By using this site, you agree to the Privacy Policy and Terms of Use.
Accept
The Hill IndiaThe Hill IndiaThe Hill India
Notification Show More
Font ResizerAa
  • होम
  • फीचर्ड
  • उत्तराखंड
  • देश
  • विदेश
  • राजनीति
  • पर्यावरण
  • क्राइम
  • पर्यटन
  • शिक्षा
  • स्वास्थय
  • सामाजिक
  • स्पोर्ट्स
  • वीडियो
  • Contact Us
Reading: चेन्नई के एन्नोर थर्मल पावर प्लांट में बड़ा हादसा, नौ मजदूरों की मौत, कई घायल
Share
Font ResizerAa
The Hill IndiaThe Hill India
  • होम
  • फीचर्ड
  • उत्तराखंड
  • देश
  • विदेश
  • राजनीति
  • पर्यावरण
  • क्राइम
  • पर्यटन
  • शिक्षा
  • स्वास्थय
  • सामाजिक
  • स्पोर्ट्स
  • वीडियो
  • Contact Us
Search
  • होम
  • फीचर्ड
  • उत्तराखंड
  • देश
  • विदेश
  • राजनीति
  • पर्यावरण
  • क्राइम
  • पर्यटन
  • शिक्षा
  • स्वास्थय
  • सामाजिक
  • स्पोर्ट्स
  • वीडियो
  • Contact Us
Have an existing account? Sign In
Follow US
The Hill India > Blog > देश > चेन्नई के एन्नोर थर्मल पावर प्लांट में बड़ा हादसा, नौ मजदूरों की मौत, कई घायल
देशफीचर्ड

चेन्नई के एन्नोर थर्मल पावर प्लांट में बड़ा हादसा, नौ मजदूरों की मौत, कई घायल

The Hill India News
Last updated: October 1, 2025 3:41 am
The Hill India News
Published: October 1, 2025
Share
प्रतीकात्मक फोटो
SHARE

चेन्नई। तमिलनाडु की राजधानी चेन्नई में मंगलवार को एक भीषण औद्योगिक हादसा हुआ। उत्तर चेन्नई के एन्नोर इलाके में स्थित थर्मल पावर प्लांट के निर्माणाधीन हिस्से में काम कर रहे मजदूरों पर 30 फीट ऊंचाई से विशाल स्टील आर्च गिर पड़ा। इस दर्दनाक हादसे में नौ मजदूरों की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि कई अन्य घायल हो गए। मरने वाले सभी मजदूर उत्तर भारत से आए प्रवासी बताए जा रहे हैं। घायलों को तत्काल उत्तर चेन्नई के स्टेनली मेडिकल कॉलेज और अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां एक मजदूर की हालत गंभीर बनी हुई है।

Contents
हादसा कैसे हुआअधिकारियों का बयानअस्पताल में अफरा-तफरीप्रवासी मजदूरों का दर्दमौके पर शोक और गुस्साबचाव और जांच जारीऔद्योगिक हादसों का पैटर्नसरकार और कंपनियों पर दबावमाहौल में मातम

हादसा कैसे हुआ

प्रत्यक्षदर्शियों और प्रारंभिक रिपोर्टों के मुताबिक, मंगलवार सुबह मजदूर थर्मल पावर प्लांट के निर्माण कार्य में जुटे हुए थे। इसी दौरान अचानक ऊंचाई से भारी स्टील आर्च का ढांचा भरभराकर गिर गया। हादसा इतना अचानक हुआ कि मजदूरों को संभलने का मौका तक नहीं मिला और वे मलबे में दब गए।

स्थानीय पुलिस और दमकल विभाग की टीमों ने तत्काल मौके पर पहुंचकर राहत और बचाव अभियान शुरू किया। मलबे में फंसे मजदूरों को निकालने में घंटों का समय लगा। अफरा-तफरी के बीच मजदूरों को स्ट्रेचर और एंबुलेंस की मदद से अस्पताल ले जाया गया।


अधिकारियों का बयान

तमिलनाडु विद्युत बोर्ड (TNEB) और तमिलनाडु उत्पादन एवं वितरण निगम (TANGEDCO) के चेयरमैन और सचिव डॉ. जे. राधाकृष्णन ने हादसे की पुष्टि करते हुए कहा –
“एन्नोर थर्मल पावर निर्माण स्थल पर एक दुर्भाग्यपूर्ण घटना हुई है। एक स्टील आर्च गिरने से नौ मजदूरों की मौत हो गई, जबकि एक मजदूर घायल है। मृतक मजदूर असम और आसपास के इलाकों से थे। भेल (भारत हेवी इलेक्ट्रिकल्स लिमिटेड) के अधिकारी भी घटनास्थल पर मौजूद हैं और जांच में सहयोग कर रहे हैं।”

