By using this site, you agree to the Privacy Policy and Terms of Use.
Accept
The Hill IndiaThe Hill IndiaThe Hill India
Notification Show More
Font ResizerAa
  • होम
  • फीचर्ड
  • उत्तराखंड
  • देश
  • विदेश
  • राजनीति
  • पर्यावरण
  • क्राइम
  • पर्यटन
  • शिक्षा
  • स्वास्थय
  • सामाजिक
  • स्पोर्ट्स
  • वीडियो
  • Contact Us
Reading: विज्ञापनों के लिए इतना खर्च… तो राष्ट्रीय परियोजना के लिए क्यों नहीं, सुप्रीम कोर्ट का दिल्ली सरकार पर तंज
Share
Font ResizerAa
The Hill IndiaThe Hill India
  • होम
  • फीचर्ड
  • उत्तराखंड
  • देश
  • विदेश
  • राजनीति
  • पर्यावरण
  • क्राइम
  • पर्यटन
  • शिक्षा
  • स्वास्थय
  • सामाजिक
  • स्पोर्ट्स
  • वीडियो
  • Contact Us
Search
  • होम
  • फीचर्ड
  • उत्तराखंड
  • देश
  • विदेश
  • राजनीति
  • पर्यावरण
  • क्राइम
  • पर्यटन
  • शिक्षा
  • स्वास्थय
  • सामाजिक
  • स्पोर्ट्स
  • वीडियो
  • Contact Us
Have an existing account? Sign In
Follow US
The Hill India > Blog > दिल्ली > विज्ञापनों के लिए इतना खर्च… तो राष्ट्रीय परियोजना के लिए क्यों नहीं, सुप्रीम कोर्ट का दिल्ली सरकार पर तंज
दिल्लीफीचर्ड

विज्ञापनों के लिए इतना खर्च… तो राष्ट्रीय परियोजना के लिए क्यों नहीं, सुप्रीम कोर्ट का दिल्ली सरकार पर तंज

The Hill India News
Last updated: November 21, 2023 10:23 am
The Hill India News
Published: November 21, 2023
Share
SHARE

New Delhi: दिल्ली-मेरठ क्षेत्रीय रैपिड ट्रांसपोर्ट सिस्टम ( RRTS) परियोजना से जुड़े मामले में दिल्ली सरकार को सुप्रीम कोर्ट से बड़ा  झटका लगा है. दरअसल रैपिड परियोजना को लेकर फंड ना देने से सुप्रीम कोर्ट नाराज है. इस पर सुप्रीम कोर्ट ने कहा एक हफ्ते के भीतर 415 करोड़ रुपये दे सरकार और अगर नहीं दिया तो दिल्ली सरकार के विज्ञापन बजट पर रोक लगाकर फंडिंग दे देंगे. इसके लिए बकायदा सुप्रीम कोर्ट ने एक हफ्ते का दिया अल्टीमेटम देते हुए कहा कि अगर नहीं दिया तो विज्ञापन बजट से पैसा दिया जाएगा. इस मामले में अगली सुनवाई 28 नवंबर को होगी.

बताते चले कि सुप्रीम कोर्ट ने 24 जुलाई को 415 करोड़ रुपये ना देने पर दिल्ली सरकार को घेरते हुए कहा कि अगर ये राशि नहीं दी तो हम दिल्ली सरकार के विज्ञापनों बजट पर रोक लगाकर अटैच कर लेंगे. सुप्रीम कोर्ट ने कहा कि प्रदूषण को रोकने के लिए परियोजना भी जरूरी है. पिछले तीन साल का दिल्ली सरकार का विज्ञापन बजट 1100 करोड़ था, जबकि इस साल का बजट 550 करोड़ है. 24 जुलाई को सुप्रीम कोर्ट ने कहा था कि अगर दिल्ली सरकार तीन सालों में विज्ञापन के लिए ₹1100 करोड़ आवंटित कर सकती है तो बुनियादी ढांचा परियोजनाओं के लिए फंड भी जरूरी है.

You Might Also Like

Uttarakhand: पौड़ी में गुलदार का आतंक बढ़ा: महिला की मौत के बाद भड़का जनआक्रोश, वन विभाग की जवाबदेही पर उठे सवाल
Farmers Protest: किसानों का विरोध प्रदर्शन को देखते हुए, पंजाब से लेकर दिल्ली तक हाइ अलर्ट
उत्तराखंड: मुख्य सचिव आनंद बर्द्धन का ADB के साथ ‘होलिस्टिक रोडमैप’, हर जिले में बनेगा मॉडल स्किल सेंटर
उत्तराखंड: नैनीताल में दर्दनाक हादसा, रोडवेज बस ने 5 साल की मासूम को 20 मीटर तक घसीटा, मौके पर मौत, गुस्साए लोगों ने लगाया जाम
Uttarakhand: मुख्यमंत्री धामी ने किया वन्य जीव प्राणी सप्ताह का शुभारंभ, पीड़ित परिवार की सहायता राशि बढ़ाकर 10 लाख करने का ऐलान
TAGGED:expenditure for advertisementsnational projectSupreme Courttaunts Delhi government
Share This Article
Facebook Email Print
Leave a Comment

Leave a Reply Cancel reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Follow US

Find US on Social Medias
FacebookLike
XFollow
YoutubeSubscribe
TelegramFollow
Popular News
देशफीचर्डस्पोर्ट्स

ध्रुव जुरेल ने श्रीलंका में मचाया तहलका, 115 रन की ऐतिहासिक पारी से धोनी का रिकॉर्ड ध्वस्त; नंबर-7 पर रचा नया इतिहास

The Hill India News
The Hill India News
August 24, 2026
‘वन्दे मातरम्’ के 150 वर्ष पर देहरादून में सजा कला का महाकुंभ, पद्मश्री डॉ. संजय बोले—लोक एवं जनजातीय कला हमारी सांस्कृतिक विरासत की पहचान
भारी बारिश से बेहाल गुरुग्राम: वर्क फ्रॉम होम की एडवाइजरी, स्कूलों को ऑनलाइन क्लास की सलाह
iPhone की EMI या पारिवारिक कलह? महाराष्ट्र में एक ही परिवार के 3 लोगों की मौत का सच बना रहस्य
उत्तराखंड SIR में चौंकाने वाले आंकड़े: 40 हजार से ज्यादा मतदाता लापता, एक व्यक्ति ने दर्ज कराईं 5,906 आपत्तियां
पुलिस के बावजूद आधी रात तक लाठी लेकर पहरा दे रहीं महिलाएं, नशे के खिलाफ थानी गांव में खुद संभाला मोर्चा
मनुस्मृति पर राहुल गांधी के बयान से सियासी घमासान, CM योगी ने साधा निशाना—कहा, ‘भारत की विरासत को कोसना जन्मसिद्ध अधिकार समझते हैं’
सात महीने पहले माता-पिता की हत्या का आरोप, अब इंजेक्शन लगाकर महिला की मौत; प्रेम संबंध विवाद से जुड़ा था मामला
कराची में बिजली कटौती पर फूटा लोगों का गुस्सा, प्रदर्शन हुआ हिंसक; भीड़ ने तीन पुलिसकर्मियों को पीटा
अमरावती अस्पताल के NICU में वेंटिलेटर धमाके से भीषण आग, तीन नवजातों की मौत; छह गंभीर बच्चों को किया गया रेफर
© The Hill India. All Rights Reserved | Developed By: Tech Yard Labs
Welcome Back!

Sign in to your account

Username or Email Address
Password

Lost your password?