By using this site, you agree to the Privacy Policy and Terms of Use.
Accept
The Hill IndiaThe Hill IndiaThe Hill India
Notification Show More
Font ResizerAa
  • होम
  • फीचर्ड
  • उत्तराखंड
  • देश
  • विदेश
  • राजनीति
  • पर्यावरण
  • क्राइम
  • पर्यटन
  • शिक्षा
  • स्वास्थय
  • सामाजिक
  • स्पोर्ट्स
  • वीडियो
  • Contact Us
Reading: Uttarakhand: विभाजन विभीषिका स्मृति दिवस पर CM धामी का संबोधन: “14 अगस्त 1947 का दर्द आज भी जीवित”
Share
Font ResizerAa
The Hill IndiaThe Hill India
  • होम
  • फीचर्ड
  • उत्तराखंड
  • देश
  • विदेश
  • राजनीति
  • पर्यावरण
  • क्राइम
  • पर्यटन
  • शिक्षा
  • स्वास्थय
  • सामाजिक
  • स्पोर्ट्स
  • वीडियो
  • Contact Us
Search
  • होम
  • फीचर्ड
  • उत्तराखंड
  • देश
  • विदेश
  • राजनीति
  • पर्यावरण
  • क्राइम
  • पर्यटन
  • शिक्षा
  • स्वास्थय
  • सामाजिक
  • स्पोर्ट्स
  • वीडियो
  • Contact Us
Have an existing account? Sign In
Follow US
The Hill India > Blog > उत्तराखंड > Uttarakhand: विभाजन विभीषिका स्मृति दिवस पर CM धामी का संबोधन: “14 अगस्त 1947 का दर्द आज भी जीवित”
उत्तराखंडफीचर्ड

Uttarakhand: विभाजन विभीषिका स्मृति दिवस पर CM धामी का संबोधन: “14 अगस्त 1947 का दर्द आज भी जीवित”

The Hill India News
Last updated: August 14, 2025 10:22 am
The Hill India News
Published: August 14, 2025
Share
SHARE

काशीपुर, ऊधमसिंहनगर | मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने गुरुवार को विभाजन विभीषिका स्मृति दिवस के अवसर पर काशीपुर, ऊधमसिंहनगर में आयोजित कार्यक्रम में वर्चुअल रूप से प्रतिभाग किया। इस दौरान उन्होंने विभाजन स्मृति स्मारक स्थल का शिलान्यास किया और विभाजन की त्रासदी झेलने वालों को श्रद्धांजलि अर्पित की।

Contents
“14 अगस्त 1947 का दिन हम कभी नहीं भूल सकते”युवा पीढ़ी के लिए कठिन है उस दर्द को समझनाविभाजन सिर्फ भूभाग का नहीं, सांस्कृतिक पहचान का भीसांस्कृतिक पुनर्जागरण और राष्ट्रीय एकता पर जोरउत्तराखंड के विकास का खाकाकड़े कानून और प्रशासनिक फैसलेकार्यक्रम में मौजूदगी

“14 अगस्त 1947 का दिन हम कभी नहीं भूल सकते”

मुख्यमंत्री धामी ने कहा कि 14 अगस्त 1947 का दिन भारत के इतिहास का सबसे दर्दनाक अध्याय है। ठीक एक दिन बाद देश आजादी का जश्न मनाने जा रहा था, लेकिन उससे पहले मजहबी आधार पर देश का विभाजन कर दिया गया। इस विभाजन ने करोड़ों लोगों को अपने घर, गांव, खेत-खलिहान, दुकान-व्यापार और अपनों से बिछड़कर शरणार्थी बनने पर मजबूर कर दिया।
उन्होंने कहा कि आज भी कई परिवारों की आंखों में उस दौर की पीड़ा और खोने का दर्द साफ झलकता है।

युवा पीढ़ी के लिए कठिन है उस दर्द को समझना

मुख्यमंत्री ने कहा कि आज की युवा पीढ़ी के लिए यह कल्पना करना भी मुश्किल है कि उस दौर में लोगों ने कैसी अकल्पनीय पीड़ा, भय और संघर्ष का सामना किया। देश की आजादी के बदले किए गए उनके बलिदान की भरपाई संभव नहीं है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने वर्ष 2021 में 14 अगस्त को ‘विभाजन विभीषिका स्मरण दिवस’ के रूप में मनाने का निर्णय इसी उद्देश्य से लिया कि आने वाली पीढ़ियां अपने पूर्वजों के त्याग और बलिदान को याद रखें।

विभाजन सिर्फ भूभाग का नहीं, सांस्कृतिक पहचान का भी

मुख्यमंत्री ने कहा कि विभाजन सिर्फ सीमाओं का बंटवारा नहीं था, बल्कि यह लाखों लोगों की सांस्कृतिक पहचान का भी विभाजन था। यह मानव विस्थापन का ऐसा भयानक रूप था, जो इतिहास ने पहले कभी नहीं देखा। उन्होंने उन लोगों के प्रति संवेदना व्यक्त की जिन्होंने विभाजन की त्रासदी झेलने के बाद भी अपने धर्म, संस्कृति और राष्ट्र के प्रति अटूट विश्वास बनाए रखा।

