नई दिल्ली | क्राइम डेस्क देश की राजधानी दिल्ली में महिलाओं और बच्चों की सुरक्षा के तमाम दावों के बीच एक बार फिर मानवता को शर्मसार कर देने वाली घटना सामने आई है। उत्तर-पूर्वी दिल्ली के भजनपुरा इलाके में एक 6 साल की मासूम बच्ची के साथ सामूहिक दुष्कर्म (गैंगरेप) की वीभत्स वारदात को अंजाम दिया गया है। इस घटना ने न केवल पुलिसिया सुरक्षा पर सवाल खड़े किए हैं, बल्कि समाज की आंतरिक स्थिति पर भी गहरी चिंता पैदा कर दी है। सबसे चौंकाने वाली बात यह है कि इस घृणित अपराध के तीनों आरोपी भी नाबालिग हैं।
क्या है पूरा मामला? रोंगटे खड़े कर देने वाली वारदात
पुलिस से प्राप्त जानकारी के अनुसार, यह हृदय विदारक घटना बीते 18 जनवरी (मंगलवार) की है। बताया जा रहा है कि पीड़ित बच्ची अपने घर के पास खेल रही थी, तभी पड़ोस में रहने वाले तीन लड़कों ने उसे बहला-फुसलाकर एक सुनसान जगह पर ले गए। वहां तीनों ने मासूम के साथ कथित तौर पर गैंगरेप किया।
घटना के बाद बच्ची की हालत बिगड़ने पर परिजनों को इस बात की भनक लगी, जिसके बाद तुरंत भजनपुरा थाना पुलिस को सूचना दी गई। पुलिस ने मामले की गंभीरता को देखते हुए तत्काल प्राथमिकी (FIR) दर्ज की और जांच शुरू कर दी।
आरोपियों की पहचान और पुलिसिया कार्रवाई
इस मामले में पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए तीन में से दो आरोपियों को दबोच लिया है। पुलिस अधिकारी ने बताया कि आरोपियों की उम्र मात्र 10, 13 और 14 साल है।
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हिरासत में आरोपी: 10 और 13 साल के दो किशोरों को पुलिस ने पकड़ लिया है।
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न्यायिक प्रक्रिया: पकड़े गए दोनों आरोपियों को ‘किशोर न्याय बोर्ड’ (Juvenile Justice Board) के समक्ष पेश किया गया है।
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फरार आरोपी: 14 वर्षीय मुख्य आरोपी फिलहाल फरार बताया जा रहा है। चौंकाने वाली बात यह है कि घटना के बाद से उस लड़के का पूरा परिवार भी घर छोड़कर लापता है।
पीड़ित बच्ची की स्थिति और मेडिकल रिपोर्ट
घटना के तुरंत बाद पुलिस ने बच्ची को मेडिकल जांच और उपचार के लिए नजदीकी सरकारी अस्पताल में भर्ती कराया। डॉक्टरों की एक विशेष टीम बच्ची की देखभाल कर रही है।
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काउंसलिंग: बच्ची की मानसिक स्थिति को देखते हुए उसे विशेषज्ञ काउंसलर्स के माध्यम से परामर्श (Counseling) दिया जा रहा है ताकि वह इस सदमे से बाहर आ सके।
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बयान दर्ज: मजिस्ट्रेट की उपस्थिति में बच्ची का बयान दर्ज कर लिया गया है, जिसे कोर्ट में साक्ष्य के रूप में इस्तेमाल किया जाएगा।
फरार आरोपी की तलाश में दबिश
दिल्ली पुलिस के एक वरिष्ठ अधिकारी ने मीडिया को बताया कि फरार आरोपी को पकड़ने के लिए पुलिस की कई टीमें गठित की गई हैं। पुलिस इलाके के CCTV फुटेज खंगाल रही है और संभावित ठिकानों पर छापेमारी कर रही है। पुलिस का दावा है कि तकनीकी सर्विलांस की मदद से जल्द ही तीसरे आरोपी और उसके परिवार को ट्रैक कर लिया जाएगा।
विश्लेषण: नाबालिगों में बढ़ती आपराधिक प्रवृत्ति एक बड़ा खतरा
भजनपुरा की इस घटना ने समाजशास्त्रीय विशेषज्ञों को भी सोचने पर मजबूर कर दिया है। जब अपराध करने वाले खुद बच्चे हों, तो यह मामला और भी पेचीदा हो जाता है।
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इंटरनेट का प्रभाव: विशेषज्ञों का मानना है कि छोटी उम्र में बिना किसी निगरानी के स्मार्टफोन और इंटरनेट का एक्सेस बच्चों को हिंसक और अश्लील सामग्री की ओर धकेल रहा है।
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कानूनी पेच: कानून के मुताबिक नाबालिगों को जेल नहीं बल्कि सुधार गृह भेजा जाता है। ऐसे में यह बहस फिर तेज हो गई है कि क्या जघन्य अपराधों के मामले में उम्र की सीमा को और कम किया जाना चाहिए?
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अभिभावकों की जिम्मेदारी: समाज में बच्चों के व्यवहार पर नजर रखने में माता-पिता की विफलता भी ऐसे अपराधों की एक बड़ी वजह बनकर उभरी है।
देश में बढ़ते अपराध और सख्त कानून की दरकार
यद्यपि भारत में POCSO Act (पॉक्सो कानून) और दुष्कर्म के खिलाफ अत्यंत कड़े प्रावधान हैं, जिसमें मृत्युदंड तक की सजा शामिल है, लेकिन आंकड़े बताते हैं कि अपराधों की दर में अपेक्षित कमी नहीं आई है। दिल्ली जैसे महानगरों में, जहाँ चप्पे-चप्पे पर पुलिस और कैमरे होने का दावा किया जाता है, वहां एक 6 साल की बच्ची का सुरक्षित न होना प्रशासनिक विफलता का प्रतीक है।
इलाके में तनाव और सुरक्षा: भजनपुरा की इस घटना के बाद स्थानीय लोगों में भारी गुस्सा है। स्थानीय निवासियों ने सुरक्षा व्यवस्था को पुख्ता करने और दोषियों को कड़ी से कड़ी सजा देने की मांग की है। एहतियात के तौर पर इलाके में पुलिस बल की तैनाती बढ़ा दी गई है।
समाज को जागने की जरूरत
भजनपुरा गैंगरेप मामला केवल एक पुलिस फाइल का हिस्सा नहीं है, बल्कि यह हमारे समाज के पतन की कहानी है। जब तक अपराधियों में कानून का खौफ पैदा नहीं होगा और प्राथमिक स्तर पर नैतिक शिक्षा की कमी रहेगी, तब तक ऐसी घटनाएं समाज को शर्मसार करती रहेंगी। अब समय आ गया है कि इन मामलों का निपटारा फास्ट ट्रैक अदालतों में हो और दोषियों को ऐसी सजा मिले जो नजीर बन सके।



