
उत्तराखंड के हरिद्वार जिले के लक्सर क्षेत्र में डॉक्टर पर हुई फायरिंग की सनसनीखेज घटना का पुलिस ने खुलासा कर दिया है। इस मामले में पुलिस ने एक आरोपी को गिरफ्तार किया है, जबकि पूरी साजिश रचने वाला कथित “सत्संगी बाबा” अभी भी फरार बताया जा रहा है। पुलिस जांच में जो बातें सामने आई हैं, उन्होंने हर किसी को हैरान कर दिया है। पुलिस के मुताबिक बाबा ने अपने चेले को डॉक्टर को “रास्ते से हटाने” का आदेश दिया था, जिसके बाद डॉक्टर पर दो बार जानलेवा हमला किया गया।
मामला लक्सर कोतवाली क्षेत्र का है, जहां दाबकी कलां निवासी डॉ. सुमित कुमार पर बीते 15 दिनों के भीतर दो बार फायरिंग की गई। पहली घटना 14 अप्रैल को हुई थी, जबकि दूसरी वारदात 27 अप्रैल को अंजाम दी गई। हालांकि दोनों बार डॉक्टर बाल-बाल बच गए। पुलिस ने इस मामले को गंभीरता से लेते हुए जांच शुरू की और आखिरकार आरोपी तक पहुंचने में सफलता हासिल की।
हरिद्वार एसपी देहात शेखर चंद्र सुयाल ने बताया कि 27 अप्रैल को डॉ. सुमित कुमार अपने साले और कुछ साथियों के साथ बहादराबाद स्थित हंस फाउंडेशन अस्पताल से लौट रहे थे। इसी दौरान लक्सर क्षेत्र में बाइक सवार बदमाशों ने उनकी कार पर ताबड़तोड़ गोलियां चला दीं। अचानक हुई फायरिंग से इलाके में अफरा-तफरी मच गई। हमलावर वारदात को अंजाम देकर मौके से फरार हो गए।
पुलिस के मुताबिक यह पहला हमला नहीं था। इससे पहले 14 अप्रैल को भी डॉ. सुमित कुमार की कार पर गोली चलाई गई थी। उस समय कार और टायर के अंदर से बुलेट बरामद हुई थी। लगातार दो हमलों के बाद पुलिस को यह साफ हो गया कि डॉक्टर को निशाना बनाकर योजनाबद्ध तरीके से हमला किया जा रहा है।
घटना के बाद पुलिस ने इलाके में लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगालनी शुरू की। इसके साथ ही मुखबिर तंत्र को भी सक्रिय किया गया। जांच के दौरान पुलिस को कुछ अहम सुराग मिले, जिनके आधार पर शुभम सैनी नाम के युवक तक पहुंचा गया। पुलिस ने उसे हिरासत में लेकर पूछताछ की, जिसमें कई चौंकाने वाले खुलासे हुए।
पूछताछ में आरोपी शुभम सैनी ने बताया कि वह और उसका परिवार पिछले करीब तीन साल से एक बाबा के सत्संग में जाते थे। धीरे-धीरे बाबा से उसकी नजदीकियां बढ़ गईं। पुलिस के अनुसार इसी दौरान बाबा ने डॉक्टर सुमित कुमार को “रास्ते से हटाने” की बात कही थी। बाबा के कहने पर ही शुभम ने पहली बार 14 अप्रैल को डॉक्टर की कार पर फायरिंग की थी, लेकिन वह अपने इरादों में सफल नहीं हो पाया।
पुलिस ने बताया कि पहली कोशिश नाकाम होने के बाद बाबा ने शुभम पर दोबारा हमला करने का दबाव बनाया। इसके बाद 27 अप्रैल को शुभम ने फिर से डॉक्टर का पीछा किया। बाडीटीप क्षेत्र के पास उसने डॉक्टर की कार पर चार राउंड फायरिंग की। हालांकि इस बार भी डॉक्टर की जान बच गई और पुलिस ने जांच तेज करते हुए आरोपी को गिरफ्तार कर लिया।
गिरफ्तार आरोपी शुभम सैनी की उम्र 22 साल बताई जा रही है। पुलिस ने उसके कब्जे से वारदात में इस्तेमाल की गई बाइक और 315 बोर का अवैध तमंचा बरामद किया है। पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि आखिर बाबा और डॉक्टर के बीच ऐसा क्या विवाद था, जिसके चलते डॉक्टर की हत्या की साजिश रची गई।
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि मामले का मुख्य साजिशकर्ता अभी फरार है। उसकी तलाश के लिए कई टीमें गठित की गई हैं और संभावित ठिकानों पर लगातार दबिश दी जा रही है। पुलिस को उम्मीद है कि जल्द ही बाबा को भी गिरफ्तार कर लिया जाएगा।
इस घटना ने पूरे इलाके में सनसनी फैला दी है। लोग यह जानकर हैरान हैं कि धार्मिक सत्संग की आड़ में इतनी बड़ी साजिश रची गई। वहीं डॉक्टर पर लगातार दो बार हुए हमलों ने सुरक्षा व्यवस्था पर भी सवाल खड़े कर दिए हैं। फिलहाल पुलिस मामले की हर एंगल से जांच कर रही है और यह पता लगाने की कोशिश की जा रही है कि इस साजिश में और कौन-कौन लोग शामिल थे।



