
देहरादून: उत्तराखंड पुलिस महकमे में एक बार फिर बड़े स्तर पर प्रशासनिक फेरबदल किया गया है, जिससे विभाग में नई कार्यशैली और सख्ती की उम्मीद जताई जा रही है। पुलिस मुख्यालय द्वारा जारी आदेश के अनुसार कुल 15 डिप्टी सुपरिटेंडेंट ऑफ पुलिस (DSP) और सर्किल ऑफिसर (CO) स्तर के अधिकारियों का ट्रांसफर किया गया है। इनमें 10 ऐसे अधिकारी शामिल हैं जिन्हें हाल ही में इंस्पेक्टर से प्रमोट कर DSP बनाया गया था और अब उन्हें नई जिम्मेदारियां सौंपी गई हैं, जबकि 5 CO स्तर के अधिकारियों का भी तबादला किया गया है।
इस बड़े फेरबदल को पुलिस विभाग में कार्यक्षमता बढ़ाने, कानून-व्यवस्था को और मजबूत करने और प्रशासनिक संतुलन बनाए रखने की दिशा में एक अहम कदम माना जा रहा है। खास बात यह है कि पिछले महीने ही उत्तराखंड पुलिस में इंस्पेक्टर स्तर के कई अधिकारियों को DSP पद पर प्रमोट किया गया था और अब उन्हें अलग-अलग जिलों में नई तैनाती दी गई है।
प्रमोशन के बाद इन DSP को मिली नई जिम्मेदारी
हाल ही में पदोन्नत किए गए अधिकारियों में डीएसपी चंद्र मोहन को हरिद्वार से टिहरी गढ़वाल भेजा गया है। डीएसपी भावना कैंथोला को उत्तरकाशी से अल्मोड़ा ट्रांसफर किया गया है। डीएसपी होशियार सिंह को पौड़ी गढ़वाल से पीटीसी नरेंद्र नगर में तैनाती दी गई है। इसी तरह डीएसपी चंचल शर्मा को सतर्कता सेल हाईकोर्ट नैनीताल से हटाकर उत्तरकाशी भेजा गया है।
इसके अलावा डीएसपी अंजना नेगी को उत्तराखंड मानव अधिकार आयोग देहरादून से ट्रांसफर करके नैनीताल भेजा गया है। डीएसपी उमेश मलिक को नैनीताल से पिथौरागढ़, डीएसपी संतोष कुमार को हल्द्वानी क्षेत्रीय विभाग से अधिसूचना मुख्यालय, डीएसपी वेद प्रकाश को नैनीताल से रुद्रप्रयाग और डीएसपी संजय कुमार उप्रेती को देहरादून से एसडीआरएफ में नई जिम्मेदारी दी गई है। वहीं डीएसपी देवेंद्र सिंह को पौड़ी गढ़वाल से चंपावत भेजा गया है।
CO स्तर पर भी हुआ बदलाव
पुलिस मुख्यालय ने CO स्तर के अधिकारियों में भी बदलाव करते हुए कई अहम तबादले किए हैं। सीओ अनुज को देहरादून से जीआरपी हरिद्वार भेजा गया है। सीओ अनुज कुमार को पौड़ी गढ़वाल से देहरादून ट्रांसफर किया गया है। सीओ रीना राठौर को देहरादून से आईआरबी द्वितीय देहरादून भेजा गया है। इसके अलावा सीओ विमल प्रसाद को अल्मोड़ा से चंपावत और सीओ नितिन लोहानी को सीआईडी सेक्टर हल्द्वानी से देहरादून ट्रांसफर किया गया है।
लगातार हो रहे फेरबदल से क्या संकेत?
पुलिस विभाग में लगातार हो रहे इन तबादलों को प्रशासनिक रणनीति का हिस्सा माना जा रहा है। अधिकारियों का मानना है कि इस तरह के फेरबदल से न केवल कामकाज में पारदर्शिता आती है, बल्कि नई जगह पर तैनात अधिकारी बेहतर प्रदर्शन करने के लिए प्रेरित होते हैं। साथ ही, यह व्यवस्था किसी एक स्थान पर लंबे समय से जमे अधिकारियों के प्रभाव को भी कम करती है।
देहरादून में पहले भी हुआ बड़ा ट्रांसफर
गौरतलब है कि इससे पहले देहरादून में भी बड़े पैमाने पर पुलिस अधिकारियों और कर्मचारियों के तबादले किए गए थे। हाल ही में देहरादून के एसएसपी द्वारा 30 पुलिसकर्मियों के ट्रांसफर किए गए थे, जिसे जिले के भीतर अब तक का सबसे बड़ा फेरबदल माना गया। ऐसे में लगातार हो रहे इन बदलावों से यह साफ है कि राज्य पुलिस विभाग अपनी कार्यप्रणाली को अधिक सक्रिय और प्रभावी बनाने के लिए लगातार कदम उठा रहा है।
कानून-व्यवस्था पर पड़ेगा असर
विशेषज्ञों का मानना है कि इस तरह के बड़े स्तर के ट्रांसफर का सीधा असर राज्य की कानून-व्यवस्था पर पड़ता है। नई तैनाती पाने वाले अधिकारी अपने-अपने क्षेत्रों में नई रणनीति और दृष्टिकोण के साथ काम करते हैं, जिससे अपराध नियंत्रण और जनता के साथ संवाद बेहतर हो सकता है।