अवादी पुलिस आयुक्तालय ने बताया कि दुर्घटना के सही कारणों का अभी पता नहीं चला है। फॉरेंसिक टीम और इंजीनियरिंग विशेषज्ञों को भी जांच में लगाया गया है ताकि यह स्पष्ट हो सके कि हादसा डिजाइन की खामी, मानवीय गलती या लापरवाही के चलते हुआ।


अस्पताल में अफरा-तफरी

घटना में घायल मजदूरों को नॉर्थ चेन्नई के स्टेनली मेडिकल कॉलेज ले जाया गया। डॉक्टरों के मुताबिक, घायलों में कई की हालत गंभीर है और उनमें से एक मजदूर को गहन चिकित्सा इकाई (ICU) में रखा गया है। अस्पताल प्रशासन ने मृतकों के शवों को पोस्टमार्टम के लिए सुरक्षित रख दिया है और मृतक मजदूरों के परिजनों को सूचना देने की प्रक्रिया शुरू कर दी है।


प्रवासी मजदूरों का दर्द

इस हादसे में जान गंवाने वाले सभी मजदूर उत्तर भारत से थे। शुरुआती जानकारी के अनुसार, इनमें से ज्यादातर असम और बिहार से आए थे और रोज़गार के लिए चेन्नई में काम कर रहे थे। स्थानीय मजदूर संगठनों का कहना है कि प्रवासी मजदूर अक्सर निर्माण और औद्योगिक स्थलों पर काम करते हैं, लेकिन सुरक्षा मानकों का पालन न होने से वे सबसे अधिक जोखिम झेलते हैं।


मौके पर शोक और गुस्सा

हादसे की खबर मिलते ही स्थानीय लोग और मजदूरों के साथी घटनास्थल पर जमा हो गए। कई लोगों ने सुरक्षा इंतज़ामों पर सवाल उठाए। मजदूर यूनियनों ने आरोप लगाया कि कंपनियां अक्सर काम में तेजी लाने के लिए सुरक्षा नियमों की अनदेखी करती हैं, और इसका खामियाजा मजदूरों को जान गंवाकर चुकाना पड़ता है।


बचाव और जांच जारी

दमकल विभाग ने घटनास्थल को चारों ओर से घेर लिया है। भारी क्रेन और उपकरणों की मदद से मलबा हटाया जा रहा है ताकि यह सुनिश्चित किया जा सके कि कोई और मजदूर मलबे में दबा न रह गया हो। पुलिस ने सीआरपीसी की धारा 174 (आकस्मिक मृत्यु की जांच) के तहत मामला दर्ज कर लिया है।


औद्योगिक हादसों का पैटर्न

यह पहली बार नहीं है जब चेन्नई या तमिलनाडु के औद्योगिक क्षेत्रों में ऐसी बड़ी दुर्घटना हुई हो। बीते कुछ वर्षों में निर्माण स्थलों पर सुरक्षा नियमों के उल्लंघन के कारण कई हादसे सामने आए हैं। मजदूर संगठनों और मानवाधिकार कार्यकर्ताओं का कहना है कि सेफ्टी ऑडिट और नियमित निगरानी के अभाव में ऐसी घटनाएं लगातार हो रही हैं।


सरकार और कंपनियों पर दबाव

हादसे के बाद राज्य सरकार और TANGEDCO पर दबाव बढ़ गया है। विपक्षी दलों ने मांग की है कि मृतकों के परिजनों को उचित मुआवजा दिया जाए और दोषी अधिकारियों व ठेकेदारों पर कड़ी कार्रवाई की जाए। वहीं, सामाजिक संगठनों ने भी प्रवासी मजदूरों की सुरक्षा को लेकर गंभीर चिंता जताई है।


माहौल में मातम

एन्नोर इलाके में इस हादसे के बाद मातम पसर गया है। मृतकों के परिवारों को सूचना भेज दी गई है और जल्द ही उनके शव उत्तर भारत भेजने की तैयारी की जा रही है। मजदूरों के साथ काम करने वाले साथी बेहद दुखी हैं और कई ने मीडिया से बातचीत में कहा कि “हम रोज़गार के लिए दूर-दराज़ राज्यों से यहां आते हैं, लेकिन हमारी सुरक्षा भगवान भरोसे छोड़ दी जाती है।”

