
घनसाली (टिहरी गढ़वाल): उत्तराखंड के सीमांत और पर्वतीय क्षेत्रों के सर्वांगीण विकास के अपने संकल्प को दोहराते हुए मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने गुरुवार को जनपद टिहरी के घनसाली क्षेत्र को करोड़ों की विकास योजनाओं की बड़ी सौगात दी। एक भव्य कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री ने 41.21 करोड़ रुपए की विभिन्न विकास परियोजनाओं का लोकार्पण एवं शिलान्यास किया। इसमें सबसे महत्वपूर्ण कदम स्वास्थ्य क्षेत्र में उठाते हुए उन्होंने पिलखी प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र (PHC) को सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (CHC) के रूप में उच्चीकृत करने का शिलान्यास किया।
इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने स्पष्ट संदेश दिया कि सरकार केवल शिलान्यास तक सीमित नहीं रहेगी, बल्कि समयबद्ध तरीके से इन योजनाओं का लोकार्पण भी सुनिश्चित किया जाएगा ताकि जनता को इनका लाभ शीघ्र मिल सके।
स्वास्थ्य और शिक्षा: ‘पहाड़’ के विकास की प्राथमिकता
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने अपने संबोधन में कहा कि “पहाड़ का पानी और पहाड़ की जवानी” को रोकने के लिए सड़क, शिक्षा और स्वास्थ्य जैसी मूलभूत सुविधाओं का सुदृढ़ीकरण अनिवार्य है। पिलखी पीएचसी के उच्चीकरण के दौरान मुख्यमंत्री ने एक भावुक क्षण साझा करते हुए कृष्णा गैरोला और उनके परिवार को सम्मानित किया, जिन्होंने अस्पताल के विस्तार के लिए अपनी बेशकीमती भूमि दान की है। मुख्यमंत्री ने कहा कि ऐसी दानवीरता ही समाज और सरकार के प्रयासों को सफल बनाती है।

योजनाओं का लेखा-जोखा: लोकार्पण और शिलान्यास की पूरी सूची
मुख्यमंत्री द्वारा कुल 8 प्रमुख योजनाओं को धरातल पर उतारा गया, जिनका विवरण निम्नलिखित है:
1. लोकार्पण की गई मुख्य योजनाएं (कुल 13.43 करोड़):
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सड़क कनेक्टिविटी: पीएमजीएसवाई के तहत धमातोली से घनसाली अखोड़ी मोटर मार्ग (वाया चांजी) का सफल अपग्रेडेशन।
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यातायात सुदृढ़ीकरण: नागेश्वर सौड से गोना (वाया सरकंडा) मोटर मार्ग का सुदृढ़ीकरण और अपग्रेडेशन कार्य।
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शिक्षा संरचना: विकासखंड भिलंगना के राजकीय इंटर कॉलेज, कोट विशन के भवन का पुननिर्माण कार्य, जिससे छात्रों को आधुनिक कक्षाएं मिलेंगी।
2. शिलान्यास की गई महत्वपूर्ण योजनाएं (कुल 27.78 करोड़):
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ब्रिज निर्माण: विश्व बैंक पोषित ‘यू-प्रिपेयर’ योजना के तहत घनसाली में हनुमान मंदिर के समीप 50 मीटर स्टील गर्डर मोटर सेतु का निर्माण।
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प्रशासनिक भवन: तहसील बालगंगा के लिए आवासीय और अनावासीय भवनों का निर्माण कार्य।
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दूरस्थ स्वास्थ्य सेवा: विकासखंड भिलंगना के दुर्गम क्षेत्र गंगी में ‘स्वास्थ्य उपकेन्द्र’ का निर्माण।
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अस्पताल उच्चीकरण: पिलखी पीएचसी का सीएचसी (CHC) में रूपांतरण कार्य।
घोषणाओं की झड़ी: पिलखी बेलेश्वर को मिला उप-चिकित्सालय
मुख्यमंत्री ने केवल पुरानी योजनाओं को गति नहीं दी, बल्कि क्षेत्र की जनता की मांग पर पिलखी बेलेश्वर क्षेत्र में उप-चिकित्सालय स्थापित करने की भी बड़ी घोषणा की। उन्होंने ‘पहाड़ के गांधी’ कहे जाने वाले स्वर्गीय इंद्रमणी बडोनी को श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए कहा कि उनके सपनों के अनुरूप उत्तराखंड बनाने के लिए सरकार दिन-रात काम कर रही है।
मुख्यमंत्री ने आयुष्मान भारत और नंदा गौरा योजना का जिक्र करते हुए कहा कि आज डीबीटी (DBT) के माध्यम से बिना किसी बिचौलिए के 51 हजार रुपए की सहायता राशि बेटियों तक पहुंच रही है। उन्होंने भ्रष्टाचार पर कड़ा प्रहार करते हुए कहा कि अब सरकारी जमीनों पर अवैध अतिक्रमण बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
विधायक शक्तिलाल शाह ने रखीं 37 सूत्रीय मांगें
क्षेत्रीय विधायक शक्तिलाल शाह ने मुख्यमंत्री का आभार व्यक्त करते हुए घनसाली के विकास के लिए 37 सूत्रीय मांग पत्र सौंपा। उन्होंने विशेष रूप से अखोडी के उच्चीकरण, थाती भटवाड़ा में बाढ़ सुरक्षा कार्य, और ब्लॉक मुख्यालय में मिनी स्टेडियम की मांग को प्राथमिकता दी। मुख्यमंत्री ने आश्वासन दिया कि इन मांगों का परीक्षण कर जल्द ही इन्हें सीएम घोषणा में शामिल किया जाएगा।
उपस्थिति एवं गरिमामय माहौल
इस ऐतिहासिक क्षण के साक्षी बनने के लिए कैबिनेट मंत्री सतपाल महाराज, जिलाधिकारी नितिका खण्डेलवाल, एसएसपी आयुष अग्रवाल और सीडीओ वरुणा अग्रवाल सहित शासन के कई वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे। साथ ही क्षेत्रीय जनप्रतिनिधियों और भारी संख्या में उमड़ी जनता ने मुख्यमंत्री का पारंपरिक वाद्य यंत्रों के साथ स्वागत किया। आगामी होली के त्यौहार की अग्रिम शुभकामनाएं देते हुए मुख्यमंत्री ने जनता के साथ सीधा संवाद भी किया।
सशक्त होता सीमांत क्षेत्र
घनसाली में 41 करोड़ से अधिक के ये निवेश न केवल आधारभूत ढांचे को मजबूत करेंगे, बल्कि स्थानीय स्तर पर रोजगार और बेहतर स्वास्थ्य सेवाओं को भी सुनिश्चित करेंगे। पिलखी अस्पताल का सीएचसी में बदलना क्षेत्र के हजारों ग्रामीणों के लिए संजीवनी साबित होगा, जिन्हें इलाज के लिए दूर ऋषिकेश या देहरादून भागना पड़ता था।



