By using this site, you agree to the Privacy Policy and Terms of Use.
Accept
The Hill IndiaThe Hill IndiaThe Hill India
Notification Show More
Font ResizerAa
  • होम
  • फीचर्ड
  • उत्तराखंड
  • देश
  • विदेश
  • राजनीति
  • पर्यावरण
  • क्राइम
  • पर्यटन
  • शिक्षा
  • स्वास्थय
  • सामाजिक
  • स्पोर्ट्स
  • वीडियो
  • Contact Us
Reading: चारधाम यात्रा 2026: देवभूमि की सुरक्षित डगर के लिए ‘ग्रीन कार्ड’ अनिवार्य; परिवहन मंत्री ने ऋषिकेश से किया शुभारंभ
Share
Font ResizerAa
The Hill IndiaThe Hill India
  • होम
  • फीचर्ड
  • उत्तराखंड
  • देश
  • विदेश
  • राजनीति
  • पर्यावरण
  • क्राइम
  • पर्यटन
  • शिक्षा
  • स्वास्थय
  • सामाजिक
  • स्पोर्ट्स
  • वीडियो
  • Contact Us
Search
  • होम
  • फीचर्ड
  • उत्तराखंड
  • देश
  • विदेश
  • राजनीति
  • पर्यावरण
  • क्राइम
  • पर्यटन
  • शिक्षा
  • स्वास्थय
  • सामाजिक
  • स्पोर्ट्स
  • वीडियो
  • Contact Us
Have an existing account? Sign In
Follow US
The Hill India > Blog > उत्तराखंड > चारधाम यात्रा 2026: देवभूमि की सुरक्षित डगर के लिए ‘ग्रीन कार्ड’ अनिवार्य; परिवहन मंत्री ने ऋषिकेश से किया शुभारंभ
उत्तराखंडफीचर्ड

चारधाम यात्रा 2026: देवभूमि की सुरक्षित डगर के लिए ‘ग्रीन कार्ड’ अनिवार्य; परिवहन मंत्री ने ऋषिकेश से किया शुभारंभ

The Hill India News
Last updated: March 30, 2026 2:01 pm
The Hill India News
Published: March 30, 2026
Share
SHARE

देहरादून/ऋषिकेश: उत्तराखंड की विश्वप्रसिद्ध चारधाम यात्रा का बिगुल बज चुका है। आगामी 19 अप्रैल को गंगोत्री और यमुनोत्री धाम के कपाट खुलने के साथ ही इस पावन यात्रा का औपचारिक आगाह हो जाएगा। इस हिमालयी यात्रा को सुगम, सुरक्षित और व्यवस्थित बनाने के लिए प्रदेश सरकार और परिवहन विभाग ने कमर कस ली है। इसी कड़ी में सोमवार, 30 मार्च से व्यावसायिक वाहनों के लिए अनिवार्य चारधाम यात्रा ग्रीन कार्ड बनाने की प्रक्रिया विधिवत रूप से शुरू कर दी गई है।

Contents
सुरक्षित यात्रा का ‘सुरक्षा कवच’ है ग्रीन कार्डऑनलाइन और ऑफलाइन पंजीकरण की सुविधाफिटनेस के कड़े मानक: इन बातों का रखना होगा ध्यानअनिवार्य दस्तावेज: जो आपको साथ रखने होंगेपारदर्शिता और सुरक्षा की ओर एक बड़ा कदम

ऋषिकेश स्थित उपसंभागीय परिवहन कार्यालय (ARTO) में आयोजित एक भव्य कार्यक्रम के दौरान प्रदेश के परिवहन मंत्री प्रदीप बत्रा ने ग्रीन कार्ड काउंटर और वाहन निरीक्षण केंद्र का रिबन काटकर उद्घाटन किया। इस मौके पर यात्रा के लिए तैयार पहली 40 बसों, टैक्सी और मैक्सी वाहनों को टोकन के रूप में ग्रीन कार्ड जारी किए गए।

सुरक्षित यात्रा का ‘सुरक्षा कवच’ है ग्रीन कार्ड

चारधाम यात्रा के दौरान लाखों की संख्या में श्रद्धालु निजी और व्यावसायिक वाहनों से पर्वतीय मार्गों पर सफर करते हैं। उत्तराखंड के ऊबड़-खाबड़ और संकरे पहाड़ी रास्तों पर वाहन चलाना चुनौतीपूर्ण होता है। परिवहन विभाग की यह ‘ग्रीन कार्ड’ व्यवस्था सुनिश्चित करती है कि केवल वही वाहन पहाड़ों पर चढ़ें जो तकनीकी रूप से पूरी तरह फिट हों।

