
अफ्रीकी देश नाइजीरिया के उत्तरी हिस्से में एक बार फिर हिंसा ने दहला दिया है। ताजा जानकारी के अनुसार, अज्ञात बंदूकधारियों ने एक गांव पर हमला कर कम से कम 30 लोगों की गोली मारकर हत्या कर दी, जबकि कई ग्रामीणों को अगवा कर लिया गया है। यह घटना बीते कुछ दिनों में उत्तरी नाइजीरिया में हुई दूसरी बड़ी हिंसक वारदात बताई जा रही है।
रात के अंधेरे में हमला
स्थानीय सूत्रों के मुताबिक, हमलावर भारी हथियारों से लैस थे और उन्होंने रात के समय गांव को निशाना बनाया। अचानक हुई फायरिंग से पूरे इलाके में अफरा-तफरी मच गई। कई घरों को आग के हवाले किए जाने और मवेशियों को लूटे जाने की भी खबर है। हमले के बाद बंदूकधारी जंगल की ओर फरार हो गए।
सुरक्षा एजेंसियों की कार्रवाई
घटना की सूचना मिलते ही सुरक्षा बल मौके पर पहुंचे और इलाके को घेर लिया गया। सेना और पुलिस द्वारा सर्च ऑपरेशन चलाया जा रहा है, ताकि अगवा किए गए लोगों को सुरक्षित छुड़ाया जा सके और हमलावरों को पकड़ा जा सके। हालांकि, दुर्गम इलाका होने के कारण अभियान में चुनौतियां आ रही हैं।
लगातार बढ़ रही हिंसा
उत्तरी नाइजीरिया के कई राज्यों में पिछले कुछ वर्षों से सशस्त्र गिरोहों और चरमपंथी समूहों की गतिविधियां बढ़ी हैं। गांवों पर हमले, सामूहिक हत्याएं और फिरौती के लिए अपहरण आम होते जा रहे हैं। हालिया घटनाएं एक बार फिर देश की आंतरिक सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल खड़े कर रही हैं।
स्थानीय लोगों में डर
हमले के बाद से गांव और आसपास के क्षेत्रों में दहशत का माहौल है। कई परिवार अपने घर छोड़कर सुरक्षित स्थानों की ओर पलायन कर रहे हैं। स्थानीय प्रशासन ने राहत और चिकित्सा सहायता उपलब्ध कराने की बात कही है।
उत्तरी नाइजीरिया में बार-बार हो रहे इस तरह के हमले न केवल मानवाधिकार संकट को उजागर करते हैं, बल्कि क्षेत्रीय स्थिरता के लिए भी गंभीर खतरा हैं। अंतरराष्ट्रीय समुदाय की नजरें एक बार फिर नाइजीरिया की सुरक्षा स्थिति पर टिकी हैं, जहां आम नागरिक सबसे ज्यादा हिंसा की कीमत चुका रहे हैं।



