By using this site, you agree to the Privacy Policy and Terms of Use.
Accept
The Hill IndiaThe Hill IndiaThe Hill India
Notification Show More
Font ResizerAa
  • होम
  • फीचर्ड
  • उत्तराखंड
  • देश
  • विदेश
  • राजनीति
  • पर्यावरण
  • क्राइम
  • पर्यटन
  • शिक्षा
  • स्वास्थय
  • सामाजिक
  • स्पोर्ट्स
  • वीडियो
  • Contact Us
Reading: Health News: प्रकृति के साथ बिताए गए समय से ‘हृदय रोग’ और ‘मधुमेह’ के खतरे होंगे कम: स्टडी
Share
Font ResizerAa
The Hill IndiaThe Hill India
  • होम
  • फीचर्ड
  • उत्तराखंड
  • देश
  • विदेश
  • राजनीति
  • पर्यावरण
  • क्राइम
  • पर्यटन
  • शिक्षा
  • स्वास्थय
  • सामाजिक
  • स्पोर्ट्स
  • वीडियो
  • Contact Us
Search
  • होम
  • फीचर्ड
  • उत्तराखंड
  • देश
  • विदेश
  • राजनीति
  • पर्यावरण
  • क्राइम
  • पर्यटन
  • शिक्षा
  • स्वास्थय
  • सामाजिक
  • स्पोर्ट्स
  • वीडियो
  • Contact Us
Have an existing account? Sign In
Follow US
The Hill India > Blog > देश > Health News: प्रकृति के साथ बिताए गए समय से ‘हृदय रोग’ और ‘मधुमेह’ के खतरे होंगे कम: स्टडी
देशफीचर्डस्वास्थय

Health News: प्रकृति के साथ बिताए गए समय से ‘हृदय रोग’ और ‘मधुमेह’ के खतरे होंगे कम: स्टडी

The Hill India News
Last updated: April 23, 2024 12:48 pm
The Hill India News
Published: April 23, 2024
Share
फ़ाइल फ़ोटो
SHARE

हेल्थ न्यूज़: एक अध्ययन से यह खुलासा हुआ है कि प्रकृति के साथ बिताए गए समय से हृदय रोग और मधुमेह के खतरे से जुड़ी सूजन के स्तर को कम करने में मदद मिल सकती है. ब्रेन, बिहेवियर एंड इम्युनिटी जर्नल में प्रकाशित नया अध्ययन सूजन (इनफ्लेमेशन) पर केंद्रित है. हालांकि पिछले शोध ने प्राकृतिक दुनिया के संपर्क को केवल बेहतर मानसिक और शारीरिक स्वास्थ्य से जोड़ा था. अध्ययन में विशेष रूप से बताया गया है कि प्रकृति के संपर्क में रहने से हृदय रोग और मधुमेह जैसी पुरानी सूजन से जुड़ी बीमारियों को कैसे रोका या प्रबंधित किया जा सकता है. अध्ययन के लिए टीम में 1,244 प्रतिभागियों को शामिल किया गया. सभी के शारीरिक स्वास्थ्य का मूल्यांकन किया गया और शारीरिक परीक्षण, यूरिन और ब्लड के सैंपल से व्यापक जैविक मूल्यांकन प्रदान किया गया.

अध्ययन से पता चला है कि प्रकृति के बार-बार संपर्क में आने से तीन अलग-अलग इंडीकेटर्स (संकेतक) को लाभ पहुंचता है. इसमें इंटरल्यूकिन-6 (आईएल -6), सी – रिएक्टिव प्रोटीन और साइटोकिन्स शामिल हैं. अमेरिका के कॉर्नेल विश्वविद्यालय में मनोविज्ञान विभाग के प्रोफेसर एंथनी ओंग के नेतृत्व वाली टीम ने कहा, “इन सूजन मार्करों पर ध्यान केंद्रित कर अध्ययन एक बायोलॉजिकल (जैविक) स्पष्टीकरण देता है कि प्रकृति स्वास्थ्य में सुधार क्यों कर सकती है?” उन्होंने आगे कहा कि जनसांख्यिकी, स्वास्थ्य व्यवहार, दवा और सामान्य कल्याण जैसे अन्य वेरिएबल्स को नियंत्रित करते समय भी, उनकी टीम ने पाया कि सूजन का कम स्तर लगातार प्रकृति के सकारात्मक संपर्क से जुड़ा हुआ था.