मंत्री प्रदीप बत्रा ने इस अवसर पर कहा, “ग्रीन कार्ड केवल एक दस्तावेज नहीं, बल्कि यात्रियों की सुरक्षा की गारंटी है। यह कार्ड प्रमाणित करता है कि वाहन के सभी कागज वैध हैं और उसकी यांत्रिक स्थिति पहाड़ों के कठिन सफर के लिए उपयुक्त है।”

ऑनलाइन और ऑफलाइन पंजीकरण की सुविधा

वाहन स्वामियों की सुविधा के लिए विभाग ने डिजिटल और भौतिक दोनों माध्यमों से आवेदन की व्यवस्था की है।

1. ऑनलाइन आवेदन प्रक्रिया: वाहन स्वामी अब घर बैठे परिवहन विभाग की आधिकारिक वेबसाइट www.greencard.uk.gov.in पर जाकर आवेदन कर सकते हैं। यहाँ उन्हें वाहन से संबंधित आवश्यक दस्तावेज अपलोड करने होंगे। ऑनलाइन आवेदन के बाद, उन्हें नजदीकी परिवहन कार्यालय में जाकर वाहन का भौतिक निरीक्षण (Technical Inspection) करवाना होगा, जिसके बाद अंतिम ग्रीन कार्ड जारी कर दिया जाएगा।

2. मुख्य पंजीकरण केंद्र: विभाग ने तीन मुख्य नोडल केंद्र बनाए हैं:

  • ऋषिकेश कार्यालय

  • हरिद्वार कार्यालय

  • नारसन बॉर्डर

इसके अतिरिक्त, देहरादून संभाग के अंतर्गत रुड़की, आशारोड़ी, विकासनगर, टिहरी और उत्तरकाशी कार्यालयों में भी पंजीकरण की सुविधा उपलब्ध कराई गई है। प्रदेश के अन्य सभी आरटीओ (RTO) और एआरटीओ (ARTO) कार्यालयों को भी इस प्रक्रिया से जोड़ा गया है।

फिटनेस के कड़े मानक: इन बातों का रखना होगा ध्यान

ग्रीन कार्ड प्राप्त करने के लिए वाहनों को एक कड़े ‘फिटनेस टेस्ट’ से गुजरना होगा। परिवहन विभाग के निरीक्षकों द्वारा निम्नलिखित बिंदुओं की गहन जांच की जाएगी:

  • टायर और इंजन: टायर कटे-फटे या घिसे हुए नहीं होने चाहिए। ब्रेक और इंजन की यांत्रिक स्थिति दुरुस्त होनी चाहिए।

  • सुरक्षा उपकरण: प्रत्येक वाहन में प्राथमिक चिकित्सा किट (First Aid Box) और अग्निशमन यंत्र (Fire Extinguisher) का होना अनिवार्य है।

  • स्वच्छता और सुविधा: यात्रियों की सुविधा के लिए कूड़ेदान (Dustbin) और वोमिटिंग बैग की व्यवस्था भी देखी जाएगी। इसके अलावा, ढलान पर वाहन रोकने के लिए लकड़ी या लोहे के गुटके (Chocks) रखना भी जरूरी है।

अनिवार्य दस्तावेज: जो आपको साथ रखने होंगे

पंजीकरण के दौरान और यात्रा मार्ग पर जांच के समय वाहन चालकों को निम्नलिखित वैध दस्तावेज प्रस्तुत करने होंगे:

  1. वैध फिटनेस सर्टिफिकेट (Fitness Certificate)

  2. अप-टू-डेट बीमा (Insurance Policy)

  3. वैध परमिट और प्रदूषण प्रमाण पत्र (PUC)

  4. चालक का हिल ड्राइविंग लाइसेंस और अनुभव प्रमाण पत्र

पारदर्शिता और सुरक्षा की ओर एक बड़ा कदम

परिवहन विभाग की यह पहल चारधाम यात्रा को न केवल सुव्यवस्थित करेगी, बल्कि सड़क दुर्घटनाओं पर अंकुश लगाने में भी मददगार साबित होगी। ऑनलाइन प्रक्रिया के माध्यम से भ्रष्टाचार पर लगाम लगेगी और डेटा पूरी तरह पारदर्शी रहेगा। अधिकारियों का कहना है कि बिना वैध चारधाम यात्रा ग्रीन कार्ड के किसी भी व्यावसायिक वाहन को ऋषिकेश से आगे जाने की अनुमति नहीं दी जाएगी।

