनिक गलती या लापरवाही की भेंट नहीं चढ़ने दिया जाएगा। हमारी मांग बिल्कुल स्पष्ट है कि परीक्षा परिणाम जल्द से जल्द घोषित किए जाएं, ताकि छात्रों की इंटर्नशिप प्रभावित न हो और उनका भविष्य सुरक्षित रह सके। कांग्रेस इस संघर्ष में विद्यार्थियों के साथ मजबूती से खड़ी है।”
इस दौरान मोहित उनियाल ने आंदोलनरत छात्रों से अपील भी की कि वे किसी भी परिस्थिति में ऐसा कदम न उठाएं, जिससे उनके जीवन को खतरा हो। उन्होंने कहा कि विद्यार्थियों का जीवन और भविष्य दोनों अत्यंत महत्वपूर्ण हैं और किसी भी समस्या का समाधान आत्मघाती कदमों से नहीं, बल्कि शांतिपूर्ण, लोकतांत्रिक और संगठित संघर्ष के माध्यम से किया जाना चाहिए।
कांग्रेस प्रदेश महासचिव अश्विनी बहुगुणा ने भी विद्यार्थियों की स्थिति पर चिंता जताते हुए कहा कि अपने भविष्य को लेकर छात्रों को मानसिक तनाव और अनिश्चितता के दौर से गुजरना पड़ रहा है। उन्होंने कहा कि यह बेहद दुर्भाग्यपूर्ण है कि जिन युवाओं को शिक्षा और करियर की दिशा में आगे बढ़ना चाहिए, वे अपने परीक्षा परिणाम के लिए आंदोलन करने को मजबूर हैं।
उन्होंने कहा कि सरकार और विश्वविद्यालय प्रशासन को संवेदनशीलता के साथ विद्यार्थियों की समस्याओं को समझना चाहिए। 10 दिन के भीतर परीक्षा परिणाम घोषित करने का जो आश्वासन दिया गया है, उसे हर हाल में समयबद्ध तरीके से पूरा किया जाना चाहिए। उन्होंने चेतावनी देते हुए कहा कि यदि आश्वासन के बावजूद छात्रों को फिर से इंतजार करना पड़ा तो इससे प्रशासन की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े होंगे।
वहीं, महिला कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष ज्योति रौतेला ने कहा कि किसी भी परिस्थिति में छात्रों की इंटर्नशिप और आगे की शिक्षा बाधित नहीं होनी चाहिए। उन्होंने कहा कि वर्षों की पढ़ाई के बाद विद्यार्थियों को परिणाम के अभाव में अपना भविष्य अधर में लटका हुआ महसूस करना पड़ रहा है। सरकार और विश्वविद्यालय प्रशासन को तत्काल प्रभाव से आवश्यक कदम उठाकर इस समस्या का समाधान करना चाहिए।
ज्योति रौतेला ने कहा कि यदि निर्धारित समय सीमा के भीतर परीक्षा परिणाम घोषित नहीं किए गए, तो कांग्रेस विद्यार्थियों के हित में आंदोलन को और मजबूती से आगे बढ़ाने के लिए बाध्य होगी। उन्होंने कहा कि कांग्रेस का उद्देश्य केवल विरोध करना नहीं, बल्कि छात्रों को उनका अधिकार दिलाना है।
इस अवसर पर ओम प्रकाश सती, एनएसयूआई जिलाध्यक्ष प्रकाश नेगी, कांग्रेस पंचायत संगठन जिलाध्यक्ष राहुल खरोला, आयुष गुप्ता सहित अन्य कांग्रेसजन मौजूद रहे।
कांग्रेस नेताओं ने एक स्वर में मांग की कि आयुर्वेदिक विश्वविद्यालय, हर्रावाला के विद्यार्थियों के परीक्षा परिणाम बिना किसी और देरी के घोषित किए जाएं। साथ ही यह भी सुनिश्चित किया जाए कि परीक्षा परिणाम में हुई देरी का खामियाजा छात्रों को न भुगतना पड़े और उनकी इंटर्नशिप, आगे की शिक्षा तथा भविष्य की योजनाएं पूरी तरह सुरक्षित रहें। कांग्रेस ने साफ कहा है कि यदि विद्यार्थियों की समस्याओं का तय समय के भीतर समाधान नहीं किया गया, तो पार्टी छात्रों के साथ मिलकर आगे की रणनीति तैयार करेगी और उनके हितों की लड़ाई को और मजबूती से उठाएगी।
