
देहरादून। उत्तराखंड के पूर्व मुख्यमंत्री और कांग्रेस के वरिष्ठ नेता हरीश रावत की तबीयत अचानक बिगड़ने के बाद उन्हें दून मेडिकल कॉलेज चिकित्सालय में भर्ती कराया गया। ब्लड प्रेशर बढ़ने और अत्यधिक थकान की शिकायत के चलते उन्हें अस्पताल लाया गया था, जहां विशेषज्ञ डॉक्टरों की टीम ने उनका स्वास्थ्य परीक्षण किया। जांच और प्राथमिक उपचार के बाद उनकी स्थिति सामान्य पाई गई, जिसके चलते डॉक्टरों ने उन्हें अस्पताल से छुट्टी दे दी। हालांकि चिकित्सकों ने उन्हें अगले कुछ दिनों तक घर पर आराम करने और स्वास्थ्य का विशेष ध्यान रखने की सलाह दी है।
जानकारी के अनुसार, बुधवार सुबह हरीश रावत को थकान महसूस होने के साथ ही उनका ब्लड प्रेशर सामान्य स्तर से अधिक पाया गया। इसके बाद उन्हें तत्काल दून मेडिकल कॉलेज चिकित्सालय ले जाया गया। अस्पताल पहुंचने पर डॉक्टरों ने उनका विस्तृत स्वास्थ्य परीक्षण किया और कुछ आवश्यक जांचें भी कराई गईं। डॉक्टरों ने एहतियात के तौर पर उन्हें कुछ समय के लिए अस्पताल में भर्ती रखा ताकि उनकी स्वास्थ्य स्थिति पर लगातार निगरानी रखी जा सके।
दून अस्पताल के चिकित्सा अधीक्षक डॉ. आर.एस. बिष्ट ने बताया कि पूर्व मुख्यमंत्री हरीश रावत सुबह अस्पताल पहुंचे थे। उन्होंने बताया कि थकान और उच्च रक्तचाप की शिकायत को देखते हुए विशेषज्ञ चिकित्सकों ने उनका परीक्षण किया और कुछ महत्वपूर्ण जांचें कराईं। प्रारंभिक रिपोर्ट में कोई गंभीर समस्या सामने नहीं आई, जिसके बाद उन्हें अस्पताल से डिस्चार्ज कर दिया गया। हालांकि उनकी कुछ जांच रिपोर्टों का अभी भी गहन परीक्षण किया जा रहा है ताकि स्वास्थ्य संबंधी किसी भी संभावित समस्या का समय रहते पता लगाया जा सके।
हरीश रावत के अस्पताल में भर्ती होने की खबर फैलते ही उनके समर्थकों, शुभचिंतकों और कांग्रेस कार्यकर्ताओं में चिंता की लहर दौड़ गई। बड़ी संख्या में लोग दून अस्पताल पहुंचे और उनके स्वास्थ्य की जानकारी ली। कई पार्टी नेताओं और कार्यकर्ताओं ने उनके शीघ्र स्वस्थ होने की कामना की। अस्पताल परिसर में समर्थकों की मौजूदगी से यह साफ दिखाई दिया कि हरीश रावत आज भी राज्य की राजनीति में एक महत्वपूर्ण और लोकप्रिय चेहरा बने हुए हैं।
अस्पताल में भर्ती रहने के दौरान भी हरीश रावत राजनीतिक रूप से सक्रिय नजर आए। उन्होंने सोशल मीडिया के माध्यम से एक वीडियो संदेश जारी किया, जिसमें उन्होंने कांग्रेस कार्यकर्ताओं का उत्साह बढ़ाया। वीडियो में उन्होंने कहा कि अल्मोड़ा और पौड़ी में कांग्रेस की सभाओं को शानदार समर्थन मिला है और कार्यकर्ताओं ने अभूतपूर्व उत्साह दिखाया है। उन्होंने कहा कि यदि देहरादून में भी इसी प्रकार का कार्यक्रम आयोजित होता है तो वह भी उतना ही सफल और ऐतिहासिक साबित होगा।
पूर्व मुख्यमंत्री ने अपने संदेश में पार्टी कार्यकर्ताओं से संगठित होकर आगे बढ़ने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि कांग्रेस को मजबूत बनाने और आगामी चुनावी चुनौतियों का सामना करने के लिए सभी कार्यकर्ताओं को एकजुट होकर संघर्ष करना होगा। उन्होंने विश्वास जताया कि कार्यकर्ताओं की मेहनत और जनता के समर्थन से पार्टी आगामी चुनावों में बेहतर प्रदर्शन करेगी।
गौरतलब है कि हरीश रावत उत्तराखंड की राजनीति के सबसे अनुभवी नेताओं में से एक माने जाते हैं। लंबे राजनीतिक जीवन के दौरान उन्होंने राज्य और राष्ट्रीय स्तर पर कई महत्वपूर्ण जिम्मेदारियां निभाई हैं। ऐसे में उनकी तबीयत खराब होने की खबर ने राजनीतिक गलियारों में भी चिंता बढ़ा दी थी। हालांकि अस्पताल से छुट्टी मिलने और स्वास्थ्य में सुधार की खबर के बाद उनके समर्थकों ने राहत की सांस ली है।
फिलहाल डॉक्टरों ने उन्हें पूर्ण आराम करने, नियमित दवाएं लेने और स्वास्थ्य संबंधी सावधानियां बरतने की सलाह दी है। चिकित्सकों का कहना है कि उम्र और व्यस्त राजनीतिक कार्यक्रमों को देखते हुए स्वास्थ्य का विशेष ध्यान रखना आवश्यक है। वहीं उनके समर्थक और पार्टी कार्यकर्ता उनके जल्द पूरी तरह स्वस्थ होकर सक्रिय राजनीति में लौटने की कामना कर रहे हैं।