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के विजन ‘सुरक्षित चारधाम’ को धरातल पर उतारने के लिए प्रशासन पूरी तरह मुस्तैद है। यात्रा शुरू होने से पहले ही हजारों की संख्या में ग्रीन कार्ड जारी होने की उम्मीद है, ताकि श्रद्धालुओं को बॉर्डर पर लंबा इंतजार न करना पड़े।


यदि आप एक ट्रेवल ऑपरेटर हैं या अपनी टैक्सी चारधाम यात्रा पर भेजना चाहते हैं, तो समय रहते चारधाम यात्रा ग्रीन कार्ड के लिए आवेदन कर लें। यह न केवल कानूनी अनिवार्यता है, बल्कि देवभूमि आने वाले यात्रियों की सुरक्षा के प्रति आपकी जिम्मेदारी भी है।

You Might Also Like

Uttarakhand: रुद्रप्रयाग को धामी सरकार की सौगात, ऊखीमठ बनेगा सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र और मक्कूमठ में प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र
North India Weather Update: कोहरे की चादर और हाड़ कंपाने वाली ठंड, दिल्ली से राजस्थान तक ‘कोल्ड डे’ का अलर्ट; जानें अगले 4 दिनों का हाल
ब्रेकिंग:उत्तराखंड के समग्र विकास के लिए गम्भीरता से प्रयास किये जायें: मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी
Uttrakhand : यहां स्कूल से ही गायब हो गए प्रधानाध्यापक, हो गई ये कार्वाही
इमरजेंसी पर लालू यादव का बड़ा बयान, ‘इंदिरा ने हमें जेल भी डाला, पर कभी ‘देशद्रोही’ नहीं कहा’
TAGGED:Commercial Vehicle FitnessGreen Card Online ApplySafe Chardham YatraTransport Department UttarakhandUttarakhand Chardham Yatra 2026
Share This Article
Facebook Email Print
Leave a Comment

Leave a Reply Cancel reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Follow US

Find US on Social Medias
FacebookLike
XFollow
YoutubeSubscribe
TelegramFollow
Popular News
उत्तराखंडफीचर्ड

निजी स्कूलों की मनमानी फीस वसूली पर नैनीताल जिला प्रशासन का बड़ा प्रहार; डीएम का सख्त आदेश- अतिरिक्त शुल्क लौटाएं या एडजस्ट करें, उल्लंघन पर 5 लाख तक जुर्माना

The Hill India News
The Hill India News
June 27, 2026
अंगदान मानव सेवा का सर्वोच्च व पुनीत कार्य, जनभागीदारी से इसे राष्ट्रव्यापी जनआंदोलन बनाना आवश्यक: केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री जे.पी. नड्डा
फीफा वर्ल्ड कप 2026: डेम्बेले की खौफनाक हैट्रिक से फ्रांस ने नॉर्वे को उड़ाया, सेनेगल ने इराक को 5-0 से रौंदकर जिंदा रखीं उम्मीदें
अलीगढ़ में AIMIM नेता का खौफनाक एलान, BJP नेता नाजिया इलाही की जुबान काटने वाले को 1 लाख का इनाम
रुड़की में मामा की बेटी से लव मैरिज की खौफनाक सजा, सगे मामा ने बीच बाजार भांजे को चाकुओं से गोदकर मार डाला
मध्य भारत को पार कर यूपी-उत्तराखंड की ओर बढ़ा मानसून, मुंबई में भारी आफत का ‘ऑरेंज अलर्ट’, दिल्ली-NCR में भी बदलेगा मौसम
वेनेजुएला में कुछ ही मिनटों में आए दो शक्तिशाली भूकंप, राजधानी काराकास में इमारतें जमींदोज, सुनामी का हाई अलर्ट
हरिद्वार में बड़ा हादसा टला: BHEL क्षेत्र में नर्सिंग छात्राओं से भरी कॉलेज बस का CNG सिलेंडर लीक, मची अफरा-तफरी
डिजिटल गवर्नेंस की ओर देहरादून के बढ़ते कदम: सरकारी दफ्तरों को पूरी तरह ‘पेपरलेस’ बनाने की तैयारी, अफसरों को मिला ई-ऑफिस का व्यावहारिक पाठ
उत्तराखंड में हाई अलर्ट: चारधाम समेत धार्मिक स्थलों को बम से उड़ाने की धमकी, अभेद्य किले में तब्दील हुए केदारनाथ-बदरीनाथ; सुरक्षा एजेंसियां मुस्तैद
© The Hill India. All Rights Reserved | Developed By: Tech Yard Labs
Welcome Back!

Sign in to your account

Username or Email Address
Password

Lost your password?