
देहरादून में भारतीय जनता युवा मोर्चा (BJYM) के एक मंडल उपाध्यक्ष के साथ कथित रूप से जानलेवा हमले और अपहरण की कोशिश का गंभीर मामला सामने आया है। इस घटना ने पूरे इलाके में सनसनी फैला दी है, वहीं सोशल मीडिया पर इसका वीडियो भी सामने आया है, जिससे मामला और अधिक गंभीर हो गया है। पुलिस ने पीड़ित की शिकायत के आधार पर सात लोगों के खिलाफ हत्या के प्रयास, अपहरण और अन्य धाराओं में मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
पीड़ित हर्ष वालिया, जो कि BJYM के मंडल उपाध्यक्ष बताए जा रहे हैं, ने पुलिस को दी गई शिकायत में आरोप लगाया है कि 20 अप्रैल की शाम लगभग 4 बजे से 4:30 बजे के बीच वह गौतम कुंड के पास स्थित एक कैफे से लौट रहे थे। जैसे ही वह अपनी बाइक से निकल रहे थे, तभी पीछे से तेज रफ्तार में आई एक आई-20 कार ने उनकी बाइक को जोरदार टक्कर मार दी। टक्कर इतनी जबरदस्त थी कि वह सड़क पर गिर पड़े और गंभीर रूप से घायल होते-होते बचे।
पीड़ित के अनुसार, टक्कर मारने के तुरंत बाद कार से कुछ युवक उतरे और उन्होंने उनके साथ मारपीट शुरू कर दी। इसी दौरान एक आरोपी ने उनकी कनपटी पर पिस्टल तान दी, जिससे मौके पर दहशत का माहौल बन गया। आरोप है कि हमलावरों का इरादा उन्हें जबरन अगवा करने का था। इसके लिए दूसरी गाड़ी भी मौके पर पहले से मौजूद थी, जिसमें उन्हें खींचकर ले जाने का प्रयास किया गया।
हर्ष वालिया ने बताया कि जैसे ही आरोपियों ने उन्हें जबरन गाड़ी में डालने की कोशिश की, उन्होंने जोर-जोर से शोर मचाना शुरू कर दिया। शोर सुनकर आसपास के लोग मौके की ओर दौड़ पड़े। भीड़ को अपनी ओर आता देख आरोपी और अधिक आक्रामक हो गए और उन्होंने पीड़ित को जान से मारने की धमकी देते हुए मारपीट जारी रखी।
हालांकि, स्थिति बिगड़ती देख पीड़ित किसी तरह अपनी जान बचाकर पास की दीवार फांदकर वहां से भाग निकले। इस पूरी घटना के दौरान उनकी बाइक बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गई, जबकि एक स्थानीय मकान की दीवार को भी नुकसान पहुंचा है। घटना के बाद पूरे इलाके में दहशत फैल गई और स्थानीय लोगों में आक्रोश देखने को मिला।
पीड़ित ने अपनी शिकायत में हार्दिक शर्मा, अभिषेक वर्मा, अभिनव काकरान, चेतन्य शर्मा सहित कुल सात लोगों के नाम दर्ज कराए हैं। आरोप है कि इन सभी ने मिलकर योजनाबद्ध तरीके से इस घटना को अंजाम देने की कोशिश की। पुलिस के अनुसार, घटना की सूचना डायल 112 पर दी गई थी, जिसके बाद पुलिस तुरंत मौके पर पहुंची और एक संदिग्ध वाहन को कब्जे में लिया गया।
कोतवाली पटेल नगर के प्रभारी विनोद गुसाईं ने जानकारी दी कि शिकायत के आधार पर संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज कर लिया गया है और पूरे मामले की गंभीरता से जांच की जा रही है। पुलिस अब घटनास्थल के आसपास लगे सीसीटीवी फुटेज, वायरल वीडियो और गवाहों के बयान के आधार पर आगे की कार्रवाई कर रही है।
इस घटना का वीडियो सामने आने के बाद मामला और भी संवेदनशील हो गया है। वीडियो में कथित तौर पर मारपीट और हंगामे के दृश्य देखे जा सकते हैं, जिससे आरोपों को बल मिलता दिखाई दे रहा है। हालांकि, पुलिस ने अभी तक आधिकारिक रूप से किसी की गिरफ्तारी की पुष्टि नहीं की है।
स्थानीय लोगों का कहना है कि इस तरह की घटनाएं क्षेत्र में कानून व्यवस्था पर सवाल खड़े करती हैं। वहीं राजनीतिक और सामाजिक स्तर पर भी इस मामले को लेकर चर्चाएं तेज हो गई हैं। पुलिस ने आश्वासन दिया है कि जांच निष्पक्ष तरीके से की जाएगी और दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई होगी।
फिलहाल पुलिस सभी पहलुओं को ध्यान में रखते हुए जांच आगे बढ़ा रही है, और जल्द ही इस मामले में और खुलासे होने की संभावना है।