You Might Also Like

बांग्लादेश से कोलकाता आए सांसद हुए हनी ट्रैप का शिकार! इस मॉडल को हथियार बनाकर किए गए टुकड़े-टुकड़े
असम चुनाव 2026: सीएम हिमंता का मास्टरस्ट्रोक, बोले- “असम की भूमि पर केवल स्वदेशी का हक, सत्ता में लौटे तो…”
Deharadun: अवैध अतिक्रमण पर जिला प्रशासन का कड़ा प्रहार, नेहरूग्राम और एनआईवीएच में सरकारी भूमि पर बने अवैध ढांचे ध्वस्त
उत्तराखण्ड : ब्यूरोक्रेसी में भारी बदलाव के संकेत, जल्द जारी हो सकती है ट्रांसफर लिस्ट..
देहरादून में ‘लू’ का प्रचंड प्रहार: स्कूलों में आज छुट्टी घोषित; लापरवाही पर नपेगा प्रबंधन
TAGGED:health News
Share This Article
Facebook Email Print
Leave a Comment

Leave a Reply Cancel reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Follow US

Find US on Social Medias
FacebookLike
XFollow
YoutubeSubscribe
TelegramFollow
Popular News
उत्तर प्रदेशफीचर्डराजनीति

₹10 लीटर में गोमूत्र खरीदेगी योगी सरकार! बुलंदशहर से शुरू हुआ अनोखा पायलट प्रोजेक्ट, 300 महिलाओं को मिला काम; सपा ने बताया ‘स्कैम’

The Hill India News
The Hill India News
August 11, 2026
तीन महीने में तीन बार तलाक और एक बार में तलाक! सुप्रीम कोर्ट में फिर गरमाया मुस्लिम तलाक का मुद्दा, जानिए क्या हैं तलाक-ए-हसन और तलाक-ए-अहसन
दिल्ली कैपिटल्स के क्रिकेटर अभिषेक पोरेल गिरफ्तार, मेडिकल छात्रा ने लगाए रेप और धमकी के गंभीर आरोप; शादी का वादा करने का भी दावा
लंदन में MBA, क्लासमेट से प्यार और अब मायावती के ‘संकटमोचक’! कौन हैं आकाश आनंद, जिन्हें BSP की नई उम्मीद माना जा रहा है?
कश्मीर में फिर बढ़ी दहशत! सैकड़ों कश्मीरी पंडित कर्मचारी छुट्टी पर भेजे गए, 3 हजार से ज्यादा संदिग्ध हिरासत में; क्या घाटी में फिर सक्रिय हो रहा आतंकी नेटवर्क?
सृष्टि कंडारी आत्महत्या मामले में सास को कोर्ट से फिर झटका, अग्रिम जमानत याचिका खारिज; दहेज उत्पीड़न के आरोपों पर अदालत ने माना मामला गंभीर
नशे के खिलाफ उत्तराखंड STF का बड़ा दांव! सूचना देने वाले को मिलेगा ₹2.40 लाख तक इनाम, आपकी एक खबर खोल सकती है ड्रग्स तस्करों का पूरा नेटवर्क
अरुणाचल के 27 स्थानों को भारत ने नक्शे में दी आधिकारिक पहचान, चीन हुआ लाल! ड्रैगन ने बताया ‘गैरकानूनी’, सीमा विवाद पर फिर बढ़ी तल्खी
तालाब में डूबकर मिलती है राहत, पानी से बाहर आते ही शुरू हो जाती है जलन… 17 साल के इकबाल की जिंदगी बनी दर्दनाक जद्दोजहद
85 सेकेंड में आसमान में बना आग का गोला! चीन का लॉन्ग मार्च-7A रॉकेट फेल, सैटेलाइट मिशन को बड़ा झटका
© The Hill India. All Rights Reserved | Developed By: Tech Yard Labs
Welcome Back!

Sign in to your account

Username or Email Address
Password

Lost your password?