चेन्नई का यह हादसा एक बार फिर प्रवासी मजदूरों की कार्य परिस्थितियों और औद्योगिक स्थलों पर सुरक्षा मानकों पर सवाल खड़ा करता है। नौ परिवारों ने अपने जवान बेटे, पिता और भाइयों को खो दिया, जबकि कई मजदूर अब अस्पताल में जिंदगी और मौत के बीच संघर्ष कर रहे हैं। जांच रिपोर्ट आने तक हादसे के कारणों पर सटीक निष्कर्ष नहीं निकाला जा सकता, लेकिन इतना तय है कि इस त्रासदी ने देशभर का ध्यान निर्माण स्थलों की सुरक्षा व्यवस्थाओं की ओर खींचा है।

You Might Also Like

गज़ब न्यूज़: ये मॉडल लोगों को अपने पैर दिखाकर, हर महीने छापती है लाखों रूपये
उत्तराखंड आपदा राहत: सैंजी व बुरांसी गांव के प्रभावितों को मिली आर्थिक सहायता
ग्रेटर नोएडा में महंगी हुई जमीन: अथॉरिटी ने अलॉटमेंट रेट 3.58% बढ़ाए, फ्लैट मालिकों को मिली बड़ी राहत
उत्तराखण्ड : सीजीएम कोर्ट ने भाजपा के पूर्व विधायक कुंवर चैंपियन को 14 दिन की न्यायिक हिरासत में हरिद्वार जेल भेज दिया
Uttarakhand: उच्च शिक्षा एवं शहरी विकास विभाग के 153 अभ्यर्थियों को मुख्यमंत्री ने प्रदान किए नियुक्ति पत्र
Share This Article
Facebook Email Print
Leave a Comment

Leave a Reply Cancel reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Follow US

Find US on Social Medias
FacebookLike
XFollow
YoutubeSubscribe
TelegramFollow
Popular News
उत्तराखंडफीचर्ड

निजी स्कूलों की मनमानी फीस वसूली पर नैनीताल जिला प्रशासन का बड़ा प्रहार; डीएम का सख्त आदेश- अतिरिक्त शुल्क लौटाएं या एडजस्ट करें, उल्लंघन पर 5 लाख तक जुर्माना

The Hill India News
The Hill India News
June 27, 2026
अंगदान मानव सेवा का सर्वोच्च व पुनीत कार्य, जनभागीदारी से इसे राष्ट्रव्यापी जनआंदोलन बनाना आवश्यक: केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री जे.पी. नड्डा
फीफा वर्ल्ड कप 2026: डेम्बेले की खौफनाक हैट्रिक से फ्रांस ने नॉर्वे को उड़ाया, सेनेगल ने इराक को 5-0 से रौंदकर जिंदा रखीं उम्मीदें
अलीगढ़ में AIMIM नेता का खौफनाक एलान, BJP नेता नाजिया इलाही की जुबान काटने वाले को 1 लाख का इनाम
रुड़की में मामा की बेटी से लव मैरिज की खौफनाक सजा, सगे मामा ने बीच बाजार भांजे को चाकुओं से गोदकर मार डाला
मध्य भारत को पार कर यूपी-उत्तराखंड की ओर बढ़ा मानसून, मुंबई में भारी आफत का ‘ऑरेंज अलर्ट’, दिल्ली-NCR में भी बदलेगा मौसम
वेनेजुएला में कुछ ही मिनटों में आए दो शक्तिशाली भूकंप, राजधानी काराकास में इमारतें जमींदोज, सुनामी का हाई अलर्ट
हरिद्वार में बड़ा हादसा टला: BHEL क्षेत्र में नर्सिंग छात्राओं से भरी कॉलेज बस का CNG सिलेंडर लीक, मची अफरा-तफरी
डिजिटल गवर्नेंस की ओर देहरादून के बढ़ते कदम: सरकारी दफ्तरों को पूरी तरह ‘पेपरलेस’ बनाने की तैयारी, अफसरों को मिला ई-ऑफिस का व्यावहारिक पाठ
उत्तराखंड में हाई अलर्ट: चारधाम समेत धार्मिक स्थलों को बम से उड़ाने की धमकी, अभेद्य किले में तब्दील हुए केदारनाथ-बदरीनाथ; सुरक्षा एजेंसियां मुस्तैद
© The Hill India. All Rights Reserved | Developed By: Tech Yard Labs
Welcome Back!

Sign in to your account

Username or Email Address
Password

Lost your password?