सांस्कृतिक पुनर्जागरण और राष्ट्रीय एकता पर जोर

मुख्यमंत्री धामी ने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व में देश में सांस्कृतिक पुनर्जागरण की नई धारा प्रवाहित हो रही है। अयोध्या में श्रीराम मंदिर का निर्माण, बद्रीनाथ-कदारनाथ धामों का पुनर्निर्माण, बाबा विश्वनाथ गलियारा, महाकाल लोक, और करतारपुर साहिब कॉरिडोर जैसे प्रोजेक्ट हमारी धार्मिक विरासत को नई भव्यता प्रदान कर रहे हैं।
उन्होंने कश्मीर से धारा 370 हटाने, ट्रिपल तलाक समाप्त करने, CAA और वक्फ संशोधन कानून लागू करने, 1984 के दंगा पीड़ितों को न्याय दिलाने जैसे फैसलों को “एक भारत, श्रेष्ठ भारत” की दिशा में महत्वपूर्ण कदम बताया।

उत्तराखंड के विकास का खाका

मुख्यमंत्री ने कहा कि उत्तराखंड में सड़क, शिक्षा, स्वास्थ्य और पेयजल सहित सभी महत्वपूर्ण क्षेत्रों में इंफ्रास्ट्रक्चर मजबूत किया जा रहा है। केदारखंड की तरह ही मानसखंड के पौराणिक मंदिरों का पुनरुत्थान और सौंदर्यीकरण हो रहा है। काशीपुर का चैती मंदिर मानसखंड कॉरिडोर का हिस्सा बनाया गया है।
सिख श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए गोविंद घाट से हेमकुंड साहिब तक 12.5 किलोमीटर लंबा रोपवे बनाया जा रहा है।

कड़े कानून और प्रशासनिक फैसले

मुख्यमंत्री धामी ने कहा कि उत्तराखंड देश में समान नागरिक संहिता लागू करने वाला पहला राज्य है। नकल विरोधी कानून लागू होने के बाद 24,000 से अधिक युवाओं को सरकारी नौकरियां मिली हैं। साथ ही, धर्मांतरण विरोधी और दंगा विरोधी कानून लागू किए गए हैं और 7,000 एकड़ से अधिक सरकारी भूमि को अतिक्रमण से मुक्त कराया गया है।

कार्यक्रम में मौजूदगी

इस मौके पर कैबिनेट मंत्री गणेश जोशी, सांसद अजय भट्ट, काशीपुर मेयर दीपक बाली, रुद्रपुर मेयर विसा शर्मा, विधायक त्रिलोक सिंह चीमा, पूर्व विधायक हरभजन सिंह चीमा, स्वामी हरि चैतन्य जी महाराज, अजय मौर्य और अन्य जनप्रतिनिधि मौजूद रहे।

You Might Also Like

नई दिल्ली :अध्यात्म हमारी सबसे बड़ी शक्ति है यह हमारे राष्‍ट्र की अंतरात्मा है – उपराष्ट्रपति
आपात स्थिति में एयर लिफ्ट किये जायेंगे यात्री , चार धाम यात्रा में 29 विशेषज्ञ चिकित्सक एवं 182 चिकित्सक तैनात
नई दिल्ली: यासीन मलिक को टेरर फंडिंग केस में उम्रकैद की सज़ा
Uttarakhand: मुख्यमंत्री धामी से मिले मध्य कमान प्रमुख, सीमावर्ती क्षेत्रों में सेना-प्रशासन समन्वय पर हुई चर्चा
Uttarakhand : पिथौरागढ़ में बड़ा सड़क हादसा, गहरी खाई में गिरी बोलेरो!
Share This Article
Facebook Email Print
Leave a Comment

Leave a Reply Cancel reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Follow US

Find US on Social Medias
FacebookLike
XFollow
YoutubeSubscribe
TelegramFollow
Popular News
देशफीचर्ड

EPFO अपडेट: क्या सच में ATM और UPI से तुरंत निकलेगा PF पैसा? जानिए वायरल दावे की पूरी सच्चाई

The Hill India News
The Hill India News
June 18, 2026
धामी कैबिनेट ने पूर्व मुख्यमंत्री बी.सी. खंडूरी और निशानेबाज जसपाल राणा को दी भावभीनी श्रद्धांजलि, शोक प्रस्ताव पारित
श्रेयस अय्यर ने रचा इतिहास: विराट कोहली, केएल राहुल और सिद्धू को पीछे छोड़ वनडे में बनाया बड़ा रिकॉर्ड, भारत की धमाकेदार जीत
ईरान ने डील में अमेरिका को दी मात? ट्रंप की ‘डील मास्टर’ छवि पर उठे सवाल, समझौते से मिले अरबों डॉलर के फायदे
उत्तराखंड: धामी कैबिनेट की अहम बैठक जारी, शिक्षा-स्वास्थ्य से लेकर रोजगार और निवेश तक कई बड़े फैसलों पर लग सकती है मुहर
झारखंड राज्यसभा चुनाव 2026: दो सीटें, तीन उम्मीदवार और क्रॉस वोटिंग का सस्पेंस, NDA-INDIA दोनों की बढ़ी धड़कनें
400 करोड़ पार करते ही ‘पेड्डी’ मेकर्स का बड़ा दांव, फिल्म में जोड़े गए करीब 6 मिनट के नए सीन
गोविंदा-सुनीता के तलाक की अफवाहों पर बेटी टीना आहूजा का दर्द छलका, बोलीं- “मैं कोई संत नहीं हूं, ये बातें परेशान करती हैं”
ममता बनर्जी की सुरक्षा पर सियासी बवाल: डेरेक ओ’ब्रायन ने किया बड़ा दावा, बोले- ‘दीदी की हिफाजत के लिए रातभर देना पड़ा पहरा’
उद्धव ठाकरे पर फिर मंडराया जून संकट! कौन हैं वे 6 सांसद, जिनकी बगावत की चर्चाओं ने बढ़ाई शिवसेना (UBT) की चिंता?
© The Hill India. All Rights Reserved | Developed By: Tech Yard Labs
Welcome Back!

Sign in to your account

Username or Email Address
Password

Lost your password?